अप्रैल-जून 2020 में सरकारी बैंकों के साथ हुई 19 हजार करोड़ से ज्‍यादा की धोखाधड़ी, सबसे बड़ा शिकार बना SBI

चालू वित्‍त वर्ष की पहली तिमाही  में देश के 12 सरकारी बैंकों के साथ 19 हजार करोड़ रुपये से ज्‍यादा की धोखाधड़ी के मामले सामने आए हैं.
चालू वित्‍त वर्ष की पहली तिमाही में देश के 12 सरकारी बैंकों के साथ 19 हजार करोड़ रुपये से ज्‍यादा की धोखाधड़ी के मामले सामने आए हैं.

चालू वित्‍त वर्ष की पहली तिमाही में सार्वजनिक क्षेत्र के 12 बैंकों (PSBs) में से एसबीआई (SBI) में धोखाधड़ी के सबसे ज्‍यादा 2,050 मामले सामने आए हैं. धोखाधड़ी (Fraud) के इन मामलों से जुड़ी राशि 2,325.88 करोड़ रुपये है. मूल्य के हिसाब से सबसे ज्‍यादा नुकसान में रही बैंक ऑफ इंडिया (BOI) के साथ 5,124.87 करोड़ रुपये की धोखाधड़ी के 47 मामले हुए हैं.

  • News18Hindi
  • Last Updated: September 20, 2020, 9:57 PM IST
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नई दिल्‍ली. वित्‍त वर्ष 2020-21 की पहली तिमाही यानी अप्रैल-जून 2020 के दौरान देश के सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों (PSBs) के साथ हजारों करोड़ रुपये की धोखाधड़ी (Fraud) हुई. इनमें धोखाधड़ी के मामलों की संख्‍या के लिहाज से सबसे तगड़ी चपत देश के सबसे बड़े कर्जदाता स्‍टेट बैंक ऑफ इंडिया (SBI) को लगी. वहीं, रकम के लिहाजा से सबसे ज्‍यादा धोखाधड़ी बैंक ऑफ इंडिया (BOI) के साथ हुई. सूचना के अधिकार (RTI) के तहत रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया (RBI) से मिली जानकारी के मुताबिक, इस दौरान देश के सरकारी बैंकों के साथ 19,964 करोड़ रुपये की धोखाधड़ी के 2,867 मामले सामने आए हैं.

स्‍टेट बैंक के साथ धोखाधड़ी के 2,050 मामले आए हैं सामने
अप्रैल-जून 2020 में सार्वजनिक क्षेत्र के 12 बैंकों में से एसबीआई में धोखाधड़ी के सबसे ज्‍यादा 2,050 मामले सामने आए हैं. धोखाधड़ी के इन मामलों से जुड़ी राशि 2,325.88 करोड़ रुपये है. मूल्य के हिसाब से सबसे ज्‍यादा नुकसान में रही बैंक ऑफ इंडिया के साथ 5,124.87 करोड़ रुपये की धोखाधड़ी के 47 मामले हुए हैं. इनके अलावा केनरा बैंक (Canara Bank) में 3,885.26 करोड़ रुपये की धोखाधड़ी के 33, बैंक ऑफ बड़ौदा (BOB) में 2,842.94 करोड़ रुपये की धोखाधड़ी के 60 मामले सामने आए हैं.

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पंजाब नेशनल बैंक के साथ हुई 270 करोड़ रुपये की धोखाधड़ी


आरबीआई के मुताबिक, चालू वित्‍त वर्ष की पहली तिमाही के दौरान इंडियन बैंक (Indian Bank) में 1,469.79 करोड़ रुपये की धोखाधड़ी के 45 मामले, इंडियन ओवरसीज बैंक (IOB) में 1,207.65 करोड़ रुपये की धोखाधड़ी के 37 और बैंक ऑफ महाराष्ट्र में 1,140.37 करोड़ रुपये की धोखाधड़ी के 9 मामले सामने आए हैं. इस दौरान दूसरे सबसे बड़े सरकारी बैंक पंजाब नेशनल बैंक (PNB) में 270.65 करोड़ रुपये की धोखाधड़ी के मामले सामने आए हैं. हालांकि, बैंक के साथ धोखाधड़ी के मामलों की संख्या 240 रही.

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रिजर्व बैंक ने कहा, ये बैंकों की ओर से दिए शुरुआती आंकड़े हैं
यूको बैंक (UCO Bank) में 831.35 करोड़ रुपये की धोखाधड़ी के 130 मामले सामने आए हैं. वहीं, सेंट्रल बैंक ऑफ इंडिया (CBI) में 655.84 करोड़ रुपये की धोखाधड़ी के 149, पंजाब एंड सिंध बैंक (PSB) में 163.3 करोड़ रुपये की धोखाधड़ी के 18 और यूनियन बैंक ऑफ इंडिया (UBI) में 46.52 करोड़ रुपये की धोखाधड़ी के 49 मामलों का पता चला है. आरबीआई ने जवाब में कहा है कि ये बैंकों की ओर से दिए गए शुरुआती आंकड़े हैं. इनमें बदलाव हो सकता है. रिजर्व बैंक ने स्पष्ट किया कि धोखाधड़ी से जुड़ी राशि का मतलब बैंक को इतनी ही राशि के नुकसान से नहीं है.
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