80 दिन बाद पहली बार पूरे देश में बढ़ीं पेट्रोल-डीजल की कीमतें, फटाफट जानें नए रेट्स

80 दिन बाद पहली बार पूरे देश में बढ़ीं पेट्रोल-डीजल की कीमतें, फटाफट जानें नए रेट्स
दाम बढ़ने से लोगों को परेशानी हो सकती है. (Demo PIc)

ऑयल मार्केटिंग कंपनियों (OMC) ने 16 मार्च के बाद पेट्रोल और डीजल (Petrol-Diesel) की कीमतों में रोज बदलाव करना बंद कर दिया था. पिछले हफ्ते में कच्‍चे तेल (Crude Oil) की कीमतों में 20 फीसदी तेजी आने के कारण आज फ्यूल प्राइस में बदलाव किया गया.

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लॉकडाउन में ढील मिलने के बाद पेट्रोल-डीजल (Petrol-Diesel) की मांग में सुधार आ रहा है. वहीं, कच्‍चे तेल (Crude Oil) का भाव 40 डालर प्रति बैरल से ऊपर निकल गया है. लिहाजा, आज पेट्रोल और डीजल की खुदरा कीमतों (Retail Price) में 60-60 पैसे प्रति लीटर की बढ़ोतरी कर दी गई. बता दें कि लॉकडाउन (Lockdown) के दौरान पिछले करीब 80 दिन ऑयल मार्केटिंग कंपनियों (OMCs) ने पेट्रोल-डीजल के बेस प्राइस में कोई बदलाव नहीं किया था. पिछली बार ईंधन की कीमतों में 16 मार्च को बदलाव किया गया था.

पेट्रोल और डीजल की कीमतों में लॉकडाउन के दौरान आए उतार-चढ़ाव के लिए राज्‍य सरकारें जिम्‍मेदार हैं. दरअसल, राज्‍यों के अपना राजस्‍व बढ़ाने के लिए वैट या सेस में की बढ़ोतरी के कारण ही पेट्रोल-डीजल की कीमतों में उछाल दर्ज किया गया था. लॉकडाउन के दौरान नकदी संकट से जूझ रहीं ज्‍यादातर राज्‍य सरकारों ने ईंधन पर टैक्‍स लगाकर अपनी जरूरत पूरी की.

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केंद्र सरकार ने मई में पेट्रोल पर उत्‍पाद शुल्‍क में 10 रुपये और डीजल पर 13 रुपये प्रति लीटर की बढ़ोतरी की थी. इसके बाद भी दोनों ईंधन की खुदरा कीमतों में कोई बदलाव नहीं किया गया थाा. दरअसल, उत्‍पाद शुल्‍क में की गई बढ़ोतरी को कच्‍चे तेल की घटी हुई कीमतों के साथ समायोजित कर दिया गया था. देश में रोज पेट्रोल-डीजल के दामों में होने वाला बदलाव कच्‍चे तेल के भाव के आधार पर तय किया जाता है. क्‍योंकि हम अपनी जरूरत का 80 फीसदी क्रूड ऑयल आयात करते हैं.
अंतरराष्‍ट्रीय बाजार में क्रूड ऑयल तीन महीने के उच्‍चस्‍तर पर पहुंचकर 42 डॉलर प्रति बैरल हो गया है. अप्रैल में कच्‍चा तेल 30 डॉलर प्रति बैरल के नीचे चला गया था. हालांकि, अभी भी कच्‍चे तेल के भाव 2019 के आखिरी समय से कम हैं. अप्रैल में पेट्रोल-डीजल की मांग भी करीब आधी रह गई थी. दरअसल, लॉकडाउन के कारण बहुत सी फैक्ट्रियां और ऑफिस बंद कर दिए गए थे. वहीं, लोगों पर घर से नहीं निकलने की पाबंदी के कारण सड़कों पर वाहन भी नहीं थे.

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इंडियन ऑयल के मुताबिक, अप्रैल 2020 में पेट्रोलियम उत्‍पादों की मांग 46 फीसदी घट गई थी. अप्रैल 2019 के मुकाबले इस दौरान पेट्रोल की 61 फीसदी, डीजल की 56.7 फीसदी और एटीएफ की बिक्री 91.5 फीसदी कम हो गई थी. पिछले महीने सरकार की ओर से लॉकडाउन में दी गई छूट के कारण मई में अप्रैल के मुकाबले पेट्रोलियम उत्‍पादों की मांग में सुधार हुआ. हालांकि, फिर भी मई 2019 के मुकाबले पेट्रोल, डीजल और जेट फ्यूल की मांग 38.9 फीसदी कम रही. देश में 8 अप्रैल से मॉल और बाजारों के खुलने से ईंधन की मांग में इजाफा होगा.

गुरुग्राम में पेट्रोल डीजल की कीमतों राष्‍ट्रीय राजधानी से कम हैं. दिल्‍ली में आज पेट्रोल की कीमत 71.86 तो डीजल के भाव 69.99 रुपये प्रति ली हैं. वहीं, राजधानी से सटे गुरुग्राम में पेट्रोल 71.68 रुपये और डीजल 63.65 रुपये प्रति लीटर बिक रहा है. मुंबई में पेट्रोल 78.91 रुपये और डीजल 68.79 रुपये लीटर है. इसके अलावा चेन्‍नई में पेट्रोल 76.07 रुपये और डीजल 68.74 रुपये प्रति लीटर बेचा जा रहा है.

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