दिल्ली में ब्लैक फंगस के मामलों में भारी उछाल, केस बढ़कर पंहुचे 500; केजरीवाल बोले- इंजेक्शन की कमी

दिल्ली के सरकारी और निजी अस्पतालों में ब्लैक फंगस के मरीजों का इलाज चल रहा है.

दिल्ली के सरकारी और निजी अस्पतालों में ब्लैक फंगस के मरीजों का इलाज चल रहा है.

दिल्ली सरकार ने ब्लैक फंगस के मरीज़ों के लिए तीन केंद्र बनाए हैं. दिल्ली के LNJP, GTB और राजीव गांधी अस्पताल में इसके केंद्र बनाए गए हैं जिसमें LNJP और जीटीबी में ये सेंटर शुरू हो गए हैं. मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल का दावा है कि दिल्ली में ब्लैक फंगस के इलाज के लिए ज़रूरी इंजेक्शन की कमी देखने को मिल रही है.

  • Share this:

नई दिल्ली. कोरोना के साथ-साथ ब्लैक फंगस का कहर बढ़ता जा रहा है. दिल्ली में ब्लैक फंगस के मामलों में भारी उछाल आया है. दिल्ली में ब्लैक फंगस के मामले लगभग 500 हो गए हैं जिनका इलाज अलग-अलग अस्पतालों में चल रहा है. मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल का दावा है कि दिल्ली में ब्लैक फंगस के इलाज के लिए ज़रूरी इंजेक्शन की कमी देखने को मिल रही है. देश कोरोना के कोहराम से अभी उबरा भी नहीं है लेकिन ब्लैक फंगस ने नई चुनौती सामने खड़ी कर दी है. राजधानी दिल्ली में भी ब्लैक फंगस के मामले तेज़ी से बढ़ रहे हैं. दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने बताया कि दिल्ली में अब तक लगभग 500 ब्लैक फंगस के मामले सामने आ चुके हैं. सीएम केजरीवाल ने कहा कि ब्लैक फंगस के लिए ज़रूरी इंजेक्शन एम्फोटेरिसन बी की कमी देखने को मिल रही है. एक मरीज़ को रोजाना 4 इंजेक्शन चाहिये तो कम से कम 2000 वैक्सीन रोज़ाना चाहिए

दिल्ली के सरकारी और निजी अस्पतालों में ब्लैक फंगस के मरीजों का इलाज चल रहा है. दिल्ली सरकार ने ब्लैक फंगस के मरीज़ों के लिए तीन केंद्र बनाए हैं. दिल्ली के LNJP, GTB और राजीव गांधी अस्पताल में इसके केंद्र बनाए गए हैं जिसमें LNJP और जीटीबी में ये सेंटर शुरू हो गए हैं. दिल्ली के LNJP में ब्लैक फंगस के 41 मरीज़ों का इलाज चल रहा है जिसमें एक मरीज़ ICU में भर्ती है. GTB अस्पताल में भी ब्लैक फंगस के 41 मरीज़ भर्ती है. निजी अस्पताल सर गंगाराम में 65 ब्लैक फंगस के मरीज़ हैं.

LNJP अस्पताल के एमडी सुरेश कुमार ने बताया कि 'लगातार ब्लैक फंगस के मामले बढ़ रहे हैं. LNJP में ब्लैक फंगस 41 मरीज़ भर्ती हैं. 41 मरीज़ों में 24 मरीज़ डाइबिटीज के हैं जिनका 300 से शुगर है. जितने मरीज़ भर्ती हैं उनमें आधे मरीज़ कोरोना पॉजिटिव हैं और आधे वो हैं जो कोरोना से ठीक हो गए हैं. 4-5 मरीज़ दिल्ली से बाहर हरियाणा, राजस्थान से भी आये हैं. मरीज़ के भर्ती होते ही हम दवाई के लिए मेल करते हैं. पहले से भी कुछ इंजेक्शन थे हमारे पास जिससे इलाज सुचारू रूप से चल रहा है. सर्जरी के लिए दो OT बनाये हैं.'

सुरेश कुमार ने हिदायत दी है कि ब्लैक फंगस से बचने के लिए सबसे ज़रूरी है सुगर कंट्रोल रखें, बिना सलाह के दवाई ना लें और एक मास्क 3-4 दिन से ज़्यादा इस्तेमाल नहीं करना है. अगर ऑक्सीजन घर पर ले रहे हैं तो ड्राई ऑक्सीजन नहीं लेना है. अगर खाना खाने में दिक़्क़त, चेहरा काला, सिर दर्द है. चेहरे पर सूजन है तो तुरंत डॉक्टर से सलाह लें.

अगली ख़बर

फोटो

टॉप स्टोरीज