आपके खाते में 5 नवंबर तक आ जाएगी ब्‍याज पर ब्‍याज से मिली छूट की रकम, RBI ने बैंकों को दिया आदेश

भारतीय रिज़र्व बैंक ने सरकारी और निजी बैंकों समेत सभी कर्जदाताओं को ब्‍याज माफी की रकम लोन अकाउंट में क्रेडिट करने का आदेश दिया है.
भारतीय रिज़र्व बैंक ने सरकारी और निजी बैंकों समेत सभी कर्जदाताओं को ब्‍याज माफी की रकम लोन अकाउंट में क्रेडिट करने का आदेश दिया है.

वित्‍त मंत्रालय (Finance Ministry) के वित्‍त सेवा विभाग के मुताबिक, कर्जदाता संचयी ब्याज (Compound Interest) और साधारण ब्याज (Simple Interest) के अंतर की राशि आपके लोन अकाउंट में क्रेडिट करेंगे. यह राशि 1 मार्च 2020 से लेकर 31 अगस्त 2020 के बीच लोन मोरेटोरियम (Loan Moratorium) की अवधि के दौरान के लिए ही होगी.

  • News18Hindi
  • Last Updated: October 28, 2020, 11:02 AM IST
  • Share this:
मुंबई. रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया (RBI) ने सभी सरकारी-निजी बैंकों और नॉन-बैंकिंग फाइनेंस कंपनियों (NBFCs) को आदेश दिया है कि ब्‍याज पर ब्‍याज माफी योजना को 5 नवंबर 2020 से लागू कर दिया जाए. दरअसल, केंद्र सरकार ने फैसला किया है कि 2 करोड़ रुपये तक के लोन (Loan) पर 6 महीने तक मोरेटोरियम सुविधा (Moratorium) लेने वाले लोगों पर लगाए गए ब्‍याज पर ब्‍याज को माफ कर दिया जाएगा. वित्त मंत्रालय के वित्त सेवा विभाग (Department of Financial Services) के मुताबिक, 2 करोड़ रुपये तक के लोन अकाउंट पर ही लेनदारों को ब्याज पर ब्याज माफी की राहत दी जाएगी.

कंपाउंड और सिंपल इंट्रेस्‍ट के अंतर की राशि लोन अकाउंट में होगी क्रेडिट
वित्‍त सेवा विभाग के मुताबिक, कर्जदाता संचयी ब्याज (Compound Interest) और साधारण ब्याज (Simple Interest) के अंतर की राशि आपके लोन अकाउंट में क्रेडिट करेंगे. यह राशि 1 मार्च 2020 से लेकर 31 अगस्त 2020 के बीच लोन मोरेटोरियम की अवधि के दौरान के लिए ही होगी. लोन अकाउंट में इस रकम को क्रेडिट करने के बाद उधारकर्ताओं के पास 15 दिसंबर 2020 तक सरकार से इसकी भरपाई के लिए दावा करने का मौका होगा. अब आरबीआई ने सभी बैंकों को 5 नवंबर तक इस अमाउंट को लोन अकाउंट में क्रेडिट करने को कहा है.

ये भी पढ़ें- दिवाली से पहले हो सकता है तीसरे राहत पैकेज का ऐलान! नौकरियां बढ़ाने पर रहेगा फोकस
किस तरह के लोन अकाउंट पर मिलेगा केंद्र की योजना का फायदा


केंद्र सरकार की यह योजना सभी उधार देने वाली संस्थाओं पर लागू होगा. इसमें सभी सरकारी व निजी बैंक, गैर-बैंकिंग वित्तीय संस्थान (NBFCs), हाउसिंग फाइनेंस कंपनियां, सहकारी बैंक, क्षेत्रीय ग्रामीण बैंक, अखिल भारतीय वित्तीय संस्थान और नेशनल हाउसिंग बैंक शामिल हैं. योजना आठ तरह के लोन पर लागू होगी. इनमें एमएसएमई लोन, एजुकेशन लोन, हाउसिंग लोन, कंज्यूमर ड्यूरेबल्स लोन, क्रेडिट कार्ड बकाया, ऑटोमोबाइल लोन, प्रोफेशनल्स को दिए गए पर्सनल लोन और कंजम्प्शन लोन शामिल हैं. वहीं, 29 फरवरी 2020 या इससे पहले 2 करोड़ रुपये तक का लोन लेने वाले लोगों को ही योजना का फायदा मिलेगा.

ये भी पढ़ें- अब इस देश जाना हुआ ज्‍यादा आसान, स्‍पाइसजेट शुरू कर रही है डायरेक्‍ट फ्लाइट्स सर्विस



लोन अकाउंट 29 फरवरी तक एनपीए की श्रेणी में नहीं होना चाहिए
वित्त मंत्रालय की ओर से जारी लेटर में योजना का फायदा लेने के लिए शर्त रखी गई है कि 29 फरवरी 2020 तक आपका लोन अकाउंट स्टैंडर्ड होना चाहिए. इसका मतलब है​ कि यह लोन नॉन-परफॉर्मिंग एसेट्स (NPA) की श्रेणी में नहीं होना चाहिए. योजना लागू होने से अब लोन मोरेटोरियम सुविधा लेने पर बैंकों की ओर से वसूली जा रही 'ब्याज पर ब्याज' के तौर पर रकम आपकी मासिक किस्‍त (EMI) से कम हो जाएगी. भले ही आपने लोन मोरेटोरियम का फायदा नहीं उठाया हो. आरबीआई की ओर से जारी नोटिफिकेशन में कहा गया है कि सभी कर्जदाता तय समय के भीतर जरूरी कार्रवाई करें.
अगली ख़बर

फोटो

टॉप स्टोरीज