होम /न्यूज /व्यवसाय /जानें देश का सबसे लंबा कॉरिडोर कब बन कर तैयार होगा? केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी का आया बड़ा बयान

जानें देश का सबसे लंबा कॉरिडोर कब बन कर तैयार होगा? केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी का आया बड़ा बयान

तमिलनाडु में चेन्नई बंदरगाह से मदुरावॉयल कॉरिडोर की परियोजना को 5800 करोड़ रुपये की अनुमानित लागत से विकसित किया जा रहा है.

तमिलनाडु में चेन्नई बंदरगाह से मदुरावॉयल कॉरिडोर की परियोजना को 5800 करोड़ रुपये की अनुमानित लागत से विकसित किया जा रहा है.

देश को दिसंबर 2024 तक सबसे लंबा कॉरिडोर (Longest Corridor in India) मिलने जा रहा है. केंद्रीय सड़क परिवहन और राजमार्ग म ...अधिक पढ़ें

नई दिल्ली. देश को दिसंबर 2024 तक सबसे लंबा कॉरिडोर (Longest Corridor in India) मिलने जा रहा है. केंद्रीय सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी (Union Road Transport and Highways Minister Nitin Gadkari) ने कहा है कि साल 2024 के आखिर में तमिलनाडु में चेन्नई बंदरगाह से मदुरावॉयल कॉरिडोर (Chennai Port to Maduravoyal Corridor) की परियोजना पूरी हो जाएगी. इसके पूरा हो जाने से भारत में बाधा रहित मल्टीमॉडल कनेक्टिविटी प्रदान करने की दिशा में बड़ा कदम होगा. आपको बता दें कि तमिलनाडु में चेन्नई बंदरगाह से मदुरावॉयल कॉरिडोर की परियोजना को 5800 करोड़ रुपये की अनुमानित लागत से विकसित किया जा रहा है.

केंद्रीय मंत्री ने कहा है कि 20.5 किलोमीटर लंबे इस प्रस्तावित एलिवेटेड स्ट्रेच को 4 खंडों में विकसित किया जाएगा, जो चेन्नई बंदरगाह के अंदर शुरू होकर मदुरवॉयल इंटरचेंज के बाद समाप्त हो जाएगा. गडकरी ने कहा कि यह परियोजना दिसंबर 2024 तक पूरी हो जाएगी और यह चेन्नई जाने वाले बंदरगाह यातायात के लिए एक समर्पित फ्रेट कॉरिडोर के रूप में काम करेगी.

देश का सबसे लंबा कॉरिडोर
इससे चेन्नई बंदरगाह की रखरखाव क्षमता में 48 प्रतिशत की वृद्धि होगी, जिसके कारण इस बंदरगाह पर प्रतीक्षा समय 6 घंटे कम हो जाएगा. चेन्नई बंदरगाह से मदुरावॉयल एक्सप्रेसवे मैप एक परियोजना है, जिसे आस-पास के क्षेत्रों में विकास लाने के लिए डिज़ाइन किया गया है. यह एक अभिनव और उच्च गुणवत्ता वाली बुनियादी ढांचा परियोजना है जो तमिलनाडु और कर्नाटक की सीमाओं को मिलाती है.

ये भी पढ़ें: मोदी सरकार की बड़ी पहल, अब देश में छोटी कंपनियों के लिए बिजनेस करना ऐसे हुआ आसान

आपको बता दें कि यह एलिवेटेड कॉरिडोर पूरा होने जाने के बाद देश का सबसे लंबा कॉरिडोर होगा. इसमें चेन्नई बंदरगाह से आने-जाने वाले हल्के और भारी मोटर वाहनों के लिए समर्पित स्तर होंगे. चेन्नई पोर्ट मदुरवॉयल एक्सप्रेसवे का नक्शा जून 2007 में डिजाइन किया गया था, जब तमिलनाडु सरकार और एनएचआई ने ने एलिवेटेड एक्सप्रेसवे परियोजना शुरू की थी, लेकिन जल्द ही 2009 में पर्यावरण संबंधी चिंताओं को दूर करने के लिए इसे स्थगित कर दिया गया. मोदी सरकार ने मार्च 2022 में इस परियोजना को फिर से शुरू किया था.

Tags: Dedicated Freight Corridor, Modi government, Nitin gadkari, Tamilnadu news, Union Minister Nitin Gadkari

विज्ञापन

टॉप स्टोरीज

अधिक पढ़ें