पांच गांव नहीं करते पुलिस पर भरोसा, 'बेटी को भगा ले जाते हैं पुलिसवाले'

Abhishek Pandey | ETV MP/Chhattisgarh
Updated: August 13, 2017, 7:55 AM IST
पांच गांव नहीं करते पुलिस पर भरोसा, 'बेटी को भगा ले जाते हैं पुलिसवाले'
पांच गांव वालों ने पुलिस स्टेशन खोलने के प्रस्ताव का किया है विरोध.
Abhishek Pandey | ETV MP/Chhattisgarh
Updated: August 13, 2017, 7:55 AM IST
छत्तीसगढ़ के धमतरी जिले के कोलियारी, तिर्रा समेत पांच गांव वालों ने पुलिस स्टेशन खोलने के प्रस्ताव का विरोध किया है. गांव वालों का कहना है कि उन्हें डर है कि यहां पुलिस स्टेशन होगा तो पुलिसवाले उनकी बेटियों को अपने प्रेमजाल में फंसाकर भगा ले जाएंगे. इसी वजह से गांव वाले स्टेशन का विरोध कर रहे हैं और पुलिस स्टेशन नहीं बनने की मांग कर रहे हैं.

पुलिस का काम ला एंड आर्डर कायम रखना है, अपराध पर नियंत्रण करना है. पुलिस का काम लड़कियों को प्रेमजाल में फंसा कर भगाना नहीं है, बल्कि कोई ऐसा करे तो उनके खिलाफ कार्रवाई करना है. ऐसे में तिर्रा, कोलियारी क्षेत्र समेत पांच गांव वाले पुलिस के बारे में इससे उल्ट विचार रखते है. मामले को लेकर ग्रामीणों ने 11 अगस्त को बैठक की है. जिसमें वो पुलिस स्टेशन के खिलाफ आंदोलन करने की रणनीति बना चुके हैं. फिलहाल अभी सभी गांव अर्जुनी थाना क्षेत्र में आते हैं.

दरअसल पिछले कुछ साल पहले यहां दो पक्षों के बीच संघर्ष हुआ था. तब से यहां अस्थाई चौकी बना दी गई थी. गांव वालों का कहना है कि पुलिस के जवान गांव की कुछ बेटीयों को प्रेम जाल में फंसा कर भगा ले गए थे. जिसके बाद बेटियां वापस आईं तो शादी करके, तब से यहां पुलिस वालों पर भरोसा नहीं किया जाता है. नए पुलिस स्टेशन के बाद भी ऐसी हरकत हो सकती है इसलिए ग्रामीण पुलिस के खिलाफ हैं.
First published: August 13, 2017
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