Gold Price Today: इस हफ्ते में पहली बार सस्ता हुआ सोना, डॉलर में आई तेजी से गिरी कीमतें

सोने की कीमतों में आई गिरावट
सोने की कीमतों में आई गिरावट

Gold Price Today: अमेरिकी डॉलर में आई तेजी की वजह से घरेलू बाजार में सोने की कीमतें गिर गई है. हालांकि, चांदी की कीमतों में तेजी का सिलसिला आज भी जारी है.

  • News18Hindi
  • Last Updated: November 6, 2020, 10:24 AM IST
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नई दिल्ली. सोने की कीमतों में जारी तेजी का सिलसिला  शुक्रवार को थम गया. अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर आई गिरावट के चलते घरेलू वायदा बाजार में भी सोने के दाम लुढ़क गए है. एक्सपर्ट्स का कहना है कि अमेरिकी चुनाव में जो बाइडेन की जीत सुनिश्चित मानी जा रही है. हालांकि अभी तक इसका ऐलान नहीं किया गया है. बाइडेन की जीत की उम्मीद के बीच इंटरनेशनल मार्केट में गोल्ड में तेजी देखी जा रही है. दरअसल, ये माना जाता हैं कि डैमोक्ट्रेस, रिपब्लिकन के मुकाबले ज्यादा बड़ा राहत पैकेज देते हैं. ऐस में ब्राइडेन जीत से उम्मीदें बढ़ गई है. इसीलिए शेयर बाजार में तेजी है. साथ ही, अमेरिकी डॉलर में गिरावट आई है. जिसका असर बुलियन मार्केट पर दिख रहा है.

सोने की कीमतें (Gold Price, 5 November 2020) - गुरुवार को ​दिल्ली सर्राफा बाजार में 10 ग्राम सोने का भाव 158 रुपये तक बढ़ा. इसके बाद नया भाव 50,980 रुपये प्रति 10 ग्राम पर पर पहुंच गया. इसके पहले यानी बुधवार को ​पीली धातु का भाव 50,822 रुपये प्रति 10 ग्राम पर बंद हुआ था.

चांदी की कीमतें (Silver Price, 5 November 2020) - सोने की तरह चांदी की कीमतों में भी तेजी देखने को मिली. दिल्ली सर्राफा बाजार में चांदी का भाव 697 रुपये प्रति किलोग्राम चढ़कर 62,043 रुपये पर पहुंच गया. इसके पहले दिन यह 61,346 रुपये प्रति किलोग्राम पर बंद हुआ था.



क्या और बढ़ सकता है सोने का भाव?
कोरोना के बढ़ते मामले और अनिश्चितता सोने की कीमतों बढ़ोतरी का कारण बन सकते हैं. ऐसे में केंद्रीय बैंक भविष्य को ध्यान में रखते हुए ज्यादा से ज्यादा सोने की खरीददारी कर रहे हैं. इधर, अमेरिका-चीन व्यापार तनाव और भारत-चीन सीमा गतिरोध इस माहौल में केवल अनिश्चितताओं को बढ़ा रहे हैं. वहीं, अमेरिकी फेडरल रिजर्व ने संकेत दिया कि ब्याज दरों को 2023 तक शून्य के पास रखा जाएगा.

क्या आपको सोने में निवेश करना चाहिए?
निवेशकों को सोने में निवेश करने से पहले यह जरूर जान लेना चाहिए कि यह एक लंबी अवधि के लिए उपाया है, जिसे अल्पकालिक लाभ के लिए नहीं खरीदा जाना चाहिए. क्योंकि पिछले 15 वर्षों में यह लगभग 7,000 रुपये प्रति 10 ग्राम के स्तर से बढ़ रहा है. ऐसे में निवेशकों को अपने सोने के पोर्टफोलियो में 5-10 फीसदी के बीच कहीं भी निवेश करना चाहिए. दिवाली के बावजूद, निवेशकों को मासिक या त्रैमासिक आधार पर समय-समय पर सोने में निवेश करते रहना चाहिए. किसी को भी सोने में एकमुश्त निवेश करने से बचना चाहिए.
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