Insurance : महामारी में बिजनेस बंद हुआ तो भी कर्मचारियों को मिलेगी सैलेरी, जानिए नए प्रोडक्ट के बारे में सब कुछ

शुरुआत में नया प्रोडक्ट एमएसएमई को कवर करेगा. दूसरे चरण में इस प्रॉडक्ट हेल्थ इंश्योरेंस व सैलरी में इजाफा जैसी चीजें शामिल होंगी.

शुरुआत में नया प्रोडक्ट एमएसएमई को कवर करेगा. दूसरे चरण में इस प्रॉडक्ट हेल्थ इंश्योरेंस व सैलरी में इजाफा जैसी चीजें शामिल होंगी.

बीमा नियामक इरडा (Insurance Regulatory and Development Authority of India, IRDAI) का पैनल नए इंश्योरेंस प्रोडक्ट पर विचार कर रहा है. महामारी की स्थिति में 10 कर्मचारियों वाले छोटे कारोबारों को 3 माह तक 6500 रुपए की मिनिमम सैलरी उपलब्ध कराने का प्रस्ताव है.

  • News18Hindi
  • Last Updated: March 19, 2021, 9:11 PM IST
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नई दिल्ली. इंश्योरेंस रेगुलेटरी एंड डवलपमेंट अथॉरिटी ऑफ इंडिया (Insurance Regulatory and Development Authority of India, IRDAI) एक नए बीमा प्रोडक्ट (New Insurance Products ) पर काम कर रहा है. यह नया प्रोडक्ट कारोबार में परेशानी या उसके बंद होने पर बीमा कवर का है.

इरडा के पैनल ने इस कवर की सिफारिश की है. इकोनोमिक्स टाइम्स की एक खबर के मुताबिक इरडा के नए प्रोडक्ट में लॉकडाउन की स्थिति में मैक्सिमम 10 कर्मचारियों वाले छोटे कारोबारों को 3 माह तक 6500 रुपये की मिनिमम सैलरी उपलब्ध कराने का प्रस्ताव है. यह प्रॉडक्ट पहले चरण में एमएसएमई को कवर करेगा. दूसरे चरण में इस प्रॉडक्ट हेल्थ इंश्योरेंस व सैलरी में इजाफा आएंगे. फिर लाइफ इंश्योरेंस कवर और उच्च सैलरी कवर शामिल किए जाएंगे.

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महामारी से निपटने पैनडेमिक रिस्क पूल के गठन पर भी विचार
इरडा देश की इंश्योरेंस कंपनियों और रीइंश्योरेंस कंपनियों के योगदान से इंडियन पैनडेमिक रिस्क पूल बे गठन पर विचार कर रही है. इरडा ने पिछले साल इस रिस्क पूल की संभावना तलाशने के लिए एक वर्किंग ग्रुप का गठन किया था. यह पैनडेमिक पूल, महामारी से पैदा होने वाले जोखिमों को कवर करने के लिए होगा.

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साइबर इंश्योरेंस जैसे प्रॉडक्ट की डिमांड बढ़ने की उम्मीद



इरडा के एग्जीक्यूटिव डायरेक्टर सुरेश माथुर ने सीआईआई के एक वर्चुअल सेमिनार में कहा है कि रिमोट वर्किंग एक आम चलन हो चुका है. इसलिए इंश्योरेंस कंपनियां वर्क-लाइफ बैलेंस जैसे फीचर्स जोड़ने के लिए वर्कमैन और इंप्लॉई कंपजेशन प्रॉडक्ट्स में बदलाव की उम्मीद कर सकती हैं. रिमोर्ट वर्किंग के चलते साइबर इंश्योरेंस जैसे प्रॉडक्ट की डिमांड और इन प्रॉडक्ट में क्रांति बढ़ सकती है.

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इंश्योरेंस कंपनियों पर कारोबार में रुकावट से जुड़े दावों को निपटाने का होगा दबाव

इरडा का यह भी कहना है कि वह नई तरह के बीमा कवर्स के लिए मांग बढ़ने की उम्मीद कर रही है. जैसे कारोबार में अवरोध के लिए कवर, साइबर रिस्क से जुड़े कवर. माथुर ने यह भी कहा कि लॉकडाउन की वजह से कारोबार में रुकावट से जुड़े कवर यानी बिजनेस इंटरप्शन कवर्स लाइमलाइट में आए. हालांकि इंश्योरेंस कंपनियों पर कारोबार में रुकावट से जुड़े दावों को निपटाने का दबाव रहेगा लेकिन कंपनियों पर इसका प्रभाव विभिन्न पॉलिसी के आधार पर अलग-अलग होगा.

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