नक्सली शहीदी सप्ताह को लेकर छत्तीसगढ़ में अलर्ट, 14 जिलों में फोर्स रखेगी पैनी नजर

मालूम हो कि शहीदी सप्ताह के दौरान माओवादी बड़ी घटनाओं को अंजाम देने की फिराक में रहते है. ऐसे में माओवाद प्रभावित क्षेत्रों में सुरक्षा बल के जवानों ने अपनी चौकसी बढ़ा दी है.

Surendra Singh | News18 Chhattisgarh
Updated: July 23, 2019, 1:16 PM IST
नक्सली शहीदी सप्ताह को लेकर छत्तीसगढ़ में अलर्ट, 14 जिलों में फोर्स रखेगी पैनी नजर
मिली जानकारी के मुताबिक माओवादी 28 जुलाई से लेकर 3 अगस्त तक प्रदेश के माओवाद प्रभावित 14 जिलों में शहीदी सप्ताह मानएंगे. (Demo pic)
Surendra Singh | News18 Chhattisgarh
Updated: July 23, 2019, 1:16 PM IST
छत्तीसगढ़ में माओवादी अपने क्षेत्रों में मारे गए साथियों को शहीदी सप्ताह मनाकर श्रद्धांजलि देने की तैयारी कर रहे है. मिली जानकारी के मुताबिक माओवादी 28 जुलाई से लेकर 3 अगस्त तक प्रदेश के माओवाद प्रभावित 14 जिलों में शहीदी सप्ताह मानएंगे. माओवादियों के शहीदी सप्ताह को लेकर सुरक्षा बलों ने भी अपनी कमर कस ली है. मालूम हो कि शहीदी सप्ताह के दौरान माओवादी बड़ी घटनाओं को अंजाम देने की फिराक में रहते है. ऐसे में माओवाद प्रभावित क्षेत्रों में सुरक्षा बल के जवानों ने अपनी चौकसी बढ़ा दी है.

छत्तीसगढ़ में नक्सली अपने साथियों की मौत पर श्रद्धांजलि देने शहीदी सप्ताह मानने है. हर साल की तरह इस साल भी माओवादी 28 जुलाई से 3 अगस्त तक बड़ी संख्या में जुटेंगे. बात अगर पुलिस और माओवादियों के बीच तीन साल में मुठभेड़ की करें तो 450 से ज्यादा माओवादियों को पुलिस ने मार गिराया है. इस बार माओवादियों के शहीदी सप्ताह के दौरान सुरक्षा बल के जवान पूरी तरह से अलर्ट रहने वाले है.

पुलिस और माओवादियों के बीच तीन साल में मुठभेड़ की करें तो 450 से ज्यादा माओवादियों को पुलिस ने मार गिराया है. (File Photo)


जवानों की नई रणनीति

माओवादियों के शहीदी सप्ताह पर सुरक्षा बलों की कड़ी नजर बनी हुई है. इस पूरे मामले में डीआईजी नक्सल ऑपरेशन सुंदरराज.पी का कहना है कि हर साल 28 जुलाई से लेकर 3 अगस्त तक नक्सली शहीदी सप्ताह मानते है. इस दौरान माओवादी बैठक करने की योजना बनाते है. फिलहाल सभी थानों में अलर्ट जारी कर दिया गया है. संवेदनशील इलाकों में सर्चिंग तेज कर दी गई है. सतर्क रहने के निर्देश दे दिए गए है.

डीआईजी नक्सल ऑपरेशन सुंदरराज.पी का कहना है कि माओवादी शहीदी सप्ताह के दौरान गांव-गांव में अपने मारे गए साथियों के बारे में गांव वालों को पूरी कहानी बताते है. इस वजह से इस बार सुरक्षा बल के जवानों की नजर सभी माओवाद प्रभावित जिलों पर रहेगी. माओवादियों के की सूचना पर ऑपरेशन चलाया जाएगा.

 
Loading...

ये भी पढ़ें: 

सुकमा के भेज्जी इलाके में मुठभेड़, मारा गया एक लाख का इनामी नक्सली 

छत्तीसगढ़: बारिश के लिए करना होगा अभी और इंतजार, मौसम विभाग ने जताई ये आशंका 

 
First published: July 23, 2019, 1:13 PM IST
Loading...
पूरी ख़बर पढ़ें अगली ख़बर
Loading...