कृषि क्षेत्र के इन नीतिगत फैसलों से 2022 तक दोगुनी हो जाएगी किसानों की इनकम: डॉ. दलवई

कृषि क्षेत्र के इन नीतिगत फैसलों से 2022 तक दोगुनी हो जाएगी किसानों की इनकम: डॉ. दलवई
डबलिंग फार्मर्स इनकम कमेटी के चेयरमैन डॉ. अशोक दलवई

डबलिंग फार्मर्स इनकम (DFI) कमेटी के चेयरमैन डॉ. अशोक दलवई ने कहा, प्रतिस्पर्धा बढ़ेगी तो किसानों को सही दाम मिलेगा

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नई दिल्ली. केंद्रीय मंत्रिमंडल (Union Cabinet) द्वारा बुधवार को कृषि क्षेत्र के लिए किए गए फैसलों को डबलिंग फार्मर्स इनकम (DFI) कमेटी के चेयरमैन डॉ. अशोक दलवई ने ऐतिहासिक बताया है. उनका कहना है किसानों की असली समस्या उचित दाम न मिलने की थी जो अब खत्म हो जाएगी. इससे उनकी आय दोगुनी हो जाएगी.

न्यूज18 हिंदी से बातचीत में दलवई ने कहा, एग्रीकल्चर प्रोड्यूस मार्केट कमेटी (APMC) का एकाधिकार खत्म करने के बाद अब किसानों के लिए प्राइवेट मंडी का रास्ता भी खुल गया है. इसलिए इस सेक्टर में निजी क्षेत्र का निवेश बढ़ेगा. अब किसानों की उपज खरीदने के लिए प्रतिस्पर्धा सिर्फ मार्केट कमेटी और राज्यों के बीच ही नहीं बल्कि इसके बाहर निजी और सरकारी क्षेत्र के बीच भी होगी.

जब किसान की उपज खरीदने वाले ज्यादा होंगे तो उसे उपज का ज्यादा दाम मिलेगा. वर्षों पुराने एसेंशियल कमोडिटी एक्ट (Essential Commodities Act) में संशोधन के बाद अनाज, दलहन, तिलहन, खाद्य तेलों, प्‍याज और आलू जैसी फसलों का व्यापार मुक्त तरीके से किया जा सकेगा. यह फैसला किसानों की आय बढ़ाने में मदद करेगा. सरकार ने इससे पहले भी किसानों के हित में कई नीतिगत फैसले लिए हैं लेकिन इतने बड़े पैमाने पर सुधार पहली बार किया गया है.



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मोदी सरकार ने कृषि क्षेत्र में व्यापक सुधार का दांव चल दिया है




दलवई ने कहा, 2022 तक किसानों की आय बढ़ाना है तो उनकी उपज का सही दाम देना होगा. यह तभी होता तब कृषि को लाइसेंस मुक्त किया जाता. किसानों पर कई तरह के प्रतिबंधों के कारण उन्हें अपने उत्पाद बेचने में काफी दिक्कत आती थी. वो अपनी उपज सरकार द्वारा लाइसेंस प्राप्त खरीदारों को ही बेचने को बाध्य थे. अब मंडी के बाहर और एक राज्य से दूसरे में, जहां भी किसान को फायदा मिलेगा वहां उसे बेच सकते हैं.

कृषि राज्य मंत्री ने क्या कहा? 

न्यूज18 से बातचीत में केंद्रीय कृषि राज्य मंत्री कैलाश चौधरी (Kailash Choudhary) ने भी इसे ऐतिहासिक फैसला बताया है. उन्होंने कहा कि मोदी सरकार की प्राथमिकता में किसान हमेशा रहे हैं. सरकार ने किसानों को डायरेक्ट उनके खाते में पैसा देना शुरू किया है. अब उनकी उपज का उचित दाम दिलाने को लेकर बड़ा फैसला किया गया है. इससे ग्राम स्वराज की कल्पना साकार होगी.

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