एक अरब डॉलर मार्केट कैप वाली कंपनियों के क्लब में भारत पांचवें स्थान पर, जल्द ही यूके को पछाड़ कर चौथे नंबर पर होगा

देश मेें बीते दस साल में 1 अरब डॉलर वाली कंपनियों की संख्या में 137.9% की बढ़त आई है.

देश मेें बीते दस साल में 1 अरब डॉलर वाली कंपनियों की संख्या में 137.9% की बढ़त आई है.

एक अरब डॉलर (7278 करोड़ रुपए) के मार्केट कैप वाली कंपनियों की संख्या के मामले में भारत विश्व में पांचवें नंबर पर है. जल्द ही भारत यूके को पीछे छोड़ सकता है.

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नई दिल्ली. शेयर बाजार में आई तेजी की वजह से दुनिया में भारत की कंपनियों का कद भी बढ़ रहा है.  एक अरब डॉलर (7278 करोड़ रुपए) के मार्केट कैप वाली कंपनियों की संख्या के मामले में भारत विश्व में पांचवें नंबर पर आ गया है. यही नहीं, जल्द ही भारत यूके को पीछे छोड़ सकता है.
मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक भारत में कुल 335 ऐसी कंपनियां हैं जिनका मार्केट कैप 1 अरब डॉलर से ज्यादा हो गया है. जबकि इससे ज्यादा यूके 351 कंपनियां के साथ चौथे नंबर पर है. पहले नंबर पर अमेरिका है. अमेरिका में 2,780 कंपनियां हैं. चीन दूसरे नंबर पर है. यहां पर कुल 2,135 कंपनियां हैं. जापान 798 कंपनियों के साथ तीसरे नंबर पर है.
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एसबीआई समेत 56 कंपनियों का मार्केट कैप 10 अरब डॉलर से ज्यादा
भारत में 10 अरब डॉलर के मार्केट कैप वाली 26 कंपनियां हैं. तीन कंपनियाें का मार्केट कैप 100 अरब डॉलर है. इसमें टाटा कंसलटेंसी सर्विसेस (TCS), रिलायंस इंडस्ट्रीज (RIL) और एचडीएफसी बैंक हैं. टॉप 10 कंपनियों में इंफोसिस, हिंदुस्तान यूनिलीवर (HUL), एसबीआई, आईसीआईसीआई बैंक, एचडीएफसी लिमिटेड आदि हैं.
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10 साल में कंपनियों की संख्या में 137.9% बढ़ी
वर्ष 2011 में भारत में एक अरब डॉलर के मार्केट कैप वाली कुल 141 कंपनियां थीं. तब से अब तक कंपनियों की संख्या में 137.9% की बढ़त आई है. प्रतिशत के बढ़त के हिसाब से अमेरिका और चीन आगे है. चीन में 631 कंपनियां थीं जिसमें 238% की बढ़त आई है. अमेरिका में 2011 में कुल 1,168 कंपनियां थीं जिनमें 138% की बढ़त आई है. जापान में 481 कंपनियां थीं और इसमें 66% की बढ़त दिखी है. टॉप 5 के बाद कनाडा छठें नंबर पर है. यहां पर 2011 में 167 कंपनियां थीं जो अब बढ़कर 307 हो गई हैं. इसमें 84% की बढ़त रही है. दक्षिण कोरिया में 132 से बढ़कर 236 कंपनियां हो गई हैं. जबकि ताइवान में 102 कंपनियों की संख्या बढ़ कर 227 हो गई है. ऑस्ट्रेलिया में 115 कंपनियां थीं अब यह 212 हो गई हैं. फ्रांस में 108 से 163 कंपनियां हो गई हैं.
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इंडिगो पेंट्स जैसी 25 से ज्यादा कंपनियां हाल में शामिल हुई
आंकड़े बताते हैं कि हाल में 25 से ज्यादा कंपनियां एक अरब डॉलर क्लब में शामिल हुई हैं. इसमें हिंदुस्तान कॉपर, बजाज इलेक्ट्रिकल्स, IIFL फाइनेंस, BASF, NBCC, इंडिया एनर्जी एक्सचेंज, IDFC आदि हैं. इसी तरह कुछ नई कंपनियां जो लिस्ट हुई हैं, वो इसी क्लब में हैं. इसमें इंडियन रेलवे फाइनेंस और इंडिगो पेंट्स हैं.
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