Home /News /business /

jim rogers advice to investors in the stock market the right time to learn about the declining market pmgkp

शेयर मार्केट में आए नए निवेशकों को Jim Rogers की सलाह, गिरावट वाले बाजार को सीखने का सही समय

 स्टॉक मार्केट के संबंध में रोजर्स ने कहा, अमेरिकी स्टॉक मार्केट में 12 साल से तेजी बनी हुई है, जो अमेरिका के इतिहास की सबसे लंबी तेजी है.

स्टॉक मार्केट के संबंध में रोजर्स ने कहा, अमेरिकी स्टॉक मार्केट में 12 साल से तेजी बनी हुई है, जो अमेरिका के इतिहास की सबसे लंबी तेजी है.

नए निवेशकों को दिग्गज अमेरिकी इनवेस्टर जिम रोजर्स (Jim Rogers) ने सतर्क रहने की सलाह दी है. उन्होंने कहा कि जितना हो सकता है आप सीखें, क्योंकि जब आप सीखते हैं कि क्या चल रहा है तो आप चिंतित हो जाएंगे. जब आप चिंता में पड़ेंगे तो आप खुद को सुरक्षित करने में लग जाएंगे. खुद को बचाने का सबसे अच्छा तरीका यही है कि आप उसे खरीदें जिसे आप जानते हैं.

अधिक पढ़ें ...

मुंबई .  दुनियाभर के बाजार इस समय गिरावट में चल रहे हैं. साथ ही भारी उथल-पुथल और उतार-चढ़ाव है. ऐसे में नए निवेशकों की हालत खराब है. खासतौर से कोरोना के बाद आए फर्स्ट टाइम इनवेस्टर्स ने अभी तक सिर्फ बाजार की तेजी ही देखी थी. लेकिन अब युद्ध, वैश्विक परिस्थितियां, फेंड के ब्याज दर बढ़ाने का डर और महंगाई जैसे फैक्टर ने बाजार का सेंटिमेंट खराब कर दिया है. ऐसे निवेशकों को दिग्गज अमेरिकी इनवेस्टर जिम रोजर्स (Jim Rogers) ने सतर्क रहने की सलाह दी है.

उन्होंने कहा कि जितना हो सकता है आप सीखें, क्योंकि जब आप सीखते हैं कि क्या चल रहा है तो आप चिंतित हो जाएंगे और जब आप चिंता में पड़ेंगे तो आप खुद को सुरक्षित करने में लग जाएंगे. खुद को बचाने का सबसे अच्छा तरीका यही है कि आप उसे खरीदें जिसे आप जानते हैं.

आगे किस सेक्टर का प्रदर्शन अच्छा रहेगा
इकोनॉमिक टाइम्स की एक रिपोर्ट में, केंद्रीय बैंकों से झटके मिलने की आशंका पर रोजर्स ने कहा कि एक बार युद्ध थम जाए, बाजार में तेजी आ जाएगी और हमें नहीं लगता कि केंद्रीय बैंक कुछ समय तक ब्याज दरों को लेकर इतने आक्रामक होने जा रहे हैं. फिर केंद्रीय बैंक कहेंगे कि थोड़ा रुको, अब महंगाई आ रही है और फिर वे ब्याज दरें बढ़ाना शुरू करेंगे और फिर स्टॉक्स एक लंबे मंदी के बाजार (bear market) में प्रवेश करेंगे, लेकिन कमोडिटी अच्छा प्रदर्शन करेंगी क्योंकि आपूर्ति की कमी होगी.

यह भी पढ़ें- LIC की इस पॉलिसी से बेटी की पढ़ाई या शादी को लेकर हो सकते हैं टेंशन फ्री, मिलते हैं 31 लाख रुपये

पैसे की वैल्यू को लेकर चिंता 
इलेक्ट्रिक व्हीकल्स के लिए डिमांड के चलते लिथियम और कॉपर की डिमांड के आउटलुक पर जिम रोजर्स ने कहा, इलेक्ट्रिक कारों में कॉपर और लिथियम का ज्यादा इस्तेमाल होता है. इसलिए जब आपके सामने कमी होती है और ऊंची कीमतों पर ज्यादा डिमांड होती है और फिर आपको पैसे की प्रिंटिंग करनी पड़ती है जिससे लोगों में पैसे की वैल्यू को लेकर चिंता पैदा होती है.

मैं बांड क्यों नहीं खरीदूंगा 
बांड यील्ड्स से संबंधित आउटलुक पर उन्होंने कहा कि बांड निश्चित रूप से एक ‘बबल’ के आसपास हैं. दुनिया के इतिहास में ब्याज दरें कभी इतने निचले स्तर पर नहीं गईं. सरकार और केंद्रीय बैंकों द्वारा इतनी ज्यादा पैसे की प्रिंटिंग और उधारी कभी नहीं ली गई. रोजर्स ने कहा, “जब तक कोई विशेष स्थिति नहीं आएगी, मैं बांड नहीं खरीदूंगा.”

यह भी पढ़ें- Business Idea: घर से शुरू कर सकते हैं ये बिजनेस, कम लागत और लागत की कमाई, जानिए डिटेल

अमेरिकी बाजार में 12 साल से तेजी
स्टॉक मार्केट के संबंध में रोजर्स ने कहा, अमेरिकी स्टॉक मार्केट में 12 साल से तेजी बनी हुई है, जो अमेरिका के इतिहास की सबसे लंबी तेजी है. उन्होंने कहा, “हम बड़े बुल मार्केट में थे और इसका यह मतलब नहीं कि यह एक और 12 साल जारी नहीं रह सकता, लेकिन ऐसा कभी नहीं हुआ. मेरी राय में महंगाई आएगी, ब्याज दरें बढ़ेंगी, स्टॉक्स की कीमतें खासी बढ़ जाएगीं, क्योंकि जोश बरकरार है और इसके चलते बियर मार्केट आएगा, जो मेरे जीवन का सबसे बुरा दौर होगा.”

2008-09 से बद्दतर होंगे हालात
उन्होंने कहा कि भारी कर्ज के चलते 2008-09 में एक बड़ा बियर मार्केट देखा गया था. अभी भी दुनिया भर में कर्ज खासा ज्यादा है. इसलिए अगला बियर मार्केट बहुत-बहुत ज्यादा बियर मार्केट होगा. उन्होंने कहा, “मैं आपको डराने की कोशिश नहीं कर रहा हूं या मैं सिर्फ आपको कुछ फैक्ट्स बता रहा हूं. इस बार कर्ज की स्थिति 2008-09 से भी बद्तर है.”

Tags: Share market, Stock Markets, Stock return, Stock tips, Stocks

विज्ञापन

राशिभविष्य

मेष

वृषभ

मिथुन

कर्क

सिंह

कन्या

तुला

वृश्चिक

धनु

मकर

कुंभ

मीन

प्रश्न पूछ सकते हैं या अपनी कुंडली बनवा सकते हैं ।
और भी पढ़ें
विज्ञापन

टॉप स्टोरीज

अधिक पढ़ें

अगली ख़बर