नोएडा-ग्रेटर नोएडा के घर खरीदारों के लिए अच्‍छी खबर! Jaypee Infra को खरीदने के लिए सुरक्षा ग्रुप को मिली मंजूरी

लेंडर्स और होमबायर्स ने सुरक्षा समूह को जेपी इंफ्रा का अधिग्रहण करने की मंजूरी दे दी है.

सुरक्षा ग्रुप (Suraksha Group) ने घर खरीदारों (Homebuyers) को भरोसा दिलाया है कि रिजॉल्यूशन प्लान के मुताबिक अधूरे प्रोजेक्ट्स का कंस्ट्रक्शन जल्द शुरू किया जाएगा. इसके लिए कंपनी 3,000 करोड़ रुपये का निवेश (Investment) करेगी.

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    नई दिल्‍ली. कर्जदाताओं (Financial Creditors) और घर खरीदारों (Homebuyers) ने मुंबई के सुरक्षा ग्रुप (Suraksha Group) को कर्ज के बोझ से दबी जेपी इंफ्रा लिमिटेड (Jaypee Infra Ltd.) के अधिग्रहण की मंजूरी दे दी है. जेपी इंफ्रा के लिए 10 दिन की बोली प्रक्रिया 23 जून 2021 को खत्‍म हो गई. सुरक्षा ग्रुप को 98 फीसी से ज्‍यादा वोट मिले. जेपी इंफ्रा के इंटरिम रिजॉल्यूशन प्रोफेशनल (IRP) अनुज जैन ने बताया कि सुरक्षा ग्रुप ने 98.66 फीसदी वोट्स के साथ बोली जीत ली है. उन्होंने कहा कि एनबीसीसी (NBCC) को इससे 0.12 फीसदी कम वोट मिले हैं.

    तेजी से कंस्‍ट्रक्‍शन पूरा कर डिलीवरी का दिलाया भरोसा
    सुरक्षा ग्रुप ने 6,456 करोड़ रुपये की फेयर वैल्यू के साथ सिक्योर्ड फाइनेंशियल क्रेडिटर्स को 2,552 एकड़ जमीन की पेशकश की थी. जेपी इंफ्रा के निर्माणाधीन प्रोजेक्ट्स को 40 महीनों में पूरा करने के लिए सुरक्षा ग्रुप 3,000 करोड़ रुपये लगाएगा. सुरक्षा ग्रुप के प्रवक्ता ने क्रेडिटर्स की कमेटी (CoC) के फैसले को लेकर कहा कि हम केंद्र सरकार, सुप्रीम कोर्ट, बैंक, फाइनेंशियल इंस्टीट्यूशंस और होमबायर्स समेत सभी स्टेकहोल्डर्स को धन्यवाद देते हैं. हम होमबायर्स को लेकर प्रतिबद्ध हैं और उन्हें भरोसा दिलाते हैं कि कंस्ट्रक्शन को तेजी से पूरा कर रिजॉल्यूशन प्लान के अनुसार डिलीवरी दी जाएगी.

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    नोएडा-ग्रेटर नोएडा के घर खरीदारों को होगा बड़ा फायदा
    जेपी इंफ्रा का रिजॉल्यूशन प्रोसेस सफल रहने से नोएडा और ग्रेटर नोएडा में कंपनी की ओर से शुरू किए गए हाउसिंग प्रोजेक्ट्स के 20,000 से अधिक घर खरीदारों को बड़ी राहत मिलेगी. क्रेडिटर्स की कमेटी में 12 बैंकों और 20,000 से अधिक घर खरीदारों के वोटिंग राइट्स थे. होमबायर्स के पास वोटिंग राइट्स में 56.63 फीसदी और फाइनेंशियल क्रेडिटर्स के पास 43.25 फीसदी की हिस्सेदारी थी. फिक्स्ड डिपॉजिट होल्डर्स के पास 0.13 फीसदी वोटिंग राइट्स थे.

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