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कोरोना केसों में तेजी के बीच खुले रहेंगे सरकारी दफ्तर, केंद्रीय कर्मचारियों के लिए ये हैं नियम

कोरोना की संभावित तीसरी लहर के खतरे को देखते हुए दिशा-निर्देश जारी किए हैं. (सांकेतिक फोटो)

कोरोना की संभावित तीसरी लहर के खतरे को देखते हुए दिशा-निर्देश जारी किए हैं. (सांकेतिक फोटो)

Corona in India: केंद्र सरकार (central government) ने कोरोना वायरस संक्रमण (Corona virus infection) के बढ़ते मामलों के ...अधिक पढ़ें

    नई दिल्ली. केंद्र सरकार (central government) ने कोरोना वायरस संक्रमण (Corona virus infection) के बढ़ते मामलों के बीच अवर सचिव स्तर से नीचे के अपने 50 प्रतिशत कर्मचारियों को घर से काम करने की अनुमति दी है. कार्मिक मंत्रालय के सोमवार को जारी आदेश में यह बात कही गयी. आदेश के अनुसार दिव्यांग कर्मी और गर्भवती महिला कर्मियों को दफ्तर आने से छूट प्रदान की गयी है. इसमें कहा गया कि केंद्र सरकार के अधिकारियों और कर्मचारियों को अलग-अलग समय-सारणी के हिसाब से कार्यालय आना होगा ताकि दफ्तरों में अधिक संख्या में लोग नहीं एकत्रित हों. केंद्र ने सोमवार को अपने सभी कर्मचारियों के लिए बायोमेट्रिक उपस्थिति दर्ज कराने की व्यवस्था 31 जनवरी तक के लिए बंद कर दी है.

    कार्मिक राज्यमंत्री जितेंद्र सिंह ने कहा कि यह निर्णय सरकारी कर्मचारियों की सुरक्षा एवं स्वास्थ्य के मद्देनजर लिया गया है. केंद्र सरकार के सभी विभागों को जारी आदेश में मंत्रालय ने कहा कि कोविड निषिद्ध (कन्टेनमेंट) क्षेत्रों में रहने वाले सभी अधिकारियों/कर्मियों को भी तब तक कार्यालय आने से छूट दी गयी है, जब तक वे क्षेत्र निषिद्ध बने रहते हैं. आदेश के मुताबिक, ‘अवर सचिव स्तर से नीचे के सरकारी कर्मियों की प्रत्यक्ष उपस्थिति वास्तविक कर्मचारी संख्या की 50 प्रतिशत तक सीमित होगी और बाकी 50 प्रतिशत लोग घरों से काम करेंगे.’

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    कोरोना वायरस को फैलने से रोकने के लिए केंद्र ने अपने सभी कर्मचारियों के लिए बायोमेट्रिक उपस्थिति दर्ज कराने की व्यवस्था 31 जनवरी तक के लिए बंद कर दी है. कार्मिक राज्यमंत्री जितेंद्र सिंह ने ट्वीट किया, ‘बीते कुछ दिन में कोविड के बढ़ते मामलों के मद्देनजर, सरकारी अधिकारियों और कर्मचारियों के लिए बायोमेट्रिक उपस्थिति दर्ज करवाने की व्यवस्था अगले आदेश तक के लिए तत्काल निलंबित की जाती है. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में यह निर्णय सरकारी कर्मचारियों की सुरक्षा और स्वास्थ्य की दृष्टि से लिया गया है.’

    कार्मिक मंत्रालय की ओर जारी आदेश में कहा गया कि सभी कर्मचारियों को उपस्थिति रजिस्टर में अपनी हाजिरी दर्ज करनी होगी. इसमें कहा गया, ‘एहतियाती कदम के तौर पर यह निर्णय हुआ है कि भारत सरकार के सभी मंत्रालयों/विभागों में आधार आधारित बायोमेट्रिक उपस्थिति की व्यवस्था 31 जनवरी 2022 तक निलंबित रहेगी. आदेश में कहा गया कि सभी विभागों के प्रमुखों को यह सुनिश्चित करना होगा कि सभी कर्मचारी पूरे वक्त मास्क पहनें और कोविड अनुरूप व्यवहार का कड़ाई से पालन करें. केंद्र सरकार ने अपने सभी स्तर के कर्मचारियों के लिए बायोमेट्रिक उपस्थिति की व्यवस्था आठ नवंबर से बहाल की थी.

    Tags: Central government, Corona New Guideline

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