प्रवासी मजदूरों को बड़ी राहत! हेल्‍थ-लाइफ इंश्‍योरेंस और पेंशन का रास्ता साफ, संसद की स्‍थायी समिति ने बदलीं सिफारिशें

प्रवासी मजदूरों को बड़ी राहत! हेल्‍थ-लाइफ इंश्‍योरेंस और पेंशन का रास्ता साफ, संसद की स्‍थायी समिति ने बदलीं सिफारिशें
संसद की स्‍थायी समिति ने अपनी सिफारिशों में बदलाव कर प्रवासी मजदूरों के लिए बीमा कवर और न्‍यूनतम पेंशन की राह आसान कर दी है.

केंद्र सरकार प्रवासी मजदूरों (Migrant Workers) को सामाजिक सुरक्षा (Social Security) के दायरे में लाने की कवायद में जुट गई है. इसी क्रम में संसद की स्थायी समिति प्रवासी मजदूरों के लिए न्‍यूनतम पेंशन और हेल्‍थ व लाइफ इंश्‍योरेंस कवर उपलब्‍ध कराने से जुड़ी अपनी रिपोर्ट जुलाई 2020 के अंत तक सरकार को सौंप सकती है.

  • Share this:
नई दिल्ली. कोरोना संकट के बीच लॉकडाउन में ढील (Unlock) के साथ ही प्रवासी मजदूरों (Migrant Workers) ने काम की तलाश में एकबार फिर बड़े शहरों की ओर धीरे-धीरे लौटना शुरू कर दिया है. ऐसे में प्रवासी मजदूरों (Migrant Labour) के मुद्दे पर काफी आलोचना झेल चुकी केंद्र सरकार कुछ कानूनों में बदलाव करने की तैयारी कर रही है. सरकार प्रवासी मजदूरों को सामाजिक सुरक्षा (Social Security) के दायरे में लाने की कवायद में जुट गई है. उनके लिए न्यूनतम पेंशन (Minimum Pension) और हेल्‍थ व लाइफ इंश्योरेंस कवर (Insurance Cover) जैसी बड़ी राहत देने की तैयारी तेज कर दी गई है.

जुलाई के आखिर तक स्‍थायी समिति रिपोर्ट सरकार को सौंपेगी
संसद की स्थायी समिति (Standing Committee) ने मौजूदा हालात को देखते हुए प्रवासी मजदूरों को ध्यान में रखकर अपनी सिफारिशों (Recommendations) में कई बदलाव किए हैं. माना जा रहा है कि जुलाई 2020 के आखिर तक स्थायी समिति अपनी रिपोर्ट सरकार को सौंप देगी. इसके बाद सरकार संसद के अगले सत्र में इससे जुड़ा बिल (Bill) पारित कराने की तैयारी कर रही है. सूत्रों के मुताबिक, सोशल सिक्योरिटी कोड में नए प्रावधानों को शामिल किया जाएगा. बताया जा रहा है कि अब प्रवासी मजदूरों को कॉन्ट्रैक्ट वर्कर (Contract Workers) का दर्जा देने की व्‍यवस्‍था की जाएगी.

ये भी पढ़ें- एफपीओ आने से पहले ही Yes Bank ने जुटाए 4500 करोड़ रुपये, एंकर निवेशकों ने लगाई पूंजी
पोर्टेबल कार्ड के जरिये कहीं भी सुविधाएं लेने का होगा विकल्‍प


सोशल सिक्‍योरिटी कोड (Social Security Code) में प्रवासी मजदूरों के लिए विशेष पॉलिसी (Special Policy) लाई जाएगी. संसद की स्‍थायी समिति ने प्रवासी मजदूरों के लिए हेल्थ और लाइफ कवर की सिफारिश कर दी है. साथ ही कहा है कि प्रवासी मजदूरों को न्‍यूनतम पेंशन की व्‍यवस्‍था भी की जानी चाहिए. इसके अलावा मजदूरों को आवास सुविधा (Sousing Facility) देने की भी सिफारिश की गई है. बताया जा रहा है कि मजदूरों के पास पोर्टेबल कार्ड (Portable Card) के जरिये कहीं ये सुविधाएं लेने का विकल्प होगा. सोशल सिक्योरिटी के लिए खास फंड बनाने का भी प्रस्ताव रखा गया है.

ये भी पढ़ें- महंगा होगा अल्‍कोहल बेस्‍ड हैंड सैनिटाइजर! लगेगा 18 फीसदी जीएसटी

साल में एक बार गृहराज्‍य जाने का मजदूरों को मिलेगा खर्च
नई प्रस्तावित नीति के तहत प्रवासी मजदूरों का रजिस्ट्रेशन अनिवार्य होगा. वहीं, ये भी कहा जा रहा है कि प्रवासी मजदूरों के लिए सैलरी भी फिक्स (Fixed Salary) की जा सकती है. सूत्रों के मुताबिक, नए प्रावधानों के तहत प्रवासी मजदूरों को साल में एक बार अपने गृहराज्य जाने का खर्च भी मिलेगा. इसके लिए Interstate Migrant Workmen Act 1979 में संशोधन होगा. ये प्रस्ताव जल्द ही कैबिनेट में भेजा जा सकता है. वहीं, हर वर्कर को अलग यूनिक ID कार्ड दिया जाएगा. इसके बाद ऐसे कामगारों को तमाम सुविधाएं मिलनी शुरू हो जाएंगी.

ये भी पढ़ें- थोक महंगाई घटी, लेकिन खाने-पीने की चीजें जून में हुईं महंगी

श्रम मंत्री संतोष गंगवार ने कानूनी ढांचे में बदलाव के संकेत
श्रम मंत्री (Labour Minister) संतोष गंगवार ने कुछ समय पहले कहा था कि कानूनी ढांचे को मजबूत किया जा रहा है और बीजू जनता दल (BJD) सांसद भर्तृहरि महताब की अध्यक्षता वाली संसद की स्थायी समिति की ओर से प्रस्तावित संहिता में कुछ प्रावधानों को मंजूरी दे दी गई है. वहीं, उन्‍होंने संकेत दिए थे कि इसमें बदलाव किया जा सकता है. इसके अलावा केंद्र सरकार (Central Government) ने मई में योजना बनाई थी कि 60 साल की आयु के बाद निर्माण मजदूरों को 1,000 रुपये पेंशन और जीवन बीमा के साथ अन्य सुविधाएं दी जाएं. इसका ड्राफ्ट प्लान तैयार करके श्रम मंत्रालय के पोर्टल पर भी डाला गया था.
अगली ख़बर

फोटो

टॉप स्टोरीज

corona virus btn
corona virus btn
Loading