Lakshmi Vilas Bank: जानिए बैंक के डूबने पर आपकी जमा रकम मिलेगी या नहीं, कितना पैसा रहेगा सुरक्षित

अगर बैंक डूब जाता है तो बैंक में जमा आपका पैसा कितना सुरक्षित, जानिए

आए दिन बैंकों की अनियमितताओं को लेकर उनके नुकसान और बंद होने की बातें सामने आने लगी हैं. ऐसे में अगर कोई बैंक बंद हो जाता है तो बैंक में जमा आपका पैसा कितना सुरक्षित है, इस बारे में जानना आपके लिए बेहद जरुरी है.

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    नई दिल्ली. रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया (RBI) की ओर से मंगलवार को लक्ष्मी विलास बैंक (Lakshmi Vilas Bank) को मोरेटोरियम (Moratorium) में रख दिया है. जिसके बाद बैंक ग्राहक एक महीने तक हर दिन अधिकतम 25,000 रुपये ही निकाल पाएंगे. आरबीआई के इस निर्देश के बाद LVB के ग्राहक बैंक में जमा अपने पैसे को असुरक्षित समझने लगे हैं. जाहिर है, हमें भी इससे सबक लेने की जरूरत है. ऐसे में जानें अगर बैंक बंद होता है तो आपको कितना पैसा वापस मिल सकता है या नहीं...

    5 लाख रुपये की गारंटी
    बैंक चाहे सरकारी हों या प्राइवेट, विदेशी हो या को ऑपरेटिव, इनमें जमा पैसों पर सिक्यॉरिटी डिपॉजिट इंश्योरेंस एंड क्रेडिट गारंटी काॅर्पोरेशन (DICGC) की तरफ से उपलब्ध कराई जाती है. इसके लिए बैंक प्रीमियम भरते हैं. आपके बैंक अकाउंट में कितनी भी रकम जमा हो, गारंटी सिर्फ 5 लाख रुपये तक की होती है. इसमें मूलधन और ब्याज, दोनों शामिल हैं. आपको बता दें कि यह राशि पहले 1 लाख रुपये थी जिसे वित्त मंत्री ने एक फरवरी 2020 को पेश किए बजट में बढ़ाकर 5 लाख रुपये कर दिया है.

    पैसे मिलने की कोई समय सीमा नहीं
    यही नहीं, अगर आपके किसी एक बैंक में एक से अधिक अकाउंट और FD आदि हैं तो भी बैंक के डिफॉल्टर होने या डूब जाने के बाद आपको 5 लाख रुपये ही मिलने की गारंटी है. यह रकम किस तरह मिलेगी, यह गाइडलाइंस DICGC तय करता है. वहीं ये 5 लाख रुपये कितने दिनों में मिलेंगे, इसे लेकर कोई समय सीमा नहीं है.



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    मर्जर के बाद सुरक्षित रहता है पैसा
    अगर किसी बैंक को कोई परेशानी होती है तो उस बैंक को सरकार द्वारा किसी दूसरे बैंक में मर्ज कर दिया जाता है. इस तरह उसे नई जिंदगी मिल जाती है और ग्राहक का पैसा सुरक्षित रहता है, क्योंकि ऐसे में नया बैंक ग्राहकों के पैसे की जिम्मेदारी ले लेता है. आपको बता दें कि सरकार ने इस बैंक का डीबीएस इंडिया के साथ विलय करने के बारे में एक योजना का भी ऐलान किया है.

    यह सावधानी बरतें
    अपनी पूरी बचत कभी भी एक ही बैंक या उसकी अलग-अलग ब्रांचों में न रखें. बैंक डूबने की स्थिति में एक बैंक के सभी अकाउंट को एक ही अकाउंट माना जाता है. ऐसे में बेहतर होगा कि सेविंग्स या करंट अकाउंट, एफडी या दूसरी बचत अलग-अलग बैंकों के अकाउंट में रखें.

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    बैंक की वित्तीय स्थिति में तेज गिरावट
    रिजर्व बैंक ने बताया कि लक्ष्मी विलास बैंक की वित्तीय स्थिति में तेज गिरावट आई है. बैंक को पिछले तीन सालों में लगातार नुकसान देखना पड़ा है, जिससे इसकी नेटवर्थ कम हुई है. इसके आगे किसी रणनीतिक योजना के अभाव, एडवांस की गिरावट और बढ़ते एनपीए से नुकसान जारी रहने का अंदेशा है. RBI ने यह भी बताया कि बैंक अपनी नकारात्मक नेटवर्थ और जारी नुकसान के समाधान के लिए पर्याप्त कैपिटल जुटाने में असफल रहा. साथ ही, इसने डिपॉजिट का लगातार विद्ड्रॉल और लिक्विडिटी का कम स्तर भी अनुभव किया है.

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