हवाई जहाज में बीच की सीट को लेकर DGCA ने बदला नियम, 3 जून से लागू होंगे रूल्स

सीट ऐसे दें कि प्लेन में बीच की कुर्सी खाली रहे
सीट ऐसे दें कि प्लेन में बीच की कुर्सी खाली रहे

नई गाइडलाइन में एयरलाइंस को बीच वाली सीट खाली रखने की कोशिश करने को कहा गया है. अगर यह संभव ना हो तो ऐसी स्थिति में बीच की सीट के य़ात्री को एक शरीर को कवर करने वाला गाउन देने की बात कही गई है.

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नई दिल्ली. एयरलाइंस (Airlines) को अब जहाज में बीच वाली सीट खाली रखनी होगी. सिविल एविएशन रेगुलेटर DGCA ने यात्रियों की सुरक्षा को लेकर सुप्रीम कोर्ट की टिप्पणियों के बाद ये फैसला लिया है. हालांकि इसमें कुछ छूट भी दी गई है. नई गाइडलाइन में एयरलाइंस को बीच वाली सीट खाली रखने की कोशिश करने को कहा गया है. अगर यह संभव ना हो तो ऐसी स्थिति में बीच की सीट के य़ात्री को एक शरीर को कवर करने वाला गाउन देने की बात कही गई है. इस कवर को कपड़ा मंत्रालय द्वारा अनुमोदित मानकों के अनुसार बनाना होगा. हालांकि एक परिवार के सदस्यों को एक साथ बैठने की इजाजत दी जा सकती है. इसके अलावा सभी यात्रियों को एयरलाइंस द्वारा सुरक्षा किट देने का आदेश दिया गया है जिसमें  मास्क, फेस शील्ड और सैनेटाइज़र पाउच शामिल होंगे. नई गाइडलाइंस 3 जून से लागू होंगी.

दरअसल. सर्वोच्च न्यायालय ने यात्रियों की सुरक्षा को लेकर सरकार और DGCA के रवैये पर सवाल उठाए थे जिसके बाद नागरिक उड्डयन मंत्रालय ने 26 मई को एक विशेषज्ञ समिति का गठन किया गया था. इस विशेषज्ञ समिति ने स्वास्थ्य संबंधी प्रोटोकॉल की समीक्षा करने के बाद नागरिक उड्डयन मंत्रालय को अपनी सिफारिशें सौंपी. इन सिफारिशों में बीच की सीट खाली छोड़ने के अलावा और भी कई सुझाव दिए गए हैं. इसमें सभी यात्रियों को एयरलाइंस द्वारा सुरक्षा किट प्रदान किया जाना शामिल है. इस किट में मास्क, फेस शील्ड और सैनेटाइज़र (पाउच) शामिल हैं.

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>> सिफारिशों में जब तक कोई गंभीर स्वास्थ्य कारण ना हो किसी भी यात्री को भोजन या पेयजल को विमान मे ना परोसे जाने की बात कही गई है. यात्रियों की बोर्डिंग और डि-बोर्डिंग दोनों ही एक साथ ना कर चरणों में करने की सिफारिश भी की कई है. साथ ही विमान में एयर-कंडीशनिंग सिस्टम को इस तरह से सेट करना होगा कि हवा को सबसे कम अंतराल पर बदल दिया जाए.
>> हर यात्रा के समाप्त होने पर विमान को सैनेटाइज करने का आदेश दिया गया है. हालांकि ट्रांजिट फ्लाइट में विमान को जब यात्री विमान में होते हैं तो खाली की गई सीटें (इसके संपर्क सहित) ही सैनेटाइज किए जाएंगे. हर विमान को दिन के अंत में डीप क्लीन करने का भी आदेश दिया गया है. हवाई जहाज के शौचालयों को बार-बार साफ किया जाएगा. एयरलाइंस नियमित रूप से सभी चालक दल का स्वास्थ्य परीक्षण करेगी. इसके अलावा सभी केबिन क्रू को फुल गियर सुरक्षात्मक सूट दिया जाएगा.

(रोहन सिंह, संवाददाता- CNBC आवाज़)

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