SBI में पैसा लगाने पर निवेशको को मिल सकता है 55% से ज्यादा Return, इन 5 वजहों से शेयर में तेज़ी आना तय

SBI में पैसा लगाने पर निवेशको को मिल सकता है 55% से ज्यादा Return, इन 5 वजहों से शेयर में तेज़ी आना तय
SBI में पैसा लगाने पर निवेशको को मिल सकता है 55% से ज्यादा Return, ये है वजह

देश के सबसे बड़े सरकारी बैंक भारतीय स्टेट बैंक (State Bank of India-SBI) ने कोविड-19 (COVID-19) के बावजूद जून तिमाही में बेहतर प्रदर्शन किया है. ब्रोकरेज हाउस CLSA ने शेयर को लेकर दिए 5 प्वॉइंट दिए हैं कि क्यों निवेशकों को SBI शेयर खरीदना चाहिए..

  • News18Hindi
  • Last Updated: August 24, 2020, 2:01 PM IST
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नई दिल्ली. देश के सबसे बड़े सरकारी बैंक भारतीय स्टेट बैंक (State Bank of India-SBI) ने कोविड-19 (COVID-19) के बावजूद जून तिमाही में बेहतर प्रदर्शन किया है. जून तिमाही में बैंक का शुद्ध लाभ 81 फीसदी बढ़कर 4,189.34 करोड़ रुपये रहा है. वहीं, इस दौरान बैंक ने अपनी एसेट क्वालिटी को और बेहतर किया है और फंसे हुए कर्ज का रेश्यो कम हो गया. एक्सपर्ट नतीजों को देखते हुए बैंक के शेयर पर बुलिश दिख रहे हैं. FE की खबर के अनुसार एक्सपर्ट का मानना है कि बैंक का वैल्युएशन बेहद ही आकर्षक है. बैंक का शेयर लांग टर्म में 50 फीसदी से ज्यादा रिटर्न देने का क्षमता रखता है. ब्रोकरेज हाउस CLSA ने शेयर के लिए 310 रुपये का लक्ष्य रखा है. यह करंट प्राइस 198 से 57 फीसदी ज्यादा है. बता दें कि बैंक का फंसा हुआ कर्ज कम होने से एकल शुद्ध लाभ 81 फीसदी बढ़कर 4,189.34 करोड़ रुपये रहा. वहीं, एंटरग्रेटेड मुनाफा 62 फीसदी बढ़कर 4,776.50 करोड़ हो गया है. बैंक की आय 87,984.33 करोड़ रुपये रही है.

ब्रोकरेज हाउस CLSA ने शेयर को लेकर दिए 5 प्वॉइंट दिए हैं कि क्यों निवेशकों को SBI में पैसा लगाना चाहिए..

जानिए क्यों खरीदना चाहिए आपको SBI शेयर
1. एसेट क्वालिटी के मामले में बैंक दूसरे बड़े सरकारी बैंकों की तुलना में बेहतर पोजिशन में है. कोविड—19 के दौर में भी बैंक की एसेट क्वालिटी में सुधार हुआ है. बैंक का ग्रॉस एनपीए जून तिमाही में 5.44 फीसदी रह गया है, वहीं बैंक का नेट एनपीए भी घटकर 1.8 फीसदी रह गया है.
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2. एसबीआई का मार्केट शेयर लगातार बढ़ रहा है. जबकि अन्य सरकारी बैंकों का मार्केट शेयर निजी बैंकों की तुलना में घटा है. रिटेल एसेट्स, कासा रेश्यो, ओवरआल लोन और डिपाूजिट के मामले में बैंक की पोजिशन बेहतर हुई है.

3. यस बैंक बेलआउट पैकेज बेहतर तरीके से स्ट्रक्चर होने का फायदा एसबीआई को मिलेगा.

4. SBI की सभी सब्सिडियरी कंपनियों में ग्रोथ बेहतर है. पिछले 3 से 5 साल में इनमें 25-40% सीएजीआर के हिसाब से ग्रोथ देखने को मिली है और अपने अपने क्षेत्र में ज्यादा कंपनियां मार्केट लीडर हैं. इन्हें SBI के डिस्ट्रीब्यूशन स्ट्रेंथ का फायदा मिल रहा है.

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5. SBI का वैल्युएशन आकर्षक है. एसबीआई ने पिछले साल नवंबर में अपने एक साल का हाई 351 है. यानी अभी शेयर अपने 1 साल के हाई से 44 फीसदी डिस्काउंट पर ट्रेड कर रहा है.
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