अमेरिकी डॉलर के मुकाबले भारतीय रुपया अब तक के निचले स्तर पर, आप पर होगा ये असर

अमेरिकी डॉलर के मुकाबले भारतीय रुपया अब तक के निचले स्तर पर, आप पर होगा ये असर
प्रतीकात्मक तस्वीर

अमेरिकी डॉलर के सामने भारतीय रुपया अपने अब तक के सबसे निचले स्तर पर आ गया है. गुरुवार को एक अमेरिकी डॉलर के मुकाबले भारतीय रुपया 28 पैसे की भारी कमजोरी के साथ 68.89 के स्तर पर खुला.

  • News18Hindi
  • Last Updated: June 28, 2018, 11:08 AM IST
  • Share this:
  • fb
  • twitter
  • linkedin
भारतीय रुपये में जारी गिरावट थमने का नाम नहीं ले रही है. गुरुवार को एक अमेरिकी डॉलर के मुकाबले भारतीय रुपया अपने अब तक के रिकॉर्ड निचले स्तर पर आ गया है. रुपया 28 पैसे की भारी कमजोरी के साथ 68.89 के स्तर पर खुला. इससे पहले बुधवार को रुपया 36 पैसे की कमजोरी के साथ 68.61 के स्तर पर बंद हुआ था. आपको बता दें कि डॉलर में बढ़त से रुपये पर दबाव बना है. कच्चे तेल में तेजी से रुपये पर दोहरा दबाव बना है. इस साल रुपया अब तक 8 फीसदी से ज्यादा टूट चुका है. इससे देश में महंगाई बढ़ने का खतरा बन गया है.

क्यों आई गिरावट-अमेरिका और चीन के बीच ट्रेड वॉर बढ़ने की आशंकाओं के चलते भारतीय करंसी पर दबाव बना रहा. इसके अलावा महीने के आखिर में ऑयल मार्केटिंग कंपनियों (HPCL, IOC, BPCL) की ओर से डॉलर की मांग बढ़ जाती है. इसीलिए महीने के अंत में भारतीय रुपया कमजोर हो जता हैं. (ये भी पढ़ें-रुपये में कमजोरी से आपकी जेब होगी खाली, ये सारी चीजें होंगी महंगी!)

इस साल 8% कमजोर हो चुका है रुपया-रुपए ने बीते साल डॉलर की तुलना में 5.96 फीसदी की मजबूती दर्ज की थी, जो अब 2018 की शुरुआत से लगातार कमजोर हो रहा है. इस साल अभी तक रुपया लगभग 8 फीसदी टूट चुका है. इससे पहले रुपए ने 24 नवंबर, 2016 को प्रति डॉलर 68.68 का ऐतिहासिक निचला स्तर छुआ था और 28 अगस्त, 2013 को 68.80 का लाइफटाइम निचले स्तर पर पहुंचा था.



जानिए सिक्कों की पहचान से जुड़े ये 7 सीक्रेट!





आम आदमी पर क्या होगा असर
> भारत अपनी जरूरत का करीब 80 फीसदी पेट्रोलियम प्रोडक्‍ट आयात करता है.
> रुपये में गिरावट से पेट्रोलियम प्रोडक्ट्स का आयात महंगा हो जाएगा.
> तेल कंपनियां पेट्रोल-डीजल की घरेलू कीमतों में बढ़ोतरी कर सकती हैं.
> डीजल के दाम बढ़ने से माल ढुलाई बढ़ जाएगी, जिसके चलते महंगाई में तेजी आ सकती है.
> इसके अलावा, भारत बड़े पैमाने पर खाद्य तेलों और दालों का भी आयात करता है.
> रुपये के कमजोर होने से घरेलू बाजार में खाद्य तेलों और दालों की कीमतें बढ़ सकती हैं.

विपक्ष की प्रतिक्रिया



ये भी पढ़े-SBI के ATM से रोजाना निकाल सकते हैं इतना कैश, मुफ्त हैं ये सर्विस
First published: June 28, 2018, 10:05 AM IST
अगली ख़बर

फोटो

corona virus btn
corona virus btn
Loading