होम /न्यूज /व्यवसाय /PNR होती है पैसेंजर की पहचान, रूट की जन्म कुंडली है 'ट्रेन नंबर', समझिए अपने रेल टिकट की भाषा

PNR होती है पैसेंजर की पहचान, रूट की जन्म कुंडली है 'ट्रेन नंबर', समझिए अपने रेल टिकट की भाषा

टिकट में जो पहला सबसे जरूरी नंबर होता है वह है पीएनआर नंबर. (फोटो: IRCTC)

टिकट में जो पहला सबसे जरूरी नंबर होता है वह है पीएनआर नंबर. (फोटो: IRCTC)

अगर आपने अपने ट्रेन टिकट को गौर से देखा होगा तो इस पर कई शब्द और नंबर होते हैं. ट्रेन टिकट के नंबर, वेटिंग लिस्ट और PNR ...अधिक पढ़ें

हाइलाइट्स

पीएनआर का फुल फॉर्म है- पैसेंजर नेम रिकॉर्ड
टिकट पर पर लिखे 5 डिजिट के नंबर का मतलब ट्रेन नंबर
RAC का मतलब है- आधी सीट के हकदार

नई दिल्ली. ट्रेन टिकट पर हमें PNR, WL, RAC जैसे कुछ शॉर्ट कट शब्द दिखाई देते हैं. रेल टिकट पर लिखी हर बात का मतलब हमलोगों में से ज्यादातर को पता नहीं होता है. आइए जानते हैं इन शॉर्ट कट शब्दों का मतलब जो आपके रेल टिकट पर लिखा होता है.

अगर आपको ट्रेन में बुकिंग कराते समय कभी वेटिंग लिस्ट में रखा गया है तो आपको देखना चाहिए कि कौन-सी वेटिंग लिस्ट मिली है. भारतीय रेलवे में ऐसे बहुत से नियम-कायदों में से यह भी एक है, जिनके बारे में ज्यादा लोगों को नहीं पता.

ये भी पढ़ें- Train Ticket Refund : ट्रेन छूट जाने पर भी मिलता है रिफंड, अधिकतर लोगों को नहीं पता पाने का तरीका

रेल टिकट का स्टेट्स
WL- इसका मतलब है कि आपकी सीट कंफर्म नहीं है, वेटिंग है. इसके साथ फायदा ये है कि वेटिंग लिस्ट ज्यादा नहीं है तो टिकट कंफर्म हो जाता है. सीट नंबर जर्नी डेट को चार्ट तैयार होने से पहला मिलता है.
GNWL- जनरल वेटिंग लिस्ट, इसका मतलब है कि आपने जिस ट्रेन की टिकट ली है, वह ट्रेन वहीं स्टेशन या आसपास स्टेशन से बनकर खुलती है. इसमें टिकट कंफर्म होने के चांसेज ज्यादा होते हैं.
RLWL- रिमोट लोकेशन वेटिंग लिस्ट, दो बड़े स्टेशनों के बीच, जहां पर ज्यादा ट्रेनें नहीं आती है तो ऐसे में इस तरह का टिकट मिलता है. ऐसे टिकट कंफर्म होने के चांसेस ज्यादा होता है.
PQWL- छोटे स्टेशनों पर कोटे में दी गई सीट के आधार पर टिकट दिया जाता है. इसमें भी टिकट कंफर्म होने के चांसेज कम होते हैं.
RAC- इसका मतलब तो आप जानते ही होंगे कि आपको सिर्फ बैठ कर सफर करना पड़ेगा. आपको सिर्फ बैठने की जगह मिलेगी, लेट नहीं पाएंगे यानी आप आधी सीट के हकदार होंगे.
CNF- मुबारक! आपकी सीट कंफर्म हो गई है. साथ ही, आपको बॉगी नंबर, सीट नंबर, पीएनआर नंबर टिकट पर दिखेगा.
PQWL/REGRET- इसका मतलब है कि ट्रेन में सीट नहीं है और आपको टिकट नहीं मिलेगी.

पैसेंजर की पहचान है PNR
जब आप ट्रेन से सफर के लिए रिजर्वेशन कराते हैं या टिकट लेते हैं तो उस टिकट पर एक 10 अंकों का पीएनआर नंबर (PNR Number) छपा होता है. पीएनआर का फुल फॉर्म है- पैसेंजर नेम रिकॉर्ड. यह एक उपयोगी नंबर होता है. इंटरनेट या फोन, किसी भी माध्यम से अपने टिकट पर यात्रा की जानकारी आपके पीएनआर नंबर के जरिए ही मिलेगी. इसकी मदद से आप ट्रेन नंबर, ट्रेन का नाम, डेस्टिनेशन की जानकारी, सफर का क्लास, टिकट का स्टेटस, पैसेंजर कोच और सीट नंबर का पता लगा सकते हैं.

ये भी पढ़ें- दिल्ली-मुंबई नहीं यूपी का स्टेशन है देश का सबसे बड़ा जंक्शन, हर दिशा में जाती है ट्रेनें, नाम जानकर नहीं होगा यकीन

टिकट पर लिखे 5 अंकों के ट्रेन नंबर का मतलब
आपने अपनी ट्रेन टिकट पर पर लिखे 5 डिजिट के नंबर पर जरूर गौर किया होगा. इससे ट्रेन नंबर का पता लगाया जाता है, लेकिन क्या आपको पता है कि इससे और भी बहुत कुछ पता लगाया जाता है? ट्रेन नंबर से आपको आपके ट्रेन की स्थिति, ट्रेन की कैटेगरी, सोर्स, डेस्टिनेशन स्टेशन आदि के बारे में जानकारी मिलती है.

Tags: Indian railway, Indian Railways, Railway, Railway Knowledge, Railways, Train ticket

टॉप स्टोरीज
अधिक पढ़ें