दिल्ली में टूटा Air Pollution का रिकॉर्ड, आंकड़ा पहुंचा 447, आंखों में होने लगी जलन

दिल्ली में तेजी से बढ़ रहा है एयर पॉल्युशन.  (File Photo)
दिल्ली में तेजी से बढ़ रहा है एयर पॉल्युशन. (File Photo)

आज दिल्ली (Delhi) के करीब आधा दर्जन इलाके 400 के आंकड़े को पार कर चुके हैं. हॉटस्पॉट (Hotspot) की कोई जगह ऐसी नहीं है जहां आंकड़ा 350 से कम हो. लोगों की शिकायत है कि आज पानी का छिड़काव भी नहीं हो रहा है.

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  • Last Updated: October 30, 2020, 3:32 PM IST
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नई दिल्ली. दीवाली (Diwali) से पहले ही दिल्ली में वायु प्रदूषण (Air Pollution) चेतावनी दे रहा है. एयर क्वालिटी इंडेक्स (AIQ) मामले में शुक्रवार को दिल्ली के बवाना इलाके ने इस सीजन का रिकॉर्ड तोड़ दिया है. पीएम 2.5 का लेवल 447 पर पहुंच गया है. यहां रहने वाले और इस इलाके से गुजरने वाले लोगों का कहना है कि आज आंखों में जलन महसूस हो रही है. वहीं हेल्थ (Health) स्पेशिलस्ट का कहना है कि 400 के पार जाने वाला एक्यूआई का लेवल दिल और फेफड़ों के लिए बेहद घातक है.

पीसीबी के अनुसार दिल्ली के हॉटस्पॉट वाले इलाकों में शुक्रवार को वायु प्रदूषण के आंकड़े कुछ इस तरह हैं-

आनंद विहार -- 407



आया नगर -- 358
बवाना -- 447

मथुरा रोड -- 355

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द्वारका -- 408

आईटीओ -- 380

मंदिर मार्ग -- 359

नॉथे कैम्पस -- 358

पटपड़गंज -- 415

शादीपुर -- 417

वज़ीरपुर -- 410

दिल्ली-एनसीआर के वायु प्रदूषण पर सुप्रीम कोर्ट की टिप्‍पणी
दिल्ली-एनसीआर में बढ़ते प्रदूषण पर सुप्रीम कोर्ट ने बड़ी टिप्पणी की है. इस मामले पर सुनवाई करते हुए मुख्य न्यायाधीश जस्टिस एसए बोबडे ने कहा है कि मुझे कुछ जानकारों ने बताया है कि प्रदूषण की वजह सिर्फ पराली नहीं है. आप लोग लंबी लंबी खूबसूरत गाड़ियों में घूमना बंद करें. साइकिल चलाने की आदत डालनी होगी. मुख्य न्यायाधीश ने सुनवाई को अगले हफ्ते शुक्रवार तक के लिए टाल दिया है. केंद्र सरकार ने प्रदूषण से निपटने के लिए अध्यादेश भी जारी किया है. कोर्ट ने कहा कि सभी पक्ष अध्यादेश को ठीक से पढ़ लें उसके बाद सुनवाई होगी.

नया आयोग
दिल्ली-एनसीआर और उससे सटे राज्यों में प्रदूषण फैलाने वाले खबरदार हो जाएं. इसके लिए सरकार ने एक कमीशन बनाया है. इस कमीशन में इसरो के प्रतिनिधि भी होंगे. यह कमीशन ईपीसीए की जगह लेगा. कमीशन का हेडक्वार्टर दिल्ली में होगा और इसके आदेश को सिर्फ एनजीटी में ही चुनौती दी जा सकेगी. दिल्ली-एनसीआर, हरियाणा, पंजाब, राजस्थान और यूपी के प्रदूषण को देखते हुए यह कमीशन बनाया गया है.
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