25 हजार रुपये लगाकर शुरू करें ये कारोबार, हर महीने होगी 3 लाख तक कमाई, सरकार देगी 50% सब्सिडी

Pearl Farming

Pearl Farming

How to earn money? अगर आप अपना कारोबार करना चाहते हैं तो आज हम भी आपको एक खास बिजनेस आइडिया (How to start Business) के बारे में बता रहे हैं. इस बिजनेस को शुरू कर आप अच्छी कमाई ( earn money) कर सकते हैं. इससे हर महीने आपको 2.5 से 3 लाख तक की कमाई होगी.

  • News18Hindi
  • Last Updated: April 15, 2021, 6:14 AM IST
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नई दिल्ली. कोरोना महामारी (Coronavirus) की वजह से अर्थव्यवस्था (Indian Economy) डगमगा गयी है. कई लोगों की नौकरी (Job Loss) चली गई हैं और कुछ लोगों की नौकरी पर संकट मंडरा रहा है. वहीं, आज के समय में लोगों की जरूरतें बढ़ रही हैं, जिसकी वजह से वे तरह-तरह के बिजनेस आइडिया (own Business) खोज रहे हैं. आज हम भी आपको एक खास बिजनेस आइडिया (How to start Business) के बारे में बता रहे हैं. इस बिजनेस को शुरू कर आप अच्छी कमाई (How to earn money) कर सकते हैं. आजकल मोती की खेती (Pearl farming) पर लोगों का फोकस तेजी से बढ़ा रहा है. इसकी खेती करके कई लोग लखपति बन चुके हैं. तो आइए जानते हैं इस कारोबार को कैसे शुरू किया जा सकता है-

मोती की खेती के लिए किन चीजों की जरूरत होगी?

मोती की खेती के लिए एक तालाब, सीप ( जिससे मोती तैयार होता है) और ट्रेनिंग, इन तीन चीजों की जरूरत होती है. तालाब चाहे तो आप खुद के खर्च पर खुदवा सकते हैं या सरकार 50% सब्सिडी देती है, उसका भी लाभ ले सकते हैं. सीप भारत के कई राज्यों में मिलते हैं. हालांकि दक्षिण भारत और बिहार के दरभंगा के सीप की क्वालिटी अच्छी होती है. इसकी ट्रेनिंग के लिए भी देश में कई संस्थान हैं. मध्यप्रदेश के होशंगाबाद और मुंबई से मोती की खेती की ट्रेनिंग ले हैं.

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कैसे करें मोतियों की खेती?

सबसे पहले सीपियों को एक जाल में बांधकर 10 से 15 दिनों के लिए तालाब में डाल दिया जाता है, ताकि वो अपने मुताबिक अपना एनवायरमेंट क्रिएट कर सकें, इसके बाद उन्हें बाहर निकालकर उनकी सर्जरी की जाती है. सर्जरी यानी सीप के अंदर एक पार्टिकल या सांचा डाला जाता है. इसी सांचे पर कोटिंग के बाद सीप लेयर बनाते हैं, जो आगे चलकर मोती बनता है.

सर्जरी के बाद फिर से सीपियों का मेडिकल ट्रीटमेंट किया जाता है. इसके बाद छोटे-छोटे बॉक्स में इन सीपियों को बंद करके तालाब में रस्सी के सहारे लटका दिया जाता है. इस दौरान हर दिन हमें ये देखना होता है कि कौन सा सीप जिंदा है और कौन सा डेथ कर गया. जो डेथ कर जाता है, उसे निकाल लिया जाता है. ये काम रोज 15 दिनों तक करना होता है.इस प्रोसेस में करीब 8 से 10 महीने का वक्त लगता है. इसके बाद सीप से मोती निकलने लगता है.



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25 हजार रुपये की लागत से शुरुआत

एक सीप के तैयार होने में 25 से 35 रुपये का खर्च आता है. जबकि तैयार होने के बाद एक सीप से दो मोती निकलते हैं.और एक मोती कम से कम 120 रुपये में बिकता है. अगर क्वालिटी अच्छी हुई तो 200 रुपये से भी ज्यादा कीमत मिल सकती है. अगर आप एक एकड़ के तालाब में 25 हजार सीपियां डालें तो इस पर करीब 8 लाख रुपये का खर्च आता है. मान लें कि तैयार होने के क्रम में कुछ सीप बर्बाद भी हो गए तो भी 50% से ज्यादा सीप सुरक्षित निकलते ही हैं. इससे आसानी से 30 लाख रुपये सालाना कमाई हो सकती है.
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