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SBI Ecowrap: दूसरी तिमाही में भारत की जीडीपी ग्रोथ 4.2 फीसदी रहने का अनुमान

News18Hindi
Updated: November 12, 2019, 5:43 PM IST
SBI Ecowrap: दूसरी तिमाही में भारत की जीडीपी ग्रोथ 4.2 फीसदी रहने का अनुमान
दूसरी तिमाही में GDP ग्रोथ घटकर 4.2% रहने की संभावना

एसबीआई (SBI) ने कहा है कि ऑटोमोबाइल बिक्री में गिरावट, एयर ट्रैफिक मूवमेंट में कमी, कोर सेक्‍टर ग्रोथ के घटने और कंस्‍ट्रक्‍शन व इन्‍फ्रास्‍ट्रक्‍चर में निवेश घटने के कारण देश की जीडीपी ग्रोथ (GDP Growth) में कमी देखने को मिलेगी.

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  • Last Updated: November 12, 2019, 5:43 PM IST
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नई दिल्ली. देश के सबसे बड़े बैंक स्टेट बैंक ऑफ इंडिया (SBI) ने दूसरी तिमाही में भारत की जीडीपी ग्रोथ (GDP Growth) 4.2 फीसदी रहने का अनुमान जताया है. एसबीआई (SBI) ने कहा है कि ऑटोमोबाइल बिक्री में गिरावट, एयर ट्रैफिक मूवमेंट में कमी, कोर सेक्‍टर ग्रोथ के घटने और कंस्‍ट्रक्‍शन व इन्‍फ्रास्‍ट्रक्‍चर में निवेश घटने के कारण देश की जीडीपी ग्रोथ में कमी देखने को मिलेगी. बता दें कि जून तिमाही में भारत की जीडीपी ग्रोथ पहले ही घटकर 6 साल के निचले स्तर 5 फीसदी पर आ गई थी.

एसबीआई ने वित्‍त वर्ष 2020 के लिए ग्रोथ का अनुमान पहले के 6.1 फीसदी से घटाकर अब 5 फीसदी कर दिया गया है. अब एसबीआई भी अन्य वैश्विक एजेंसियों जैसे कि एशियन डेवलपमेंट बैंक, विश्व बैंक, अंतरराष्ट्रीय मुद्रा कोष और आरबीआई के साथ में शुमार हो गई है, जिन्होंने भारत की विकास दर कम रहने की आशंका जताई थी.

सितंबर में IIP को तगड़ा झटका
विनिर्माण, बिजली सहित ज्यादा क्षेत्रों में सुस्ती के चलते सितंबर में औद्योगिक उत्पादन (आईआईपी) ने तगड़ा झटका दिया. सोमवार को जारी आंकड़ों के मुताबिक, इस महीने में आईआईपी में 4.3 फीसदी की गिरावट दर्ज की गई, जबकि एक साल पहले समान महीने यानी सितंबर, 2018 में आईआईपी में 4.6 फीसदी की बढ़त देखने को मिली थी.

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आईआईपी में सुस्ती की मुख्य वजह विनिर्माण क्षेत्र रही जिसमें उत्पादन में 3.9 फीसदी की गिरावट दर्ज की गई, जबकि सितंबर 2018 में 4.8 फीसदी की बढ़ोतरी रही थी. बिजली उत्पादन की बात करें तो सितंबर में इसमें 2.6 फीसदी की गिरावट रही, जबकि एक साल पहले समान महीने में 8.2 फीसदी की बढ़त रही थी. खनन उत्पादन में 8.5 फीसदी की बड़ी गिरावट रही, जबकि सितंबर, 2018 में इसमें 0.1 फीसदी की बढ़त देखने को मिली थी.

33 हाई फ्रिक्‍वेंसी लीडिंग इंडिकेटर्स में बड़ी गिरावट
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एसबीआई इकोरैप की रिपोर्ट के मुताबिक हमारे 33 हाई फ्रिक्‍वेंसी लीडिंग इंडिकेटर्स ने वित्‍त वर्ष 2019 की पहली तिमही में तेजी दिखाई थी जो 65 फीसदी थी. यह अब घटकर वित्‍त वर्ष 2020 की दूसरी तिमाही में 27 फीसदी के स्‍तर पर आ गई है.

वित्त वर्ष 2021 में आएगी तेजी
रिपोर्ट में यह अनुमान जताया गया है कि वित्‍त वर्ष 2021 में ग्रोथ रेट में तेजी आएगी और यह 6.2 फीसदी रह सकती है. हमें यह भी अनुमान है कि जैसा कि पहले हुआ है, जीडीपी के आंकड़ों में संशोधन देखने को मिल सकता है लेकिन जैसी कि प्रथा है यह संभवत: फरवरी 2020 में होगा.

दिसंबर में रेट कट का अनुमान
एसबीआई ने अपनी रिपोर्ट में कहा है कि आईआईपी में गिरावट से दिसंबर में आरबीआई द्वारा रेट कट में बड़ी कटौती का अनुमान है.

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First published: November 12, 2019, 5:43 PM IST
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