Chhattisgarh : नक्सल गतिविधियों से पाई आजादी, सुकमा में सक्रिय 5 नक्सलियों ने किया सरेंडर
Sukma News in Hindi

Chhattisgarh : नक्सल गतिविधियों से पाई आजादी, सुकमा में सक्रिय 5 नक्सलियों ने किया सरेंडर
स्वतंत्रता दिवस के दिन सुकमा में 5 नक्सलियों ने आत्मसमर्पण किया . (सांकेतिक फोटो)

सुकमा (Sukma) में पुलिस अधीक्षक के सामने इनामी पांच नक्सलियों ने आत्मसमर्पण किया है. पुलिस ने सक्रिय नक्सलियों से अपील की है कि वे भी समर्पण करें, उन्हें शासन की योजनाओं का लाभ दिया जाएगा.

  • News18Hindi
  • Last Updated: August 15, 2020, 7:40 PM IST
  • Share this:
सुकमा. '15 सालों से नक्सल खेमे (Naxal camp) से जुड़ा रहा. राहत शिविर पर हमला जैसी कई घटनाओं में शामिल हुआ. कई बार काले झंडे भी फहराए, क्योंकि संगठन में यह दिन काला दिवस (Black Day) के रूप में मनाया जाता है. लेकिन आज मेरे दिल को बहुत अच्छा लगा, जब मैंने तिरंगा झंडा (Tricolor flag) लहराया. मेरी इच्छा थी कि आज के दिन ही पुलिस के समक्ष आत्मसमर्पण (surrender) कंरू. में अपने साथियों से अपील करता हूं कि वे संगठन को छोड़ मुख्याधारा (Main stream) से जुड़ें' ये बातें पत्रकारों से चर्चा करते हुए 8 लाख के इनामी नक्सली व्यंकटेश ने कहीं. आज जिला मुख्यालय स्थित पुलिस अधीक्षक कार्यालय में डीआईजी सीआरपीएफ व एसपी के समक्ष पांच नक्सलियों ने आत्मसमर्पण किया. पुलिस अधीक्षक कार्यालय में बोड्डू व्यंकटेश उर्फ राजीव (8 लाख का इनामी), उंडाम सन्ना (5 लाख का इनामी), मड़कम सोनी (1 लाख का इनामी), सन्ना मरकाम व पोड़ियम देवा ने पुलिस के समक्ष समर्पण किया है. सभी सरेंडर नक्सलियों को प्रोत्साहन राशि दी गई. वही शासन की योजनाओं का लाभ देने की बात अधिकारियों ने कही. इस दौरान सुनील शर्मा एएसपी सुकमा, रघुवंश कुमार कमांडेंट 223, अनिल विश्वकर्मा और आशा सेन मौजदू थे.

काला दिवस मनाने वालों ने स्वतंत्रता दिवस मनाया

सुकमा के एसपी शलभ सिन्हा ने बताया कि जिले में लगातार नक्सलियों के खिलाफ ऑपरेशन चलाए जा रहे हैं. साथ ही सिविक एक्शन व जागरूकता अभियान भी चलाया जा रहा है. जिसके चलते संगठन छोड़कर कई नक्सली मुख्यधारा से जुड़ रहे हैं. ऐसे ही आज 5 नक्सलियों ने आत्मसमर्पण किया. आज तक जो काला दिवस मनाया करते थे, आज उन्होंने स्वंतत्रा दिवस मनाया है. हम उन सभी लोगों से अपील करते हैं जो गलत विचारधारा से प्रभावित होकर जंगलों में भटक रहे हैं, वे सरेंडर करें और जिले व प्रदेश के विकास में अपनी भूमिका निभाए. इन सभी को शासन की योजना का लाभ दिया जाएगा. इस मौके पर सीआरपीएफ के डीआईजी योज्ञान सिंह ने कहा कि समर्पण करने के लिए इससे अच्छा अवसर कुछ नहीं हो सकता था. मुख्यधारा से जुड़ने आए इन साथियों का स्वागत करता हूं और विकास विरोधी कार्यों में अब भी लिप्त नक्सलियों से अपील करता हूं कि वे मुख्यधारा से जुड़ें.



पति से करती हूं अपील संगठन छोड़ मुख्यधारा से जुड़ें : मड़कम सोनी
चिरमूल एंबुश व पुमबाड़ घटनाओं समेत आधा दर्जन घटनाओं में शामिल नक्सली मड़कम सोनी ने आत्मसपर्मण किया है. महिला नक्सली मड़कम सोनी ने कहा कि पिछले कई सालों से सरेंडर करने का प्रयास कर रही थी क्योंकि नक्सल संगठन में महिलाओं के साथ भेदभाव होता है. इसलिए मैंने सरेंडर किया है. अब मैं अपने पति सुखराम से अपील करती हूं कि वे भी नक्सल संगठन को छोड़ मुख्यधारा से जुड़ जाएं.
अगली ख़बर

फोटो

टॉप स्टोरीज