शिक्षा मंत्री निशंक ने कोरोना वायरस के बीच किया ये बड़ा काम, यहां मिलेगी पूरी डिटेल

शिक्षा मंत्री निशंक ने कोरोना वायरस के बीच किया ये बड़ा काम, यहां मिलेगी पूरी डिटेल
एचआरडी मिनिस्टर रमेश पोखरियाल निशंक ने इसकी जानकारी ट्विटर के जरिए दी.

जानलेवा महामारी कोरोना वायरस (Coronavirus) से उपजे हालात के बीच स्कूल और कॉलेज (Schools and Colleges) समेत देशभर के शिक्षण संस्थान करीब पांच महीने से बंद हैं.

  • News18Hindi
  • Last Updated: August 5, 2020, 2:42 PM IST
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नई दिल्ली. केंद्रीय शिक्षा मंत्री रमेश पोखरियाल निशंक (Education Minister Ramesh Pokhriyal Nishank) ने बुधवार 5 अगस्त को इंडियन इंस्टीट्यूट आफ मैनेजमेंट (Indian Institute of Management) यानी आईआईएम सिरमौर (IIM Sirmaur) की आधारशिला रखी. निशंक ने हिमाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर और प्रदेश के शिक्षा मंत्री संजय धोतरे के साथ वर्चुअल माध्यम से ऑनलाइन इंस्टीट्यूट की नींव रखी. 210 एकड़ में फैला ये आईआईएम धौलाकुआं में बनाया जा रहा है.

कुल 531 करोड़ रुपये होंगे खर्च 
आईआईएम सिरमौर अगस्त 2015 से एक मेंटर इंस्टीट्यूशन के तौर पर आईआईएम लखनउ द्वारा संचालित किया जा रहा था. इसके अस्थायी कैंपस पोंटा साहिब से 20 स्टूडेंट्स का पोस्ट ग्रेजुएट प्रोग्राम का पहला बैच भी निकला था. मगर अब आईआईएम सिरमौर के स्थायी कैंपस की आधारशिला रखी गई, जिसमें 1170 स्टूडेंट्स की मौजूदगी होगी. केंद्र सरकार ने इसके लिए 531.75 करोड़ रुपये मंजूर किए हैं, जिसमें से 392.51 करोड़ रुपये निर्माण कार्य पर खर्च होंगे.

एमबीए स्टूडेंट्स भविष्य के कॉरपोरेट लीडर्स
इस मौके पर केंद्रीय शिक्षा मंत्री रमेश पोखरियाल निशंक ने कहा, एमबीए स्टूडेंट्स भविष्य के कॉरपोरेट लीडर्स हैं. आत्मनिर्भर भारत को मजबूती देने की दिशा में उनके कंधों पर बड़ी जिम्मेदारी है. राष्ट्र निर्माण के उद्देश्य की पूर्ति की राह में शिक्षा महत्वपूर्ण कड़ी है. हमें ईको सिस्टम आफ एक्सीलेंस बनाने के लिए अपने शिक्षण संस्थानों में रिसर्च और इनोवेशन को प्रमोट करना होगा.





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रमेश पोखरियाल निशंक ने आगे कहा, आईआईएम सिरमौर को विश्व स्तरीय सुविधाओं वाला शिक्षण संस्थान बनाने की दिशा में शिक्षा मंत्रालय की ओर से हरसंभव सहयोग दिया जाएगा. बता दें कि हाल ही में केंद्र सरकार ने नई शिक्षा नीति को भी मंजूरी दी है. साथ ही मानव संसाधन विकास मंत्रालय का नाम बदलकर अब शिक्षा मंत्रालय कर दिया गया है.
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