Ayodhya Verdict: सुप्रीम कोर्ट के फैसले पर शाही इमाम बोले- रिव्‍यू पिटीशन की जरूरत नहीं
Delhi-Ncr News in Hindi

ऑल इंडिया मुस्लिम पर्सनल लॉ बोर्ड (AIMPLB) के सचिव एडवोकेट ज़फरयाब जिलानी (Zafaryab Jilani) के बयान पर शाही इमाम अहमद बुखारी (Imam Ahmed Bukhari) का कहना है कि उन्‍हें रिव्यू पिटीशन (Review Petition) के लिए जाना ठीक नहीं लगता.

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  • Last Updated: November 9, 2019, 5:22 PM IST
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नई दिल्ली. रामजन्मभूमि-बाबरी मस्जिद (Babri Masjid) विवाद पर सुप्रीम कोर्ट (Supreme Court) ने शनिवार को ऐतिहासिक फैसला सुनाया. शीर्ष अदालत का फैसला आने के बाद जामा मस्जिद (Jama Masjid, Delhi) के शाही इमाम अहमद बुखारी (Imam Ahmed Bukhari) ने कहा है कि यह मुलक कायदे और कानून से चलता है. वहीं, पांच एकड़ ज़मीन लेने या न लेने के मामले पर उन्होंने ऑल इंडिया मुस्लिम पर्सनल लॉ बोर्ड (AIMPLB) के बारे में भी बड़ी बात कही है.

इमाम बुखारी बोले- रिव्यू पिटीशन की जरूरत नहीं

AIMPLB के सचिव और सीनियर एडवोकेट ज़फरयाब जिलानी ने अयोध्या मामले पर सुप्रीम कोर्ट के फैसले से असंतुष्टी जाहिर की है. उनका कहना है कि बोर्ड की मीटिंग में यह तय किया जाएगा कि इस मामले में रिव्यू पिटीशन दायर किया जाए या नहीं. जिलानी के इस बयान पर शाही इमाम अहमद बुखारी का कहना है कि फैसला आने के बाद उन्‍हें इस मसले में रिव्यू पिटीशन दायर करना ठीक नहीं लगता. साथ ही उन्‍होंने कहा कि इस फैसले को स्वीकार किया जाना चाहिए, क्‍योंकि पहले भी मुस्लिम समुदाय कहता था कि उन्‍हें सुप्रीम कोर्ट का फैसला मंजूर होगा.



'पर्सनल लॉ बोर्ड ने कोई कसर नहीं छोड़ी'



शाही इमाम अहमद बुखारी का कहना है कि अयोध्या विवाद के मामले में AIMPLB ने कोई कसर नहीं छोड़ी. पूरी मेहनत के साथ केस लड़ा गया. किसी भी तरह की कमी नहीं होने दी गई. बता दें कि सुप्रीम कोर्ट ने अपने फैसले में मस्जिद के लिए पांच एकड़ ज़मीन देने की बात कही है. दूसरी तरफ, असदुद्दीन औवेसी ने कहा है कि बोर्ड को ज़मीन नहीं लेनी चाहिए. वहीं, ज़मीन लेने या न लेने के सवाल पर इमाम बुखारी का कहना है कि यह फैसला तो मुस्लिम पर्सनल लॉ बोर्ड ही करेगा.


कोर्ट के फैसले पर ये भी बोले इमाम बुखारी

इमाम बुखारी ने जामा मस्जिद परिसर में आयोजित प्रेस कांफ्रेंस में कहा कि 134 साल से चला आ रहा विवाद अब खत्म हो गया है. अदालत ने अपना फैसला दे दिया है. मुल्क में अब आगे इस तरह के तनाव से न गुज़रना पड़े. हमारे रिश्ते बेहतर हों इस लिहाज से हमें आगे बढ़ना होगा. पीएम नरेन्द्र मोदी ने जो बयान दिया है, उससे उम्मीद करना चाहिए कि देश में आपसी प्रेम और सौहार्द्र पैदा होगा. साथ ही शाही इमाम ने कहा कि उन्‍हें उम्‍मीद है कि देश विकास की ओर बढ़ेगा.

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