Home /News /business /

प्रॉपर्टी इन्‍वेस्‍टमेंट : रिहायशी प्‍लॉट ने अपार्टमेंट के मुकाबले ज्‍यादा भरी निवेशकों की जेब

प्रॉपर्टी इन्‍वेस्‍टमेंट : रिहायशी प्‍लॉट ने अपार्टमेंट के मुकाबले ज्‍यादा भरी निवेशकों की जेब

आवासीय भूखंडों (residential land) की कीमतों में सालाना 7 फीसदी की दर से तो अपार्टमेंट की कीमतों में 2 फीसदी की बढ़ोतरी हुई है.

आवासीय भूखंडों (residential land) की कीमतों में सालाना 7 फीसदी की दर से तो अपार्टमेंट की कीमतों में 2 फीसदी की बढ़ोतरी हुई है.

हाउसिंग डॉटकॉम ने देश के बड़े शहरों में 2015 के बाद से प्रॉपर्टी कीमतों में हुये बदलाव एक रिपोर्ट तैयार की है. इस रिपोर्ट के अनुसार आवासीय भूखंडों (residential land) की कीमतों में सालाना 7 फीसदी की दर से तो अपार्टमेंट की कीमतों में 2 फीसदी की बढ़ोतरी हुई है. कुछ बड़े शहरों में तो भूखंड की कीमत में पिछले तीन साल में 21 फीसदी की दर से वृद्धि हुई है.

अधिक पढ़ें ...

नई दिल्‍ली. Property investment : यदि आप रियल एस्‍टेट में निवेश करने की सोच रहे हैं, लेकिन आवासीय भूखंड (residential land) और अपार्टमेंट में से किसी एक को चुनने को लेकर उलझन में हैं तो आपके लिये यह खबर बहुत काम की है. अभी आई एक रिपोर्ट के मुताबिक देश में 2015 के बाद आवासीय भूखंडों ने अपार्टमेंट के मुकाबले निवेशकों को ज्‍यादा रिटर्न दिया है.

मकान, जमीन आदि के बारे में जानकारी देने वाली हाउसिंग डॉटकॉम ने अपनी एक रिपोर्ट में बताया है कि रिहायशी भूखंडों की कीमतों में 2015 से सालाना औसतन सात फीसदी की दर से बढ़ोतरी हुई है जबकि अपार्टमेंट (apartments) में वृद्धि दर सालाना दो प्रतिशत ही है. कुछ बड़े शहरों में तो आवासीय भूखंड की कीमतों में वर्ष 2018 के बाद 13 से 21 फीसदी की दर से बढ़ोतरी हुई है. वहीं इस अवधि में अपार्टमेंट की कीमतों में 2 से 6 फीसदी की बढ़ोतरी हुई है.

ये भी पढ़ें : अब Axis Bank ग्राहकों को नेट बैंकिंग के लिए बार-बार नहीं डालना होगा यूजरनेम और पासवर्ड

प्‍लॉट ने दिया अपार्टमेंट से 5 गुणा ज्‍यादा रिटर्न

देश के आठ बड़े शहरों में प्रॉपर्टी की वृद्धि दर का आंकलन करने पर पता चला है कि प्‍लॉट (residential land) ने अपार्टमेंट के मुकाबले 5 फीसदी ज्‍यादा रिटर्न  दिया है. जो आठ शहर इस रिपोर्ट में शामिल हैं उनमें राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र दिल्ली, मुंबई, पुणे, बेंगलुरु, हैदराबाद, चेन्नई, कोलकाता और अहमदाबाद शामिल हैं.  हाउसिंग डॉटकॉम, मकान डॉटकॉम एवं प्रॉपटाइगर डॉटकॉम के सीईओ ध्रुव अग्रवाल ने कहा कि रिहायशी भूखंड से निवेश पर ज्यादा रिटर्न मिला है. इसका एक कारण बड़े शहरों में बड़े भूखंडों की कमी से जमीन की सीमित आपूर्ति हो सकती है.

कोविड-19 महामारी के दौरान जमीन और स्वतंत्र मंजिल (इंडिपेंडेंट फ्लोर) पर बने मकानों की मांग में जोरदार इजाफा हुआ है. कंपनियां बड़े शहरों के बाहरी क्षेत्रों में इस तरह की परियोजनाओं को शुरू कर इस मांग को पूरा करने की कोशिश कर रही है.

ये भी पढ़ें : Tax standard deduction : जानिये क्‍या है यह छूट और क्‍यों इसमें बढ़ोतरी की मांग कर रहे हैं कर्मचारी

कुछ शहरों में 21 गुणा बढ़ी कीमत

हाउसिंग डॉटकॉम की शोध प्रमुख अंकिता सूद का कहना है कि गुरुग्राम के प्रमुख इलाकों और दक्षिण भारत के बड़े शहरों हैदराबाद, बेंगलुरु और चेन्नई में विशेष रूप से 2018 के बाद आवासीय जमीन की कीमतों में दहाई अंक में वृद्धि हुई है। इन शहरों में जमीन की कीमतें 13-21 प्रतिशत की दर में बढ़ी हैं, वहीं पिछले तीन साल में अपार्टमेंट की कीमतों में वृद्धि 2-6 प्रतिशत के दायरे में बनी हुई हैं.

Tags: Business news, Business news in hindi, Property investment, Real estate

विज्ञापन
विज्ञापन

राशिभविष्य

मेष

वृषभ

मिथुन

कर्क

सिंह

कन्या

तुला

वृश्चिक

धनु

मकर

कुंभ

मीन

प्रश्न पूछ सकते हैं या अपनी कुंडली बनवा सकते हैं ।
और भी पढ़ें
विज्ञापन

टॉप स्टोरीज

अधिक पढ़ें

अगली ख़बर