अगर किसी ने जबरदस्ती मांगा Aadhaar नंबर तो जाना होगा जेल! सरकार का सख्त फैसला

अगर किसी ने जबरदस्ती मांगा Aadhaar नंबर तो जाना होगा जेल! सरकार का सख्त फैसला
बैंक खाते और मोबाइल SIM के लिए आया Aadhaar का नया कानून, गलत इस्तेमाल पर लगेगा भारी जुर्माना

बैंक खाता खोलने और नया मोबाइल कनेक्शन लेने के लिए अब आधार कार्ड (Aadhaar) जरूरी नहीं है.प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में हुई कैबिनेट बैठक में The Aadhaar and Other Laws (Amendment) Bill, 2019 को मंजूरी मिल गई है.

  • Last Updated: June 14, 2019, 3:26 PM IST
  • Share this:
बैंक खाता खोलने और नया मोबाइल कनेक्शन लेने के लिए अब आधार कार्ड (Aadhaar) जरूरी नहीं है. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में हुई कैबिनेट बैठक में The Aadhaar and Other Laws (Amendment) Bill, 2019 को मंजूरी मिल गई है. इसका मतलब है कि यह Aadhar and Other Laws (Amendment) Ordinance, 2019 की जगह लेगा. सरकार की ओर से प्रस्तावित संशोधन वही थे जो 2 मार्च 2019 को राष्ट्रपति द्वारा जारी किए गए अध्यादेश में थे. इस विधेयक को संसद के अगले सत्र में पेश किया जाएगा.

आपको बता दें कि कंपनी या फिर किसी भी संस्था की ओर से जबरदस्ती आप से आधार कार्ड नहीं मांग सकती है. ऐसा करने पर 1 करोड़ रुपये तक के जुर्माने का प्रावधान है. साथ ही, हर दिन 10 लाख रुपये तक का अतिरिक्त जुर्माना लगाया जा सकता है. आधार का गलत इस्तेमाल दंडनीय है और इसके लिए 10 हजार रुपये तक का जुर्माना और साथ में तीन साल की कैद भी हो सकती है.

आइए जानें इसके बारे में...



(1) सरकार की ओर से जारी जानकारी में बताया गया है कि इस फैसले के आधार पर अब रेग्युलेटर UIDAI को लोगों के हित में फैसले लेने और आधार के गलत प्रयोग को रोकने में मदद मिलेगी.
ये भी पढ़ें-सरकारी मदद से 3 लाख में शुरू करें बिजनेस, 8000 महीने की कमाई

(2) किसी भी व्यक्ति को आधार के जरिये अपनी पहचान प्रमाणित करने के लिए बाध्य नहीं किया जा सकेगा.

(3) संसद की ओर से बनाए गए कानून के तहत कुछ मामलों में अपनी पहचान के लिए इसे पेश करना जरूरी होगा.



(4) बैंक खाता खोलने के लिए आधार दिखाना जरूरी नहीं होगा और मोबाइल सिम के लिए आधार देना अनिवार्य नहीं होगा. बारह अंकों के वास्तविक आधार नंबर की बजाय एक वर्चुअल आइडेंटिटी से भी अपनी पहचान प्रमाणित कर सकेंगे.

ये भी पढ़ें-पाकिस्तानियों के बद्दतर हुए हालात, महंगाई ने तोड़ी कमर

(5) बच्चों को भी 18 साल के बाद अपना आधार नंबर रद्द कराने का अधिकार है.

(6) केंद्र और राज्य सरकार सिर्फ वहीं पहचान प्रमाणित करने के लिए आधार जरूरी कर सकती है, जहां अथॉरिटी द्वारा निर्धारित सुरक्षा संबंधी चिंताएं हों. यूनिक आइडेंटिफिकेशन अथॉरिटी ऑफ इंडिया फंड के गठन का प्रस्ताव रखा गया है.

(7) आधार एक्ट के प्रावधानों का उल्लंघन करने पर 1 करोड़ रुपये तक की सिविल पेनल्टी लगाई जा सकती है.

ये भी पढ़ें- कर्मचारियों को सरकार का तोहफा, ESI कंट्रीब्यूशन में की कटौती

एक क्लिक और खबरें खुद चलकर आएंगी आपके पास, सब्सक्राइब करें न्यूज़18 हिंदी  WhatsApp अपडेट्स
अगली ख़बर

फोटो

टॉप स्टोरीज

corona virus btn
corona virus btn
Loading