सेंट्रल विस्टा के खिलाफ याचिका पर केंद्र ने दिया जवाब, कल सुनवाई करेगा हाई कोर्ट

सेंट्रल विस्टा प्रोजेक्ट के लिए फाइल तस्वीर

सेंट्रल विस्टा प्रोजेक्ट के लिए फाइल तस्वीर

अदालत ने कहा था कि उसे सुप्रीम कोर्ट (Supreme Court) के फैसले को ठीक से देखना होगा, लेकिन अब हाई कोर्ट दिल्ली में केंद्र सरकार द्वारा करवाए जा रहे महत्वाकांक्षी निर्माण के विरोध में जनहित याचिका पर सुनवाई करेगा.

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दिल्ली. देश भर में जबकि Covid-19 की दूसरी लहर का प्रकोप चरम की तरफ है, ऐसे में राष्ट्रीय राजधानी में सेंट्रल विस्टा प्रोजेक्ट (Central Vista Project) के तहत केंद्र सरकार भारी भरकम और खर्चीला निर्माण करवा रही है, जिसे रोकने की मांग करने वाली एक याचिका के संबंध में केंद्र ने अपना जवाब दाखिल कर दिया है. इस याचिका पर दिल्ली उच्च न्यायालय (Delhi High Court) ने बुधवार को सुनवाई करने की बात कही है.

इससे पहले, सेंट्रल विस्टा के निर्माण पर रोक लगाने के लिए दायर जनहित याचिका पर जल्द सुनवाई किए जाने की गुज़ारिश दिल्ली हाई कोर्ट से सोमवार को की गई थी. आज एएनआई ने ट्वीट किया कि कोर्ट ने बुधवार को इस पर सुनवाई करने को कहा है और यह भी हिदायत दी है कि जो जवाब केंद्र ने दायर किया है, उसे भी रिकॉर्ड में लिया जाए.

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दिल्ली हाई कोर्ट द्वारा सुनवाई किए जाने संबंधी ट्वीट.

क्या है पूरा मामला?

वरिष्ठ वकील सिद्धार्थ लूथरा ने मुख्य न्यायाधीश डीएन पटेल और न्यायमूर्ति जसमीत सिंह की पीठ के सामने उल्लेख किया था. लूथरा के मुताबिक उच्चतम न्यायालय (Supreme court) ने सात मई को याचिकाकर्ताओं से कहा था कि यदि याचिका पर शीघ्र सुनवाई चाहते हैं तो वे दिल्ली उच्च न्यायालय जाएं. इसी वजह से उन्होंने उच्च न्यायालय की शरण ली.

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इससे भी पहले हुआ यह था कि याचिकाकर्ताओं आन्या मल्होत्रा और सोहेल हाशमी को अदालत ने याचिका पर सुनवाई के लिए 17 मई की तारीख दी थी. और जल्दी सुनवाई की मांग करते हुए याचिकाकर्ता सुप्रीम कोर्ट गए थे. याचिका में दलील है कि यह परियोजना आवश्यक गतिविधि नहीं है इसलिए, महामारी के संकट के समय इसे रोका जाना चाहिए. यही नहीं, याचिका के मुताबिक निर्माण कार्य में कई लोग शामिल हैं, जिन्हें लगातार आवागमन करना पड़ रहा है, जिससे संक्रमण फैलने में तेज़ी आ सकती है.

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