DU High Cut-off: आसान होगी DU में एडमिशन की राह, नए कॉलेजों की स्थापना की उठी मांग

दिल्ली यूनिवर्सिटी में एडमिशन लेना मुश्किल होता जा र‍हा है.
दिल्ली यूनिवर्सिटी में एडमिशन लेना मुश्किल होता जा र‍हा है.

दिल्ली में विश्वविद्यालयों और कॉलेजों की भारी कमी है क्योंकि 12वीं कक्षा उत्तीर्ण करने के बाद प्रवेश पाने वाले छात्रों की संख्या बढ़ने के बावजूद कोई उच्च शिक्षण संस्थान नहीं खोले गए.

  • News18Hindi
  • Last Updated: October 18, 2020, 8:42 PM IST
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नई दिल्ली. दिल्ली विश्वविद्यालय के कॉलेजों में प्रवेश के लिए उच्च कट-ऑफ पर चिंता व्यक्त करते हुए दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने कहा कि उन्होंने केंद्रीय शिक्षा मंत्री रमेश पोखरियाल निशंक को पत्र लिखकर दिल्ली विश्वविद्यालय अधिनियम में संशोधन करने का अनुरोध किया है ताकि महानगर में और अधिक कॉलेज तथा विश्वविद्यालय स्थापित किए जा सकें.

दिल्ली में और अधिक कॉलेज तथा विश्वविद्यालय खोलने की आवश्यकता
एक ऑनलाइन मीडिया ब्रीफिंग को संबोधित करते हुए, केजरीवाल ने कहा कि छात्रों को उच्च शिक्षा के अधिक अवसर प्रदान करने के लिए दिल्ली में और अधिक कॉलेज तथा विश्वविद्यालय खोलने की आवश्यकता है.

हर साल लगभग 2.5 लाख छात्र 12वीं पास करते हैं
केजरीवाल ने कहा, दिल्ली में हर साल लगभग 2.5 लाख छात्र 12वीं कक्षा की परीक्षा उत्तीर्ण करते हैं और उनमें से केवल 1.25 लाख छात्रों को ही शहर के कॉलेजों में प्रवेश मिलता है. उन्होंने कहा कि दिल्ली विश्वविद्यालय से संबद्ध 91 कॉलेज और संस्थान हैं, जबकि पेशेवर डिग्री प्रदान करने वाले आईपी विश्वविद्यालय में 127 कॉलेज और संस्थान हैं.



नए कॉलेजों को दिल्ली विश्वविद्यालय से संबद्ध (Affiliates) करना होगा
उन्होंने कहा कि डीयू अधिनियम की धारा 5 (2) के तहत शहर में स्थापित नए कॉलेजों को दिल्ली विश्वविद्यालय से संबद्ध (Affiliates) करना होगा. केजरीवाल ने दावा किया कि पिछले 30 वर्षों में, डीयू ने किसी भी नए कॉलेज को अपनी संबद्धता नहीं दी है.

केजरीवाल ने कहा कि उन्होंने केंद्रीय शिक्षा मंत्री से डीयू अधिनियम की धारा 5 (2) में संशोधन करने का अनुरोध किया है, ताकि शहर में और कॉलेज और विश्वविद्यालय स्थापित किए जा सकें.

100 प्रतिशत कट-ऑफ पांच साल के अंतराल के बाद 
इस सप्ताह की शुरुआत में, दिल्ली विश्वविद्यालय ने स्नातक पाठ्यक्रमों में दाखिला के लिए अपनी पहली कट-ऑफ सूची की घोषणा की थी, जिसमें लेडी श्रीराम कॉलेज के तीन ऑनर्स पाठ्यक्रमों के लिए कट-ऑफ 100 प्रतिशत था. दिल्ली विश्वविद्यालय में स्नातक पाठ्यक्रमों में प्रवेश के लिए 100 प्रतिशत कट-ऑफ पांच साल के अंतराल के बाद आया है.

कम प्रतिशत वाले लोग कहां जाएंगे
मुख्यमंत्री ने कहा, "कुछ कॉलेजों में कट-ऑफ बढ़कर 100 फीसदी तक पहुंच गई है. कम प्रतिशत वाले लोग कहां जाएंगे. यह उनकी गलती नहीं है. यह हमारी ओर से की गई गलती है, जिसमें दिल्ली और केंद्र सरकार शामिल हैं.

दिल्ली सरकार कॉलेजों और विश्वविद्यालय खोलने के लिए तैयार
केजरीवाल ने कहा कि दिल्ली सरकार कॉलेजों और विश्वविद्यालयों को खोलने के लिए तैयार है, लेकिन डीयू अधिनियम के रूप में कानूनी अड़चन है, जिसे 1922 में बनाया गया था, जिसमें संशोधन करने की जरुरत है. उन्होंने कहा कि 1998 में, अधिनियम में संशोधन किया गया और पेशेवर पाठ्यक्रमों के लिए आईपी विश्वविद्यालय खोला गया. इस विश्वविद्यालय से संबद्ध 127 कॉलेज हैं और इसकी भी क्षमता पूरी हो गई है.

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नए कॉलेज और विश्वविद्यालय खोलने की जरुरत
केजरीवाल ने कहा कि दिल्ली के सभी छात्रों के साथ-साथ उच्च शिक्षा के लिए बाहर से दिल्ली आने वाले सभी छात्रों को समायोजित करने के लिए नए कॉलेज और विश्वविद्यालय खोलने की जरुरत है.
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