Home /News /career /

बीपीएससी 65वीं मुख्य परीक्षा और 31वीं न्यायिक सेवा परीक्षा टली, जानें डिटेल

बीपीएससी 65वीं मुख्य परीक्षा और 31वीं न्यायिक सेवा परीक्षा टली, जानें डिटेल

परीक्षा को टाल दिया गया है.

परीक्षा को टाल दिया गया है.

नोटिस के मुताबिक इन परीक्षाओं को कुछ अपरिहार्य कारणों से टाला गया है.  बीपीएससी 65वीं सिविल सर्विस परीक्षा 13, 14 और 20 अक्टूबर को होनी थी जबकि 31वीं बीपीएससी न्यायिक सेवा परीक्षा 7 अक्टूबर को होनी थी.

  • News18Hindi
  • Last Updated :
    नई दिल्ली. बिहार पब्लिक सर्विस कमीशन Bihar Public Service Commission (BPSC) ने सोमवार को 31 न्यायिक सेवा (31 Judicial services) और 65वीं संयुक्त सिविल सेवा परीक्षा ((65th combined civil services mains examination) को टाल दिया है. इस संबंध में एक नोटिस आयोग की वेबसाइट पर अपलोड कर दी गई है. बता दें कि बीपीएससी 65वीं सिविल सर्विस परीक्षा 13, 14 और 20 अक्टूबर को होनी थी जबकि 31वीं बीपीएससी न्यायिक सेवा परीक्षा 7 अक्टूबर को होनी थी.

    नोटिस के मुताबिक इन परीक्षाओं को कुछ अपरिहार्य कारणों से टाला गया है. रिवाइज्ड शिड्यूल के मुताबिक, बीपीएससी 65वीं सिविल सेवा मुख्य परीक्षा 25, 26 और 28 नवंबर 2020 को आयोजित किया जाएगा जबकि 31वीं बीपीएससी ज्यूडिशियल सर्विस परीक्षा 6 दिसंबर 2020 को आयोजित की जाएगी.

    आयोग द्वारा 31वीं ज्यूडिशियल सेवा परीक्षा के जरिए 221 वैकेंसी को भरा जाना है. यह वैकेंसी सिविस जज (जूनियर ग्रेड) के लिए है जबकि सिविल सेवा परीक्षा के जरिए 434 वैकेंसी को भरा जाना है. सिविल सेवा के जरिए बिहार सेवा में कई पदों पर काम करने वाले अधिकारियों को चुना जाता है. ज्यादा जानकारी के लिए कैंडीडेट्स को आधिकारिक वेबसाइट - bpsc.bih.nic.in - पर विज़िट करना होगा.

    ये भी पढ़ें-
    लॉकडाउन में गई कॉन्ट्रेक्टेड जॉब, लेक्चरर खेतों में कर रहा है मजदूरी
    NEET आंसर-की 2020 ntaneet.nic.in पर जारी, इस डायरेक्ट लिंक से करें चेक

    बता दें कि इससे पहले परीक्षा को टालने के लिए सुप्रीम कोर्ट में याचिका डाली गई थी. याचिका में कोरोना वायरस महामारी का हवाला देकर परीक्षा को टालने की मांग की गई थी.याचिकाकर्ताओं ने पेटीशन में कहा था कि 7 अक्टूबर को होने वाले एक्जाम के नोटिफिकेशन में मौलिक अधिकारों की अनदेखी की गई है. साथ ही यह भी कहा गया कि परीक्षा का नोटिफिकेशन हजारों अभ्यर्थियों के बराबरी के मौलिक अधिकार की भी अवहेलना करता है जो भारतीय संविधान के आर्टिकल 14, 16 और 19 के अंतर्गत आता है. याचिका में यह भी कहा गया है कि वर्तमान स्थिति के कारण उम्मीदवारों के लिए यह परीक्षा देना मुश्किल है तथा बड़ी संख्या में उनके कई साथी आगामी प्रतियोगी परीक्षा भी देंगे. उम्मीदवारों के लिए इसमें शामिल होना असंभव है.

    Tags: BPSC exam, Exam

    विज्ञापन

    राशिभविष्य

    मेष

    वृषभ

    मिथुन

    कर्क

    सिंह

    कन्या

    तुला

    वृश्चिक

    धनु

    मकर

    कुंभ

    मीन

    प्रश्न पूछ सकते हैं या अपनी कुंडली बनवा सकते हैं ।
    और भी पढ़ें
    विज्ञापन

    टॉप स्टोरीज

    अधिक पढ़ें

    अगली ख़बर