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अगले साल भारत नहीं बल्कि इस देश की अर्थव्यवस्था होगी सबसे तेज, जानिए क्या वजह

अगले साल भारत नहीं बल्कि इस देश की अर्थव्यवस्था होगी सबसे तेज, जानिए क्या वजह

अगले साल सबसे तेज होगी गयाना की अर्थव्यवस्था

अगले साल सबसे तेज होगी गयाना की अर्थव्यवस्था

IMF ने अपने एक अनुमान में कहा है कि अगले साल गयाना की अर्थव्यवस्था (Economy of Guyana) 86 फीसदी की तेजी से आगे बढ़ेगी. इसका सबसे बड़ा कारण 2020 तक यहां कच्चे तेल का उत्पादन शुरू होना है.

    नई दिल्ली. मौजूदा समय में दक्षिण अमेरिकी देशों (South America Countries) की हालत अर्थव्यवस्था के लिहाज से कुछ खास नहीं है. इस क्षेत्र में अधिकतर देश कमजोर आर्थिक ग्रोथ (Economic Growth) की मार झेल रहे हैं. लेकिन, इस बीच एक ऐसा भी देश है, जहां आने वाले दिनों में पूरी दुनिया के मुकाबले सबसे अधिक आर्थिक तेजी देखने को मिलेगी. यह देश ब्राजील और वेनेजुएला का पड़ोसी 'गयाना' है. अंतर्राष्ट्रीय मुद्रा कोष (International Monetary Fund) की एक रिपोर्ट के मुताबिक, गयाना की अर्थव्यवस्था (Economy of Guyana) अगले साल करीब 86 फीसदी की तेजी से आगे बढ़ेगी. मौजूदा समय में गयाना की अर्थव्यवस्था 4.4 फीसदी की तेजी से बढ़ रही है.

    क्यों है जबरदस्त तेजी का अनुमान
    चीन की तुलना में देखें तो अगले साल गयाना की यह आर्थिक तेजी 14 गुना होगी. रॉयटर्स ने अपनी एक रिपोर्ट में गयाना के वित्त मंत्री विन्स्टन जॉर्डन (Winston Jordan) के हवाले से लिखा है कि गयाना अब छोटे आधार से आगे बढ़कर जबरदस्त छलांग लगाने वाला है. बता दें कि दक्षिण अमेरिका में यह इकलौता अग्रेजी भाषी देश की अर्थव्यवस्था में अचानक इस तेजी का सबसे बड़ा कारण साल 2015 में यहां तेल के भंडार (Oil Reserve In Guyana) की खोज है. हालांकि, मौजूदा समय में यह देश कच्चे तेल का उत्पादन नहीं करता है. पड़ोसी देश में वेनेजुएला में दुनिया का सबसे बड़ा तेल रिजर्व है.



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    खनिज पदार्थों पर भी गयाना सरकार की नजर
    गयाना की कुल सकल घरेलू उत्पाद (GSP) 4 अरब डॉलर है. IMF के अनुमान के मुताबिक, यह साल 2024 तक बढ़कर 15 अरब डॉलर का हो जाएगा. यहां की सरकार रॉयल्टी से मिलने वाली पूंजी का एक हिस्सा समुद्री तट पर बसे शहरों के लिए हाईवे बनाने पर खर्च करने की योजना बना रही है. समुद्री तट पर बसे इन शहरों में सोना, हीरा और बॉक्साइट के खादान हैं. आईएमएफ के अनुमान में कहा गया है कि अगले पांच साल में गयाना के तेल सेक्टर की हिस्सेदारी करीब 40 फीसदी होगी.

    तेल उत्पादन से होने वाले मुनाफे का क्या करेगी सरकार
    हालांकि, IMF ने यह भी कहा है कि उसके इस अनुमान में रिवाइज करने की भी जरूरत पड़ सकती है. इसका कारण है कि 2020 में तेल उत्पादन के बाद इस देश अर्थव्यवस्था में बड़ा बदलाव आएगा. यहां की सरकार को उम्मीद है कि तेल उत्पादन के बाद हर साल उसे 30 करोड़ डॉलर का मुनाफा होगा. यह रकम सरकार सीधे इस साल गठित किए गए सॉवरेन वेल्थ फंड में जाएगी.



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    2025 तक हर साल 7.5 लाख बैरल कच्चे तेल का उत्पादन करेगा गयाना
    बता दें कि एक्सॉन मोबिल कॉरपोरेशन लिमिटेड ने हेस कॉरपोरेशन और चीन की एक कंपनी के साथ पार्टनरशिप किया है ताकि गयाना में दुनिया की नई सबसे बड़ी डीपवॉटर तेल की खोज कर सके. कंपनी ने कहा है कि वो गले महीने से पम्पिंग शुरू कर देगी. कंपनी के अनुमान के मुताबिक, 2025 तक गयाना में प्रतिदिन 7 लाख 50 हजार बैरल कच्चा तेल निकाला जा सकेगा.

    Tags: Business news in hindi, Crude oil, Discount on crude oil, Indian Monetary Fund, International Monetary Fund

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