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Nirbhaya Case: निर्भया के पिता बोले- हमने उम्मीद नहीं छोड़ी, फांसी से बच नहीं पाएंगे दोषी
Delhi-Ncr News in Hindi

भाषा
Updated: January 16, 2020, 8:26 PM IST
Nirbhaya Case: निर्भया के पिता बोले- हमने उम्मीद नहीं छोड़ी, फांसी से बच नहीं पाएंगे दोषी
निर्भया के चारों दोषियों को फांसी की सजा दी गई है. (NEWS 18 Graphics)

साल 2012 में दिल्ली में हुई निर्भया कांड (Nirbhaya Gang Rape Case) ने देशवासियों को झकझोर कर रख दिया था.

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नई दिल्ली. दिल्ली में साल 2012 में हुए बहुचर्चित निर्भया गैंगरेप केस (Nirbhaya Gang Rape Case) को लेकर निर्भया के पिता ने गुरुवार को कहा कि दोषी चाहे जितने भी कानूनी दांव पेंच अपना लें वह फांसी के तख्ते से बच नहीं पाएंगे.

निर्भया के पिता का बयान ऐसे समय आया है जब दिल्ली की एक अदालत ने तिहाड़ जेल अधिकारियों को गुरुवार को निर्देश दिया कि वे निर्भया गैंगरेप मामले में दोषी करार दिए गए चारों कैदियों को फांसी दिए जाने की स्थिति पर शुक्रवार तक रिपोर्ट सौंप दें.

एक दोषी द्वारा दया याचिका दायर करने के बाद 22 जनवरी को दोषियों को फांसी देने के मुद्दे पर जेल अधिकारियों ने दिल्ली सरकार को पत्र लिखा था. इसके बाद अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश सतीश कुमार अरोड़ा ने जेल अधिकारियों को निर्देश जारी किए

निर्भया के पिता ने कहा कि आगे की कार्रवाई पर अदालत शुक्रवार को फैसला करेगी. उन्होंने कहा, “हमने उम्मीद नहीं छोड़ी है. पीड़िता के परिवार के लिए कोई कानून नहीं है लेकिन दोषियों के लिए कानूनी प्रावधान उपलब्ध हैं, इसीलिए समस्याएं पैदा हो रही हैं.”



हालांकि उन्होंने कहा कि न्याय दूर नहीं है और उनकी (दोषियों की) फांसी दूर नहीं है. उन्हें फांसी के लिए तैयार रहना चाहिए. देर भले हो लेकिन उन्हें फांसी होगी.

क्या है मामला?

ये मामला दिसंबर 2012 का है. जब चलती बस में 23 साल की पैरामेडिकल स्टूडेंट के साथ छह लोगों ने गैंगरेप किया था. इस दौरान सभी ने मिलकर उसके साथ क्रूरतम व्यवहार किया था और उसे घायल अवस्था में मरने के लिए सड़क पर फेंक दिया था. घटना के कुछ दिनों बाद 'निर्भया' की इलाज के दौरान मौत हो गई थी. इस मामले में निचली अदालत ने आरोपियों को दोषी ठहराते हुए उन्‍हें फांसी की सजा सुनाई थी. इसके बाद यह मामला हाईकोर्ट और फिर सुप्रीम कोर्ट पहुंचा. हाईकोर्ट ने 13 मार्च 2014 को चारों दोषियों की अपील भी खारिज कर दी थी. शीर्ष अदालत ने वर्ष 2017 में दोषियों की याचिका खारिज कर दी थी. हाल ही में पटियाला हाउस कोर्ट ने चारों दोषियों का डेथ वॉरंट जारी कर दिया.

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First published: January 16, 2020, 8:23 PM IST
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