बेमौसम बारिश और ओलावृष्टि ने किसानों की तोड़ी कमर, कर रहे कर्ज माफी की मांग

कवर्धा जिले में हुए बेमौसम बारिश और ओलावृष्टि ने किसानों की कमर तोड़ दी है. इसमें सबसे ज्यादा प्रभावित पंडरिया और बोड़ला विकासखंड के किसान हुए हैं.

Manish Mishra | ETV MP/Chhattisgarh
Updated: February 15, 2018, 4:16 PM IST
बेमौसम बारिश और ओलावृष्टि ने किसानों की तोड़ी कमर, कर रहे कर्ज माफी की मांग
बेमौसम बारिश और ओलावृष्टि ने किसानों की तोड़ी कमर
Manish Mishra | ETV MP/Chhattisgarh
Updated: February 15, 2018, 4:16 PM IST
छत्तीसगढ़ के कवर्धा जिले में हुए बेमौसम बारिश और ओलावृष्टि ने किसानों की कमर तोड़ दी है. इसमें सबसे ज्यादा प्रभावित पंडरिया और बोड़ला विकासखंड के किसान हुए हैं. दोनों ब्लॉक के करीब 156 गांव के किसान इससे प्रभावित हुए हैं.

इस दौरान प्रभावित गांवों के किसानों ने आज कलेक्टर नीरज बंसोड से मुलाकात कर अपना दुखड़ा सुनाया. वहीं मामले में पीड़ित किसानों ने बताया कि बारिश के साथ हुए ओलावृष्टि में उनकी चना, तुवर, मसूर, अरहर, लाखड़ी, मटर, टमाटर आदि की खेती पूरी तरह से नष्ट हो गई है.

किसानों का कहना है कि उन्होंने केसीसी लोन लेकर खेती की थी, लेकिन आज प्रकृति की ऐसी मार पड़ी कि वो कर्ज चुकाने की भी स्थिति में नहीं हैं. वहीं कुछ किसानों ने कहा कि सरकार उनकी तरफ ध्यान दें. उनका कहना है कि किसानों की कर्जमाफी होनी चाहिए.

वहीं किसानों की मांग है कि इस दौरान नष्ट हुए उनके फसलों के बदले उन्हें तत्काल मुआवजा दिया जाए. किसानों ने कहा कि अगर उनके कर्ज माफ नहीं हुए, तो किसान उसे पटा नहीं पाएंगे, जिस कारण वे आत्महत्या करने पर मजबूर हो जाएंगे.

वहीं कलेक्टर नीरज कुमार बनसोड ने आज इस संबंध में कृषि और राजस्व विभाग के आला अधिकारियों की बैठक ली. इसमें प्रारंभिक रिपोर्ट में करीब 156 गांवों में ज्यादा प्र‌भाव देखा गया है. इनका सर्वे कर आरबीसी 6,4 के तहत किसानों को राहत दी जाएगी, जिसकी रिपोर्ट तैयार कर राज्य सरकार को भेजा जाएगा.
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