Home /News /chhattisgarh /

मछली उत्पादन में छत्तीसगढ़ अग्रणी, अब तक 25 लाख टन मछलियों की पैदावार

मछली उत्पादन में छत्तीसगढ़ अग्रणी, अब तक 25 लाख टन मछलियों की पैदावार

मछली पालन के लिए उपलब्ध जलक्षेत्र 1.635 लाख हेक्टेयर जलक्षेत्र में से 94 प्रतिशत जल क्षेत्र को विकसित कर दो लाख से अधिक मछुआरों को स्वरोजगार उपलब्ध कराया जा रहा है.

मछली पालन के लिए उपलब्ध जलक्षेत्र 1.635 लाख हेक्टेयर जलक्षेत्र में से 94 प्रतिशत जल क्षेत्र को विकसित कर दो लाख से अधिक मछुआरों को स्वरोजगार उपलब्ध कराया जा रहा है.

मछली पालन के लिए उपलब्ध जलक्षेत्र 1.635 लाख हेक्टेयर जलक्षेत्र में से 94 प्रतिशत जल क्षेत्र को विकसित कर दो लाख से अधिक मछुआरों को स्वरोजगार उपलब्ध कराया जा रहा है.

मछलियों की पैदावार बढ़ाने में छत्तीसगढ़ को लगातार अच्छी सफलता मिल रही है.

राज्य में चालू वित्तीय वर्ष 2015-16 के दौरान दिसम्बर 2015 तक दो लाख 51 हजार 315 मीटरिक टन मछलियों का उत्पादन हो चुका है. वित्तीय वर्ष 2004-05 में एक लाख 20 हजार मीटरिक टन मछलियों की पैदावार हुई थी.

विगत 12 वर्ष में 25 लाख मीटरिक टन से अधिक मछिलियों की पैदावार हो चुकी है. छत्तीसगढ़ अंतर्देशीय मछली उत्पादन के क्षेत्र में देश में पांचवे बड़े राज्य के रूप में उभरकर सामने आया है. छत्तीसगढ़ मछली बीज उत्पादन और आपूर्ति के क्षेत्र में भी आत्म-निर्भर हो गया है.

राज्य के मछली पालक किसानों की जरूरतों के अनुरूप मछली बीजों की पैदावार राज्य में ही हो रही है. वर्ष 2000-2001 में जहां 25 करोड़ मछली बीज का उत्पादन हुआ था.

वहीं वर्ष 2013-14 में 122 करोड़, वर्ष 2014-15 में 133 करोड़ तथा वर्ष 2015-16 में 135 करोड़ मछली बीज का उत्पादन किया गया. मछली पालन के लिए उपलब्ध जलक्षेत्र 1.635 लाख हेक्टेयर जलक्षेत्र में से 94 प्रतिशत जल क्षेत्र को विकसित कर दो लाख से अधिक मछुआरों को स्वरोजगार उपलब्ध कराया जा रहा है.

Tags: Chhattisgarh news, Fisheries

विज्ञापन

विज्ञापन

टॉप स्टोरीज

अधिक पढ़ें

अगली ख़बर