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खानेपीने की चीजें महंगी होने से 5 साल में सबसे ज्यादा हुई थोक महंगाई

News18Hindi
Updated: January 14, 2020, 12:58 PM IST
खानेपीने की चीजें महंगी होने से 5 साल में सबसे ज्यादा हुई थोक महंगाई
खानेपीने की चीजों की भी महंगाई दर बढ़कर 11.05 फीसदी हो गई है जो कि इसके पिछले महीने में 9.02 फीसदी थी.

खानेपीने की चीजों की भी महंगाई दर बढ़कर 11.05 फीसदी हो गई है जो कि इसके पिछले महीने में 9.02 फीसदी थी.

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  • Last Updated: January 14, 2020, 12:58 PM IST
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नई दिल्ली. दिसंबर महीने में आए एक सरकारी आंकड़े के अनुसार थोक महंगाई (WPI) की दर में बढ़ोत्तरी हुई है. मंगलवार को जारी आंकड़ों के मुताबिक,  दिसंबर महीने में थोक मूल्य सूचकांक 0.58 परसेंट से बढ़कर 2.59 के स्तर पर आ गया. इसी तरह से खुदरा महंगाई की दर भी बढ़कर 7.35 फीसदी के स्तर पर आ गई है. यह अगस्त 2014 यानी पिछले पांच सालों में अब तक की सबसे खराब स्थिति है. खानेपीने की चीजों (Food Inflation) की भी महंगाई दर बढ़कर 11.05 फीसदी हो गई है जो कि इसके पिछले महीने में 9.02 फीसदी थी. जुलाई 2016 के बाद दिसंबर 2019 पहला महीना है जब महंगाई दर रिजर्व बैंक के अपर लिमिट (2-6 फीसदी) को पार कर गया है. इससे पहले जुलाई 2014 में खुदरा महंगाई दर 7.39 फीसदी थी.

क्या होगा महंगाई बढ़ने से - एक्सपर्ट्स बताते हैं कि महंगाई दर का असर अर्थव्‍यवस्‍था पर दो तरह से होता है. महंगाई बढ़ने से बाजार में वस्तुओं की कीमतें बढ़ जाती हैं और लोगों की खरीदने की क्षमता कम हो जाती है. साथ ही, RBI की ब्याज दरें भी महंगाई दर पर ही तय होती हैं. अगर महंगाई बढ़ेगी तो ऐसे में RBI को भी ब्याज दरें बढ़ाने पड़ेंगी. लिहाजा, कंपनियों से आम आदमी तक इसका असर होगा. क्योंकि कंपनियों को भी कर्ज पर ज्यादा ब्याज देना होगा. वहीं, आम लोगों की भी EMI बढ़ जाएगी.

सब्जियां भी हुईं महंगी-
दिसंबर महीने में सब्जियां भी महंगी हुई हैं. आंकड़ों के अनुसार सब्जियों की महंगाई दर अक्टूबर में 26 फीसदी थी, फिर नवंबर में बढ़कर 36 फीसदी हो गई और अब दिसंबर में बेतहाशा बढ़ोतरी देखी गई है. दिसंबर में सब्जियों की महंगाई दर बदकर 60.5 फीसदी हो गई. माना जा रहा है कि पेट्रोल-डीज़ल के दामों में बढ़ोत्तरी होने की वजह से इसकी कीमत बढ़ी है.



सब्जियों और दालों के अलावा मांस-मछली की महंगाई दर भी पिछले महीने दिसंबर में 9.57 प्रतिशत रही. अंडे के दाम एक साल पहले की तुलना में 8.97% बढ़े. मसाले के दाम में भी 5.76 प्रतिशत की तेजी रही. अनाज और उनके उत्पाद, दूध एवं डेयरी उत्पाद और फलों की महंगाई दर भी 4% से अधिक रही. आवासों की महंगाई दर 4.30% रही. ईंधन और बिजली के दामों में साल-दर-साल आधार पर ज्यादा वृद्धि नहीं हुई और इस वर्ग की महँगाई दर 0.70 प्रतिशत रही.

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First published: January 14, 2020, 12:44 PM IST
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