सोना या फिक्स्ड डिपॉजिट: जानें इस साल कहां निवेश करने पर मिलेगा मोटा रिटर्न

gold Price today

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भारत में पारंपरिक निवेश में अधिकतर तीन विकल्पों को ही चुना जाता है. इसमें सोना, रियल एस्टेट और फिक्स्ड डिपॉजिट है. पिछले साल कोरोना वायरस महामारी के चलते सोन में करीब 28 फीसदी का रिटर्न देखने को मिला है. जबकि, एफडी पर रिर्टन करीब 6 फीसदी ही रहा है.

  • News18Hindi
  • Last Updated: February 22, 2021, 9:47 AM IST
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नई दिल्ली. दुनियाभर में भारत दूसरा ऐसा देश है जहां सोने की खपत सबसे ज्यादा होती है. भारत में लोगों के लिए सोना एक कीमती धातु ही नहीं बल्कि शुभ धातु भी है. इसके अलावा भी ​निवेश के लिए सोना सबसे बेहतर विकल्पों में से एक माना जाता है. भारत में सोने के महत्व का अंदाजा सिर्फ इस बात से लगाया जा सकता है कि शादियों के लिए बजट का एक बड़ा हिस्सा सोने की ज्वेलरी और सिक्कों आदि के लिए खर्च किया जाता है. सोने के अलावा भी कुछ ऐसे विकल्प हैं, जहां अधिकतर लोग निवेश करना पसंद करते हैं. ये विकल्प रियल एस्टेट और फिक्स्ड डिपॉजिट हैं. हालांकि, रियल एस्टेट में निवेश करने के लिए एक बड़ी पूंजी की जरूरत होती है.

कोरोना काल में ही देखें तो पिछले साल सोने ने 28 फीसदी का जबरदस्त रिटर्न दिया है. जबकि, सेंसेक्स में 16 फीसदी का रिटर्न और फिक्स्ड डिपॉजिट पर केवल 6 फीसदी का रिटर्न मिला है. महामारी की वजह से दुनियाभर की अर्थव्यवस्थाओं की सेहत पर असर पड़ा है. आर्थिक अनिश्चितता की वजह से निवेशकों ने सबसे सुरक्षित निवेश विकल्प को चुना. इससे सोने के भाव बढ़ गये. इसके अलावा, अंतरराष्ट्रीय स्तर पर सोने के उत्पादन में भी इजाफा देखने को मिला है.

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फिर बढ़ने लगी सोने की डिमांड
लेकिन 2020 के दौरान भारत में सोने का आयात कम हुआ है. सरकार द्वारा लगाये गये लॉकडाउन की वजह से पीली धातु के खपत पर असर पड़ा है. लेकिन, वैक्सीन की उपलब्धता और गाइडलाइंस में ढील ने एक बार फिर मांग बढ़ा दी है. इसके अलावा आज के समय में पेटीएम, फोनपे समेत कई अन्य तरह के माध्यम से भी गोल्ड निवेश करना आसान हो गया है.

आगे भी बढ़ेगी पीली धातु की चमक

पिछले 10 साल में देखें तो सोने में लगभग 100 फीसदी का रिटर्न मिला है. जबकि, देश के प्रमुख बैंकों में एफडी पर ब्याज दर करीब 5 से 6 फीसदी ही रहा है. कुछ छोटे बैंक एफडी पर 7 फीसदी तक ब्याज दे रहे हैं. माना जा रहा है कि ​बढ़ते लिक्विडिटी और महंगाई की वजह से एफडी की तुलना में सोने पर ज्यादा रिटर्न मिलेगा.



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सॉवरेन गोल्ड फंड बेहतर निवेश विकल्प

लंबे समय तक निवेश करने के लिए गोल्ड को ही चुनना बेहतर विकल्प माना जाता है. सोने से महंगाई को मात देने में भी मदद मिलती है. सॉवरेन गोल्ड फंड में निवेश करना तो और भी फायदेमंद है. इसपर गोल्ड के भाव के अलावा सालाना 2.5 फीसदी का फिक्स्ड रिटर्न भी मिलता है.

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