JEE-NEET Exams: 17 साल के कैंडीडेट ने चीफ जस्टिस को चिट्ठी लिख की परीक्षा टालने की मांग

JEE-NEET Exams: 17 साल के कैंडीडेट ने चीफ जस्टिस को चिट्ठी लिख की परीक्षा टालने की मांग
जेईई-नीट परीक्षा टालने की मांगकी गई है.

JEE-NEET Exams 2020: इस संबंध में पहले भी सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर की गई थी. लेकिन कोर्ट ने परीक्षा पर रोक लगाने से मना कर दिया था. कोर्ट का कहना था कि कोविड-19 के समय में भी जिंदगी चलती रहनी चाहिए.

  • News18Hindi
  • Last Updated: August 31, 2020, 11:45 AM IST
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नई दिल्ली. जेईई मेन (JEE Main Exam 2020) की परीक्षा कल से यानी कि 1 सितंबर से शुरू होने वाली है. कुछ विपक्षा पार्टियां इसका विरोध कर रही हैं और कुछ पैरेंट्स और छात्र चाहते हैं कि परीक्षा तयशुदा समय पर ही करवाई जाए. लेकिन इसी के बीच दिल्ली के एक 17 साल के कैंडीडेट ने सुप्रीम कोर्ट के मुख्य न्यायाधीश एसए बोबड़े (Supreme Court Chief Justice SA Bobde) को चिट्ठी लिखकर परीक्षा पर रोक लगाने की मांग की है. कैंडीडेट ने कोविड-19 और बाढ़ के मद्देनज़र परीक्षा पर रोक लगाने की मांग की है.



सुप्रीम कोर्ट में पहले भी दायर हुई थी याचिका
बता दें कि इस संबंध में पहले भी सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर की गई थी. लेकिन कोर्ट ने परीक्षा पर रोक लगाने से मना कर दिया था. कोर्ट का कहना था कि कोविड-19 के समय में भी जिंदगी चलती रहनी चाहिए. कोर्ट का मानना था कि इससे छात्रों का काफी नुकसान होगा. बता दें कि इसी के साथ परीक्षा को तयशुदा समय पर करवाए जाने को लेकर भी याचिका डाली गई थी.



विपक्षी पार्टियां कर रहीं विरोध
विपक्षी पार्टियां परीक्षा कराए जाने का विरोध कर रही हैं. इसमें पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी, कांग्रेस पार्टी सहित अन्य तमाम नेता भी शामिल हैं. समाजवादी पार्टी के मुखिया अखिलेश यादव ने भी इसका विरोध किया है. ये पार्टियां छात्रों के स्वास्थ्य और सुरक्षा का हवाला देकर विरोध कर रही हैं.

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एक्सपर्ट्स ने की परीक्षा करवाने की मांग
हालांकि, जेएनयू के वाइस चांसलर और आईआईटी दिल्ली के निदेशक सहित तमाम एक्सपर्ट्स ने परीक्षा करवाने के मांग की है. उनका कहना है कि परीक्षा को टालना ठीक नहीं है इससे छात्रों का काफी नुकसान होगा. इसके लिए करीब 150 शिक्षाविदों ने पीएम मोदी को चिट्ठी भी लिखी है. साथ ही विपक्षी पार्टियों के विरोध को उन्होंने राजनीतिक एजेंडा करार दिया.
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