इन दो चुनौतियों का सामना कर रहे हैं मोदी, इनसे निपटने के लिए उठाए ये कदम

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी इकोनॉमिक ग्रोथ और रोजगार के मोर्चे पर चुनौतियों का सामना कर रहे हैं. इन दो चुनौतियों से निपटने के लिए पीएम मोदी ने दो नई कैबिनेट कमिटी का गठन किया है.

News18Hindi
Updated: June 5, 2019, 7:27 PM IST
इन दो चुनौतियों का सामना कर रहे हैं मोदी, इनसे निपटने के लिए उठाए ये कदम
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी इकोनॉमिक ग्रोथ और रोजगार के मोर्चे पर चुनौतियों का सामना कर रहे हैं. इन दो चुनौतियों से निपटने के लिए पीएम मोदी ने दो नई कैबिनेट कमिटी का गठन किया है.
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Updated: June 5, 2019, 7:27 PM IST
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी इकोनॉमिक ग्रोथ और रोजगार के मोर्चे पर चुनौतियों का सामना कर रहे हैं. इन दो चुनौतियों से निपटने के लिए पीएम मोदी ने दो नई कैबिनेट कमिटी का गठन किया है. प्रधानमंत्री की अध्यक्षता में ये दोनों कैबिनेट कमिटी इकोनॉमिक ग्रोथ को गति देने, निवेश का माहौला बेहतर करने के साथ रोजगार के अवसर बढ़ाने पर फोकस करेगी.

पहली कमिटी में पांच सदस्य


इन्वेस्टमेंट एंड ग्रोथ पर बनी 5 सदस्यीय कैबिनेट कमिटी में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, गृह मंत्री अमित शाह, वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण, सड़क परिवहन और राजमार्ग व एमएसएमई मंत्री नितिन गडकरी और रेल मंत्री पीयूष गोयल शामिल हैं.

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दूसरी कमिटी में 10 सदस्य
एंप्लॉयमेंट एंड स्किल डिवेलपमेंट पर कैबिनेट कमिटी में पीएम समेत 10 सदस्य हैं. अमित शाह, सीतारमण और गोयल भी इस कमिटी में शामिल है. इनके अलावा, एग्रीकल्चर, रूरल डेवलपमेंट एंड पंचायती राज मंत्री नरेंद्र सिंह तोमर, मानव संसाधन विकास मंत्री रमेश पोखरियाल निशंक, पेट्रोलियम व प्राकृतिक गैस मंत्री धर्मेंद्र प्रधान, कौशल विकास व एंट्रप्रन्योरशिप मंत्री महेंद्र नाथ पाण्डेय और श्रम राज्य मंत्री संतोष कुमार गंगवार और आवास व शहरी विकास राज्य मंत्री हरदीप सिंह पुरी शामिल हैं.



गठित दो कमिटी दो प्रमुख चुनौतियों पर सरकार का ध्यान आकर्षित करेगी और उनसे संबंधित मंत्रालयों के माध्यम से समस्याओं को तेजी से सुलझाने का काम करेगी. 5 जुलाई को सीतारमण द्वारा पेश किए जाने वाले आगामी केंद्रीय बजट में कुछ समाधान मिल सकते हैं.

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चौथी तिमाही में चीन से पिछड़ा भारत
वित्त वर्ष 2018-19 की चौथी तिमाही में भारत की जीडीपी ग्रोथ रेट घटकर 5.8 फीसदी पर आ गई, जो चीन की 6.4 फीसदी की तुलना में कम है. यह जनवरी-मार्च की अवधि में चार साल से अधिक समय में सबसे धीमी ग्रोथ रेट थी. वहीं दो साल में पहली बार चीन की ग्रोथ से पीछे रही.

45 साल में सबसे ज्यादा बेरोजगारी
वहीं, सरकार की ओर से जारी रिपोर्ट में वित्त वर्ष 201-18 में देश में 6.1 फीसदी बोरोजगारी दर होने की बात कही गई जो पिछले 45 वर्षों में सबसे ज्यादा है.

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