रतन टाटा के सपोर्ट वाला ये स्टार्टअप बना इस साल का भारत का 13वां यूनिकॉर्न

 भारत में यूनिकॉर्न की संख्या की सौ पार हुई

भारत में यूनिकॉर्न की संख्या की सौ पार हुई

रतन टाटा के निवेश और सपोर्ट वाला स्टार्टअप मोग्लिक्स नई फंडिंग जुटाकर इस साल भारत का 13वां यूनिकॉर्न ( अनलिस्टेड कंपनी जिसकी वैल्यूएशन एक अरब से ज्यादा हो) बन गया है. बिजनेस टू बिजनेस मार्केटप्लेस Moglix ने नए फंडिंग राउंड में 120 मिलियन डॉलर का फंड जुटाया है.

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मुंबई. रतन टाटा के निवेश और सपोर्ट वाला स्टार्टअप मोग्लिक्स नई फंडिंग जुटाकर इस साल भारत का 13वां यूनिकॉर्न ( अनलिस्टेड कंपनी जिसकी वैल्यूएशन एक अरब से ज्यादा हो) बन गया है. बिजनेस टू बिजनेस मार्केटप्लेस Moglix ने नए फंडिंग राउंड में 120 मिलियन डॉलर का फंड जुटाया है. लेटेस्ट सिरीज-ई फंडिंग राउंड के बाद कंपनी की वैल्यूएशन एक अरब डॉलर पार कर गई.

कंपनी के संस्थापक आइआइटी कानपुर के पूर्व छात्र राहुल गर्ग के मुताबिक उन्होंने इस कंपनी की शुरुआत 2015 में की थी. रतन टाटा ने 2016 में इसमें निवेश किया. उनकी भागीदारी मिलते ही कंपनी को धड़ाधड़ निवेशक मिलने लगे. इसी का नतीजा है कि उन्हें हाल ही में एक और बड़ी फंडिंग मिल गई.

कंपनी ने अब तक 220 मिलियन डॉलर का फंड जुटाया

इस फंडिंग का नेतृत्व फाल्कन एज कैपिटल और हार्वर्ड मैनेजमेंट कंपनी ने किया था, जबकि इसके निवेशकों में टाइगर ग्लोबल, सिकोइया कैपिटल इंडिया और वेंचर हाइवे शामिल थे. 6 साल पुराने इस स्टार्टअप ने अब तक अब तक 220 मिलियन डॉलर का फंड जुटा लिया है.
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मोग्लिक्स आधारभूत संरचना के लिए अपने ग्राहकों को सामान खरीदने और उसकी पैकेजिंग करने से लकर आपूर्ति करने तक हर तरह की वित्तीय मदद व साफ्टवेयर सुविधा उपलब्ध कराती है। इस कोरोना के संकट काल में कंपनी ने देश में 10 लाख लोगों को कवर करने वाले आक्सीजन कंसंट्रेटर उपलब्ध कराने का लक्ष्य रखा है. इस कंपनी से फिलहाल पांच लाख लघु, सूक्ष्म व मध्यम श्रेणी (एसएमई) की कंपनियां और करीब 3000 उत्पादन संयंत्र जुड़े हैं, जो भारत के अलावा संयुक्त अरब अमीरात व सिंगापुर में हैं.

भारत में यूनिकॉर्न  की संख्या 100 पहुंची



रतन टाटा पिछले कई सालों से लगातार नए स्टार्टअप में निवेश कर रहे हैं. उनके निवेश वाले कई स्टार्टअप यूनिकॉर्न की श्रेणी में आ चुके हैं. वहीं, देश में तेजी से यूनिकॉर्न स्टार्टअप की संख्या बढ़ रही है. क्रेडिट सुईस की रिपोर्ट के मुताबिक भारत में यूनिकॉर्न की संख्या 100 पहुंच गई है.

वहीं, भारत में कोरोना काल में अरबपति की संख्या में 40 नाम और जुड़े हैं. कोरोना से पहले भारत में 113 अरबपति थे, जो अब बढ़कर 153 हो गई है. कोरोना में कई नए बिजनेस ने नई ऊंचाइयों को छुआ है. इनमें स्टार्टअप की बड़ी संख्या हैं.

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