FASTag की बड़ी सफलता! 1 साल में 2 करोड़ से ज्‍यादा व्‍हीकल्‍स में लगा स्‍टीकर, दर्ज हुई 400 फीसदी ग्रोथ

एक साल में 2 करोड़ वाहनों पर फास्‍टैग लगाया जा चुका है.
एक साल में 2 करोड़ वाहनों पर फास्‍टैग लगाया जा चुका है.

फास्टैग (FASTag) के कारण पिछले साल के मुकाबले इस साल हर दिन टोल टैक्‍स कलेक्शन (Toll Tax Collection) 22 करोड़ रुपये अधिक किया जा रहा है. अभी देशभर में टोल प्लाजा (Toll Plaza) से हर दिन 92 करोड़ रुपये कलेक्शन किया जा रहा है, जबकि पिछले साल यह आंकड़ा 70 करोड़ रुपये था. इस समय कुल टैक्स कलेक्शन में फास्टैग की 75 फीसदी हिस्सेदारी है.

  • News18Hindi
  • Last Updated: November 11, 2020, 9:58 PM IST
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नई दिल्‍ली. टोल प्लाजा (Toll Plaza) पर वाहनों की लंबी-लंबी कतारों से निजात और डिजिटल पेमेंट (Digital Payment) को बढ़ावा देने के लिए केंद्र सरकार ने वाहनों में फास्टैग (FASTag) लगाना अनिवार्य किया है. सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्रालय (MoRTH) लगातार लोगों को इसके इस्‍तेमाल के लिए प्रोत्‍साहित भी कर रहा है. हालिया आंकड़ों के मुताबिक, अब तक दो करोड़ से ज्‍यादा लोगों ने अपने व्‍हीकल्‍स में फास्टैग लगवा लिया है. ऐसे में फास्टैग रजिस्ट्रेशन के मामले में पिछले एक साल में 400 फीसदी का इजाफा दर्ज किया गया है. फास्टैग की सफलता इसी से आंकी जा सकती है कि पिछले साल के मुकाबले हर दिन टोल टैक्‍स कलेक्शन (Toll Tax Collection) 22 करोड़ रुपये अधिक किया जा रहा है.

फास्टैग लागने पर आपको मिलेंगे ये सभी फायदे
देशभर में टोल प्लाजा से हर दिन 92 करोड़ रुपये कलेक्शन किया जा रहा है, जबकि पिछले साल यह आंकड़ा 70 करोड़ रुपये था. इस समय कुल टैक्स कलेक्शन में फास्टैग की 75 फीसदी हिस्सेदारी है. वाहनों में फास्टैग लगाने से ना सिर्फ पैसे की बचत होती है बल्कि टोल प्‍लाजा पर समय भी कम लगता है. इससे टोल प्लाजा पर वाहनों की लंबी-लंबी कतारें नहीं लगती हैं, जिससे पर्यावरण को भी कम नुकसान होता है. फास्टैग में रेडियो फ्रिक्वेंसी आइडेंटिफिकेशन (RFID) तकनीक का इस्तेमाल किया जाता है. फास्टैग स्टिकर लगा वाहन जैसे ही टोल प्लाजा से गुजरता है, अकाउंट बैलेंस से टोल टैक्स ऑटोमेटिकली कट जाता है.

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कोरोना काल में उपयोगी साबित हुआ फास्‍टैग


कोरोना काल में सामाजिक दूरी के लिहाज से भी फास्टैग काफी उपयोगी है. इससे वाहन चालकों और टोल ऑपरेटरों के बीच किसी भी तरह के कॉन्टेक्ट की जरूरत नहीं पड़ती है. केंद्र सरकार ने 1 दिसंबर 2019 से फास्टैग अनिवार्य कर दिया है. अगर आपके व्‍हीकल पर फास्टैग नहीं लगा है, तो ड्राइवर को टोल टैक्स का दोगुना भुगतान करना होगा. राष्ट्रीय राजमार्ग टोल प्लाजा और 22 अलग-अलग बैंक से फास्टैग स्टिकर खरीदे जा सकते हैं. यह पेटीएम, अमेजन और फ्लिपकार्ट जैसे ई-कॉमर्स प्लेटफॉर्म पर भी उपलब्ध हैं. इसके अलावा Fino Payments Bank और Paytm Payments Bank भी फास्टैग जारी करते हैं.

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फास्टैग को ऐसे करें रिचार्ज
>> फास्टैग NHAI प्रीपेड वॉलेट से जुड़ा है, तो इसे चेक के जरिये या यूपीआई/डेबिट कार्ड/क्रेडिट कार्ड/NEFT/नेट बैंकिंग से रिचार्ज किया जा सकता है.
>> अगर बैंक खाते को फास्टैग से लिंक किया है तो पैसे सीधे खाते से काट लिए जाते हैं.
>> अगर Paytm वॉलेट को फास्टैग से लिंक किया है तो पैसे सीधे वॉलेट से कट जाएंगे.
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