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Raipur: सुभाष चंद्र बोस बिजनेस इंक्यूबेशन सेंटर का शिलान्यास, युवा गढ़बो नवा छत्तीसगढ़ में अहम कदम

सीएम भूपेश बघेल ने नए इंक्यूबेशन सेंटर का शिलान्यास किया. (फाइल फोटो)
सीएम भूपेश बघेल ने नए इंक्यूबेशन सेंटर का शिलान्यास किया. (फाइल फोटो)

Raipur News: छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल (CM Bhupesh Baghel) ने सीएम निवास में स्थित कार्यालय में 30 करोड़ रुपये की लागत से बन रहे नेताजी बायोटेक इन्क्यूबेशन सेन्टर भवन का ऑनलाइन शिलान्यास किया.

  • News18Hindi
  • Last Updated: January 23, 2021, 2:31 PM IST
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रायपुर. नेताजी सुभाष चंद्र बोस की जयंती (Subhash Chandra Bose Anniversary) के मौके पर कृषि से जुड़े स्टार्टअप को नई सौगात मिली है. राज्य सरकार ने शनिवार को नेताजी के नाम पर एग्री-बिजनेस इन्क्यूबेशन सेन्टर की शुरुआत की. मुख्यमंत्री भूपेश बघेल (CM bhupesh Baghel) ने मुख्यमंत्री निवास कार्यालय में 30 करोड़ रुपये की लागत से बन रहे इस बायोटेक इन्क्यूबेशन सेन्टर भवन का ऑनलाइन शिलान्यास किया.

इस मौके पर मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने कहा कि देश आज नेता जी सुभाषचंद्र बोस जयंती मना रहा है. सुभाष चंद्र बोस युवाओं के प्ररेणास्रोत रहे हैं. इसलिए युवा उद्यमियों के इस केंद्र का नाम उन्हीं के नाम पर कर रहे हैं. यह सेंटर्स कृषि को उद्योग से जोड़ने का काम करेंगे.

गढ़बो नवा छत्तीसगढ़ में अहम भूमिका होगी


सीएम ने कहा- यहां फूड प्रोसेसिंग, फसलों की गुणवत्ता पर आधारित स्टार्ट अप शुरू करने वाले युवाओं को जगह और उनके काम में तकनीकी तौर पर सहायता इंदिरा गांधी कृषि विश्वविद्यालय देगा. उत्पादक युवा गढ़बो नवा छत्तीसगढ़ में अपनी अहम भूमिका निभाएंगे. हमारा सपना है कि हमारे जीवन में इस्तेमान होने वाली हर चीज का उत्पादन छत्तीसगढ़ में हो. इस दिशा में यह अहम कदम होगा.

ऐसे बन रहा यह बिजनेस सेंटर


यह सुभाष चंद्र बोस बिजनेस इंक्यूबेशन सेंटर रायपुर के इंदिरा गांधी कृषि विश्वविद्यालय, कृषि विकास एवं किसान कल्याण तथा जैव प्रौद्योगिकी विभाग के संयुक्त उपक्रम के तौर पर बनाया जा रहा है. इस बायोटेक्नालॉजी पार्क के प्रथम चरण में इंदिरा गांधी कृषि विश्वविद्यालय कैंपस में 30 करोड़ रुपये की लागत आ रही है. यह सेंटर दो साल में पूरा हो जाएगा. आरंग तहसील के ग्राम मुनगी में 9.59 हेक्टेयर भूमि पर बिजनेस इन्टरप्राइज जोन बनेगा. इस केन्द्र में 23 कंपनियों को 3 साल तक अनुसंधान, तकनीकी एवं अधोसंरचना सुविधायें प्रदान की जाएगी. बायोटेक्नालॉजी पार्क में एग्री बायोटेक, हेल्थ केयर बायोटेक, फूड प्रोसेसिंग एवं कृषि आधारित वैल्यू एडेड प्रोडक्ट्स की कंपनियों को प्राथमिकता दी जाएगी.
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