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पाकिस्तान को अब वर्ल्ड बैंक ने दी चेतावनी! मदद के बावजूद डूब रही है अर्थव्यवस्था, तुरंत उठाने होंगे कदम

News18Hindi
Updated: October 15, 2019, 9:50 AM IST
पाकिस्तान को अब वर्ल्ड बैंक ने दी चेतावनी! मदद के बावजूद डूब रही है अर्थव्यवस्था, तुरंत उठाने होंगे कदम
पाकिस्तानी प्रधानमंत्री इमरान खान

दक्षिण एशियाई देशों (south Asian Countries) को लेकर एक हालिया रिपोर्ट में वर्ल्ड बैंक (World Bank) ने कहा है कि राजकोषिय घाटे बढ़ने और फॉरेन रिजर्व घटने से पाकिस्तानी अर्थव्यवस्था (Pakistan Economy) और भी गहरे संकट में फंस सकती है.

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  • Last Updated: October 15, 2019, 9:50 AM IST
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नई दिल्ली. गहरे आर्थिक संकट से जूझ रहे पाकिस्तान (Economic Crisis in Pakistan) के लिए अब वर्ल्ड बैंक (World Bank) ने एक बुरी खबर दी है. विश्व बैंक ने कहा है कि पाकिस्तान की आर्थिक सेहत बहुत ख़राब है. विश्व बैंक के अनुसार बढ़ता राजस्व घाटा और विदेशी मुद्रा भंडार में कमी के कारण पाकिस्तान का आर्थिक संकट खत्म नहीं हो रहा है. इमरान खान के प्रधानमंत्री बनने के बाद से पिछले 10 महीने में पाकिस्तानी रुपए में 30 फीसदी की गिरावट आई है. पाकिस्तान का विदेशी मुद्रा भंडार लगातार कम हो रहा है. हाल ही में भारत में संपन्न हुए आम चुनाव में क़रीब सात अरब डॉलर खर्च हुए हैं जबकि पाकिस्तान के पास इतना विदेशी मुद्रा भंडार बचा है. निर्यात न के बराबर हो गया है और महंगाई लगातार बढ़ रही है. वर्ल्ड बैंक ने इस रिपोर्ट में कहा है कि अंतर्राष्ट्रीय मुद्रा कोष (International Monetary Fund) द्वारा राहत पैकेज जारी किए जाने के बाद पाकिस्तानी अर्थव्यवस्था में मंदी गहरा सकती है.

वर्ल्ड बैंक की चेतावनी-इस रिपोर्ट में मध्यम अवधि में हल्की स्थिरता की उम्मीद की गई है. इस रिपोर्ट के अनुसार, खराब आर्थिक नीतियों (Economic Policies of Pakistan) की वजह से पाकिस्तान कर्ज (Debt on Pakistan) को बोझ तले डूबता जा रहा है बढ़ते राजकोषिय घाटे की वजह से अर्थव्यवस्था चरमरा रही है. वर्ल्ड बैंक ने चेतावनी देते हुए कहा है कि  ऐसे में पाकिस्तान की आर्थिक हालत नहीं सुधरती तो वैश्विक वित्तीय बाजार में अस्थिरता की वजह से प्राइवेट एक्सटर्नल फाइनेंसिंग (Private External Financing) में भी दिक्कतें आ सकती हैं.

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आर्थिक मोर्चे पर बुरे हालात -इस रिपोर्ट में पाकिस्तान के आउटलुक को लेकर कहा गया है कि वित्त वर्ष 2020 में पाकिस्तान की आर्थिक ग्रोथ घटकर 2.4 फीसदी के स्तर तक आ सकती है. वहीं, वित्त वर्ष 2021 तक यह 3 फीसदी तक ही पहुंच सकेगी. हालांकि, रिपोर्ट में यह भी कहा गया है कि यह रिकवरी भी वैश्विक बाजार (Gloabal Market) में स्थिरता, कच्चे तेल (Crude Oil) की कीमतों में नरमी और घटते राजनीतिक व सिक्योरिटी जोखिम पर निर्भर करता है.

13 फीसदी तक बढ़ जाएगी महंगाई-पाकिस्तान की महंगाई को लेकर इस रिपोर्ट में कहा गया है कि वित्त वर्ष 2020 तक यह बढ़कर 13 फीसदी के स्तर को पार कर सकती है, लेकिन इसके बाद महंगाई दर में गिरावट देखने को मिलेगी. पाकिस्तान बैंकों को लेकर कहा गया है कि कॉमर्शियल बैंकों (Commercial Banks of Pakistan) की स्थिति वित्तीय रूप से बेहतर रहेगी, लेकिन पब्लिक सेक्टर बैंकों (Public Sector Banks) द्वारा केंद्रीय बैंक से कर्ज लेना और ब्याज दरों में इजाफा करने से प्राइवेट क्रेडिट पर बुरा असर पड़ सकता है.

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पाकिस्तान की अर्थव्यवस्था की खराब हालत


सुस्त हुई दक्षिण एशिया की आर्थिक रफ्तार
​वर्ल्ड बैंक ने अपनी इस रिपोर्ट में कहा है कि दक्षिण ​एशिया में ग्रोथ 5.9 फीसदी रहेगी जो कि अप्रैल 2019 की तुलना में 1.1 फीसदी कम है. हालांकि, इस रिपोर्ट में यह भी कहा गया है कि छोटी अवधि में हल्की तेजी भी देखने को मिल सकती है. कहा जा रहा है कि हाल की मजबूत घरेलू मांग (Domestic Demand) की वजह से ग्रोथ में तेजी रही थी. लेकिन अब यह धीमी हो गई है, जिसकी वजह से इस क्षेत्र में सुस्ती देखने को मिल रही है.

इन दो वजहों से आ सकती है तेजी
इस रिपोर्ट में खासतौर पर यह भी कहा गया है कि दक्षिण एशियाई देशों में आर्थिक सुस्ती साल 2008 और 2012 के दौर को दोहराते हुए दिखाई दे रही है. इस रिपोर्ट में यह भी कहा गया है कि निवेश (Investment) और निजी खपत (Private Consumption) में हल्की तेजी भी 2020 के दौरान दक्षिण ए​शियाई देशों के लिए आर्थिक तेजी को 6.3 फीसदी तक पहुंचा सकती है.

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ट्रेड वॉर से बांग्लादेश को फायदा
भारत में चालू वित्त वर्ष के लिए ग्रोथ 6 फीसदी रहने का अनुमान लगाया गया है. इसके बाद साल 2021 में यह 6.9 फीसदी और इसके अगले साल 7.2 फीसदी रहने का अनुमान लगाया है. वहीं, बांग्लादेश की बात करें तो 2019 में यहां की जीडीपी ग्रोथ (GDP Growth of Bangladesh) 8.1 फीसदी रहने का अनुमान जताया गया है. 2019 में यह 7.9 फीसदी रहा था. वहीं, साल 2020 में इसके 7.2 फीसदी रहने और साल 2021 में 7.3 फीसदी रहने का अनुमान लगाया गया है. अमेरिका और चीन के बीच चल रहे ट्रेड वॉर (Trade War) की वजह से बांग्लादेश के गारमेंट इंडस्ट्री (Garment Industry of Bangladesh) को जबरदस्त फायदा हुआ है.

बांग्लादेशी गार्मेंट इंडस्ट्री का बेहतर प्रदर्शन
वर्ल्ड बैंक के दक्षिण एशिया के चीफ इकोनॉमिस्ट हैंस टिमर ने बांग्लादेश को लेकर कहा, 'हाई-फ्रिक्वेंसी डेटा देखने से पता चलता है कि भारत, पाकिस्तान और श्रीलंका की तुलना में बांग्लादेश बेहतर प्रदर्शन कर रहा है. हमें यह औद्योगिक उत्पादन से लेकर निर्यात तक के डेटा में दिखाई दे रहा है. इससे साफ पता चलता है कि बांग्लादेश की गारमेंट इंडस्ट्री बेहतर प्रदर्शन कर रही है.'

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First published: October 15, 2019, 9:20 AM IST
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