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builder deepak gusain arrested for cheating people in the name of giving shop and flat nodss

घर का सपना दिखा इस बिल्डर ने 31 लोगों से ठगे थे करोड़ाें, जारी हुआ था लुकआउट नोटिस, अब...

लोगों को दुकान और फ्लैट देने के नाम पर 10 करोड़ रुपये ठगने वाला बिल्डर गिरफ्तार. (सांकेतिक फोटो)

लोगों को दुकान और फ्लैट देने के नाम पर 10 करोड़ रुपये ठगने वाला बिल्डर गिरफ्तार. (सांकेतिक फोटो)

हरियाणा के रेवाड़ी में बना रहा था परियोजना, आधे निर्माण में ही काम रोक कर हो गया था फरार. अब पुलिस ने एशियन डवलपर्स के दीपक गुसाईं को किया दिल्ली के तिलक नगर से गिरफ्तार.

हाइलाइट्स

दिल्ली के तिलक नगर इलाके से किया गया बिल्डर को गिरफ्तार.
शिकायत दर्ज होने के बाद कई सालों से चल रहा था फरार.

नई दिल्ली. दिल्ली पुलिस की आर्थिक अपराध शाखा ने हरियाणा के रेवाड़ी में रीयल एस्टेट परियोजना में फ्लैट और दुकान देने के नाम पर 31 लोगों के साथ 10 करोड़ रुपये से अधिक की कथित ठगी को लेकर 40 वर्षीय बिल्डर को गिरफ्तार किया है. अधिकारियों ने मंगलवार को यह जानकारी दी. अधिकारियों के अनुसार आरोपी दीपक गुसाईं उत्तर प्रदेश के गाजियाबाद का निवासी है. उन्होंने बताया कि गुसाईं फरार हो गया था जिसके बाद उसके खिलाफ लुक आउट नोटिस जारी किया गया था.

पुलिस के मुताबिक, गुसाईं ने 2012 में अपनी कंपनी एशियन डेवलपर्स प्राइवेट लिमिटेड के रेवाड़ी में रियल एस्टेट प्रोजेक्ट में फ्लैट और दुकानों की बुकिंग के लिए विज्ञापन दिया था. खरीदारों ने इनके लिए बुकिंग की और बाद में नियमित भुगतान किया, लेकिन निर्माण कार्य अप्रैल 2014 में रोक दिया गया था. पुलिस ने कहा कि कंपनी ने बड़े पैमाने पर जनता के सामने परियोजना के बारे में तथ्यों को गलत तरीके से प्रस्तुत किया और उन्हें इसमें निवेश करने के लिए प्रेरित किया. जबकि भूखंड आवंटन कंपनी को अपने कर्मियों के लिए आवासीय ईकाइयों के निर्माण के लिए किया गया था. बिल्डर ने निवेशकों को 27 महीने की तय समयसीमा में कब्जा देने का आश्वासन दिया था, लेकिन निर्माण रोक दिया गया और आरोपी गायब हो गया.

पुलिस उपायुक्त (आर्थिक अपराध शाखा) एम. आई. हैदर ने कहा, ”कथित कंपनी के खाते का विश्लेषण करने के बाद यह पाया गया कि घर खरीदारों का पैसा अलग-अलग खातों में भेजा गया था.” पुलिस अधिकारी ने बताया कि हरियाणा राज्य औद्योगिक एवं आधारभूत संरचना विकास निगम (एचएसआईआईडीसी) ने बताया कि कंपनी के कर्मचारियों के लिए आवासीय इकाइयों के निर्माण के लिए ही भूमि आवंटन किया गया था.

उन्होंने कहा,”नौ अगस्त को सूचना मिली थी कि गोसाईं तिलक नगर इलाके में आया है जिसके बाद उसे तिलक नगर मेट्रो स्टेशन के पास गिरफ्तार किया गया.” पुलिस के अनुसार कंपनी और इसके निदेशकों पर इसी तरह के तीन अन्य मामले भी दर्ज हैं. पुलिस ने कहा कि मामले में जांच जारी है.

Tags: Delhi news, Delhi police

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