गणेश चतुर्थी पर बुद्धि और ज्ञान के देवता से सीखें फाइनेंशियल मैनेजमेंट, आर्थिक विघ्‍नों से रहेंगे दूर

गणेश चतुर्थी पर बुद्धि और ज्ञान के देवता से सीखें फाइनेंशियल मैनेजमेंट, आर्थिक विघ्‍नों से रहेंगे दूर
गणेश चतुर्थी पर विघ्‍नहर्ता से आर्थिक विघ्‍नों से दूर रहने के लिए फाइनेंशियल मैनेजमेंट की सीख ली जा सकती है.

गणेशोत्‍सव (Ganeshotsava) पर गणाध्‍यक्ष से जीवन के तमाम पहलुओं पर सीख लेने के साथ ही फाइनेंशियल मैनेजमेंट (Financial Management) की शिक्षा भी ली जा सकती है. सूपकर्ण के बड़े कान जहां निवेश (Investment) से पहले ज्‍यादा से ज्‍यादा जानकारी जुटाने की सीख देते हैं. वहीं, लंबोदर का बड़ा पेट तमाम उतार-चढ़ाव को पचाने की क्षमता विकसित करने की शिक्षा देता है.

  • News18Hindi
  • Last Updated: August 22, 2020, 7:42 PM IST
  • Share this:
नई दिल्‍ली. कोरोना संकट के बीच देशभर में आज गणेश चतुर्थी (Ganeshotsava) पर लोगों ने अपने घरों में बुद्धि और ज्ञान के देवता गजानन की स्‍थापना की है. बेशक इस बार गणेशोत्‍सव पिछले सालों की तरह भव्‍य तरीके से नहीं मानाया जा रहा है, लेकिन लोग अपनी क्षमता और श्रद्धा के मुताबिक घर पर ही परिजनों के साथ बप्‍पा की पूजा कर रहे हैं. भगवान गणपति से वैसे तो जीवन के हर पहलू पर सीख ली जा सकती है, लेकिन आज हम आपको बताएंगे कि कैसे गणाध्‍यक्ष के स्‍वरूप से फाइनेंशियल मैनेजमेंट (Financial Management) के गुर सीखे जा सकते हैं. आइए जानते हैं कि कैसे विघ्‍नहर्ता से सीख लेते हुए आर्थिक जरूरतों को पूरा करने की राह में आने वाले रोड़ों को दूर किया जा सकता है.

विशाल स्‍वरूप से ले सकते हैं बड़ा सोचने की शिक्षा
गजानन का स्‍वरूप विशालकाय है. उनका सिर, कान, नाक, पेट काफी बड़े हैं. इनसे सीख ले सकते हैं कि हमें आर्थिक तौर पर आगे बढ़ते रहने के लिए लगातार बड़ा ही सोचना है. हमें इंवेस्‍टमेंट की प्‍लानिंग (Investment Planing) बहुत धैर्य के साथ करनी चाहिए. निवेश की योजना बनाते समय अलग-अलग समय पर सामने आने वाली आर्थिक जरूरतों का ध्‍यान रखना चाहिए यानी छोटी, मध्‍य और लंबी अवधि के लिए निवेश योजनाएं बनानी चाहिए. आर्थिक लक्ष्यों को पूरा करने के लिए भविष्य के लिए फंड सुनिश्चित करने वाले इन्वेस्टमेंट और सेविंग्स प्‍लांस (Saving Plans) को तरजीह देनी चाहिए. इस सब के बीच अपनी जोखिम उठाने की क्षमता का ध्‍यान भी रखना जरूरी है.

ये भी पढ़ें- अब खेती की जमीन खरीदने में भी मदद करेगा SBI, देगा 85% तक लोन, बस पूरी करनी होंगी ये शर्तें
लक्ष्‍य को हासिल करने के लिए अडिग रहना जरूरी


भगवान गणेश से अपने लक्ष्‍य पर ध्‍यान केंद्रित करना और उसे पाने के लिए हर हालात में अडिग रहने की शिक्षा ली जा सकती है. बाल गणेश ने अपनी मां पार्वती को दिया वचन पूरा करने के लिए अपने जीवन की भी परवाह नहीं की. वह अपने लक्ष्य को लेकर अडिग रहे. आपको भी अडिग रहते हुए अपने आर्थिक लक्ष्‍य को हासिल करने की हरसंभव कोशिश करनी चाहिए. यहां ये ध्‍यान रखें कि आपकी जोखिम लेने की क्षमता (Risk Taking Capacity) आपको खुद तय करनी है. बड़े लक्ष्‍य को हासिल करने के लिए खर्च और बचत (Expenses & Savings) पर अनुशासन जरूरी है. प्‍लानिंग में जरूरत और बाजार के हालात के मुताबिक बदलाव करने के लिए हमेशा तैयार रहना चाहिए.

ये भी पढ़ें- एक दिन में 83 करोड़ रुपये का सैनिटाइजर इस्‍तेमाल कर रहे हैं भारतीय, 5 महीने में 30 हजार करोड़ का हुआ बाजार

सूपकर्ण के कानों से लें जानकारी जुटाने की शिक्षा
सूपकर्ण के बड़े कान अलर्ट और अपडेट (Alert & Update) रहने की शिक्षा देते हैं. निवेश में नुकसान से बचने के लिए बाजार की हलचल के बारे में आपको हमेशा अलर्ट और अपडेट रहना चाहिए. साथ ही ये भी शिक्षा मिलती है कि इंवेस्‍टमेंट से पहले निवेश विकल्‍प के बारे में ज्‍यादा से ज्‍यादा जानकारी जुटाना बेहतर है. मोदकप्रिय की तरह अगर आप भी अपने निवेश का मीठा फल चाहते हैं तो अपनी जोखिम क्षमता के आधार पर अलग-अलग विकल्‍पों में पैसा निवेश करें. इसे जोखिम की दर घटेगी और ज्‍यादा मुनाफा भी मिल सकता है. उनकी लंबी नाक बताती है कि बाजार में होने वाली उठापटक से पहले ही जोखिम सूंघ लेने पर आप नुकसान से बच सकते हैं. इसके लिए आपको बाजार का लगातार अध्‍ययन करते रहना चाहिए.

ये भी पढ़ें- देश की इन दो बड़ी कंपनियों ने किया विलय का ऐलान, बनेगी तीसरी सबसे बड़ी इंश्‍योरेंस कंपनी

गणाध्‍यक्ष की सवारी और विशाल पेट से लें ये सीख
गणाध्‍यक्ष की सवारी चूहा और उनके हाथ में अंकुश भी है. इससे निवेशक अपने खर्च पर अंकुश रखने की सीख ले सकते हैं. बिना किसी योजना के किया गया खर्च बजट और फ्यूचर प्लानिंग को बिगाड़ सकता है. गणाध्‍यक्ष बनने से पहले हुई प्रतियोगिता में अलग हटकर सोचने के कारण ही लंबोदर को जीत हासिल हुई थी. इस उदाहरण को ध्‍यान में रखते हुए निवेशकों को अलग हटकर सोचना (Out of the Box) चाहिए ताकि बेहतर तरीका अपनाकर आर्थिक लक्ष्य (Financial Targets) को हासिल किया जा सके. लंबोदर यानी उनके विशाल पेट से हर तरह के उतार-चढ़ाव को पचाने की क्षमता विकसित करने की सीख ले सकते हैं.
अगली ख़बर

फोटो

टॉप स्टोरीज