सांसद लखन लाल साहू के गोद लिए ग्राम में मूलभूत सुविधाओं से वंचित हैं लोग

तीन वर्ष पूर्व गोद लिए मिट्ठूनवागांव में सांसद लखन लाल साहू तो पहुंचे पर गांव की जरूरतें और विकास आज तक नहीं पहुंची. गांव में सड़क, पानी, बिजली और शिक्षा के लिए लोगों को जूझना पड़ रहा है.

Sanjay Manikpuri | News18 Chhattisgarh
Updated: March 17, 2019, 12:08 PM IST
सांसद लखन लाल साहू के गोद लिए ग्राम में मूलभूत सुविधाओं से वंचित हैं लोग
सांसद लखन लाल साहू के गोद लिए ग्राम में मूलभूत सुविधाओं से वंचित हैं लोग
Sanjay Manikpuri | News18 Chhattisgarh
Updated: March 17, 2019, 12:08 PM IST
छत्तीसगढ़ के बिलासपुर जिले में सांसद आदर्श ग्राम मिट्ठूनवागांव में शासन की कथनी-करनी में बहुत फर्क देखने को मिला है. गांव में विकास तो दूर ग्रामीणों को मूलभूत सुविधा भी नहीं मिली है. सांसद गोद ग्राम में विकास के नाम पर सौतेला व्यवहार किया गया है. तीन वर्ष पूर्व गोद लिए मिट्ठूनवागांव में सांसद लखन लाल साहू तो पहुंचे पर गांव की जरूरतें और विकास आज तक नहीं पहुंची. गांव में सड़क, पानी, बिजली और शिक्षा के लिए लोगों को जूझना पड़ रहा है.

आपको बता दें कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने केंद्र में सरकार बनने के बाद सांसद आदर्श गांव की योजना शुरू की थी. वहीं लखन लाल साहू द्वारा गोद लिए मिट्ठूनवागांव में आज भी लोग बुनियादी स्तर पर बदलाव की राह ताक रहे हैं. गांव के लोगों का कहना है कि प्रधानमंत्री के विकास का सपना शायद मजाक ही था. इससे अच्छा तो सांसद ने गोद नहीं लिया होता तब ठीक रहता. गांव की जनता अपने आप को ठगा महसूस कर रही है.

ग्रामीणों को जब यह पता चला कि उनके गांव को सांसद लखन लाल साहू ने गोद लिया है तब उनकी खुशी ठिकाना नहीं थी. जिला से लेकर ब्लॉक स्तर के अधिकारी-कर्मचारी गांव के सरपंच और गणमान्य लोगों से गांव के विकास को लेकर चर्चा की गई थी. तीन वर्ष पहले गांव को गोद लेने वाले सांसद लखन लाल साहू और अधिकारियों ने गांव में दर्जनों बार दौरा किया. विकास की सैकड़ों बातें कही, लेकिन आज तक ग्रामीणों को विकास के नाम पर कुछ भी हाथ नहीं लगा.



इस दौरान ग्रामीणों और पंचायत प्रतिनिधि ने सांसद से 41 विकास कार्य की मांग की थी, लेकिन तीन साल बीतने के बाद भी महज दो कार्यों को स्वीकृति मिल सकी है. गांव में सांसद ने तीन साल में महज दो कार्य किए पहला स्कूल का उन्नयन और दूसरा स्कूल में कम्प्यूटर दिलाया. शिक्षक, शौचालय, पानी, बिजली और बाउंड्रीवाल के लिए आज भी लोग मांग ही कर रहे हैं.

वहीं गांव में साप्ताहिक बाजार बैठाने के लिए कोई शेड नहीं होने से लोग आज भी सड़क किनारे बाजार लगाते हैं. वहीं शहर के स्थानीय लोगों का कहना है कि सांसद ने शहर समेत किसी भी विकास कार्य में कोई पहल नहीं की है. सिम्स में भी पीजी कोर्स को लेकर ध्यान नहीं दिया, जिस कारण आज मरीजों को जान गवानी पड़ रही है.

गांव वालों का कहना है कि सांसद ने गांव को गोद लेकर सौतेला व्यवहार किया है. सांसद लखन लाल साहू ने मुंगेली और रेलवे पर ही ज्यादा ध्यान दिया है. लोगों का कहना है कि क्षेत्र में बहुत सी केंद्र की योजनाओं का क्रियान्वयन हुआ, पर गोद ग्राम मिट्ठूनवागांव पर किसी ने ध्यान नहीं दिया.

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