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Gold ने 2020 में दिया 12 साल का सबसे खराब रिटर्न, जानें 14 साल में कब सबसे ज्‍यादा लुढ़का सोना

Gold ने 2020 में दिया 12 साल का सबसे खराब रिटर्न, जानें 14 साल में कब सबसे ज्‍यादा लुढ़का सोना

सॉवरेन गोल्ड बॉन्ड स्कीम ने 2020 में फिजिकल गोल्‍ड से ज्‍यादा मुनाफा दिया.

सॉवरेन गोल्ड बॉन्ड स्कीम ने 2020 में फिजिकल गोल्‍ड से ज्‍यादा मुनाफा दिया.

गोल्‍ड ने अब से पहले सबसे खराब रिटर्न (Gold Return) साल 2013 में दिया था. उस साल इसमें 14.08 फीसदी की गिरावट दर्ज की गई थी. वहीं, गोल्‍ड ने बीते 14 साल में सबसे खराब रिटर्न 16 जुलाई 2007 और 15 जुलाई 2008 के बीच दिया था.

    नई दिल्‍ली. कोरोना संकट के बीच गोल्‍ड की कीमतों (Gold Prices) में जारी उठापटक के कारण साल 2020 में निवेशकों को पिछले 12 साल का सबसे खराब रिटर्न (Investment and Return) हासिल हुआ है. इस दौरान सोने की कीमतों में 13 फीसदी की गिरावट दर्ज (Gold Prices Dropped) की गई. निप्‍पन इंडिया ईटीएफ गोल्‍ड बीईईएस (Nippon India ETF Gold BeEs) के लिए जुटाए गए वैल्‍यु रिसर्च के डाटा के मुताबिक, 2009 से किसी एक कैलेंडर वर्ष में सोने ने सबसे खराब रिटर्न 2013 में दिया था. तब गोल्‍ड के दाम में 14.08 फीसदी की गिरावट दर्ज की गई थी.

    पिछले 14 साल का सबसे खराब रिटर्न कब दिया
    वैल्‍यु रिसर्च के आंकड़ों के मुताबिक, पिछले 14 साल में हर साल के डाटा को देखें तो गोल्‍ड ने 16 जुलाई 2007 से लेकर 15 जुलाई 2008 के बीच सबसे खराब प्रदर्शन किया था. इस दौरान सोने के दाम में 19.80 फीसदी कमी आई थी. लेहमैन ब्रदर्स (Lehman Brothers) के डूबने के कारण इस दौरान सभी देश वैश्विक आर्थिक संकट (Global Financial Crisis) से घिर गई थी. वहीं, 2013 में उभरते हुए बाजारों की करेंसीस में फेडरल रिजर्व (Federal Reserve) की ओर से नकदी घटाने की आंशका के कारण सोने की कीमतों में जबरदस्‍त गिरावट दर्ज की गई थी. चांदी की कीमतों में साल 2020 और 2021 के शुरुआती महीनों के दौरान आई तेजी के बाद गिरावट का सिलसिला जारी है.

    ये भी पढ़ें – Gold Price: सोने की कीमत 1 दिन में गिरी 1000 रुपये, चांदी में भी हुई ताबड़तोड़ गिरावट, जानें आगे कैसा रहेगा रुख

    SGB ने दिया फिजिकल गोल्‍ड से ज्‍यादा मुनाफा
    आर्थिक सलाहकार इक्विटी के मुकाबले सोने की कीमतों में कम उठापटक के कारण कीमती पीली धातु में निवेश की सलाह देते हैं. देखा गया है कि जब शेयर बाजार में गिरावट होती है तो सोने के दाम चढ़ते हैं. वहीं, इक्विटी मार्केट में तेजी के दौरान सोने के दाम में गिरावट दर्ज की जाती है. साल 2020 के दौरान निफ्टी ने 44 फीसदी की लंबी छलांग लगाई है. सोने में किए गए लंबी अवधि के निवेश को महंगाई के खिलाफ कारगर माना जाता है. केंद्र सरकार सॉवरेन गोल्‍ड बॉन्‍ड स्‍‍‍‍‍कीम (Sovereign Gold Bond) की शुरुआत से अप्रैल 2021 तक 25,702 करोड़ रुपये जुटा चुकी है. इसने फिजिकल गोल्‍ड के मुकाबले 2.5 फीसदी ज्‍यादा रिटर्न दिया है. वहीं, इनमें किए गए निवेश पर मिलने वाला मुनाफा टैक्‍स फ्री (Tax Free Return) भी रहता है.

    Tags: Business news in hindi, Earn money, Gold, Gold investment, Gold price News, Gold Rate, Investment and return

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