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dcw conducts surprise inspections at mcd schools and exposed where girls are forced to defecate in the open

DCW के औचक न‍िरीक्षण में खुली MCD स्‍कूलों की पोल, छात्राओं के टॉयलेट्स पर नहीं गेट, नशेड़‍ियों की फ्री एंट्री

शौचालयों में पानी का कनेक्शन नहीं होने के कारण लड़के-लड़कियां खुले में शौच के लिए मजबूर हैं.

शौचालयों में पानी का कनेक्शन नहीं होने के कारण लड़के-लड़कियां खुले में शौच के लिए मजबूर हैं.

MCD Schools Exposed: दिल्ली महिला आयोग ने देखा कि स्कूलों में एक भी चालू सीसीटीवी कैमरा नहीं था. स्कूलों के साथ-साथ शौचालय भी बेहद गंदे थे. कई जगहों पर फर्श पर मल-मूत्र फैला हुआ देखा गया और किसी भी शौचालय में साबुन नहीं था. साथ ही, कई शौचालय के गेट टूटे हुए थे या जिन्हें अंदर से बंद नहीं किया जा सकता था, जो बच्चों की सुरक्षा और निजता को लेकर गंभीर चिंता का विषय है. भाटी माइंस के स्कूल में लड़कियों के शौचालयों पर ताला लगा हुआ था और शौचालयों में पानी का कनेक्शन नहीं होने के कारण लड़के-लड़कियां खुले में शौच के लिए मजबूर हैं.

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    नई द‍िल्‍ली. द‍िल्‍ली मह‍िला आयोग (Delhi Commission for Women) की टीम ने द‍िल्‍ली नगर न‍िगम (Delhi Municipal Corporation) की चार स्‍कूलों की स्‍थ‍िति का जायजा ल‍िया. एमसीडी (MCD) के प्राइमरी स्‍कूल में लड़क‍ियों के साथ यौन शोषण की घटना के बाद डीसीडब्‍लू बच्‍च‍ियों की सुरक्षा को लेकर बेहद संजीदा नजर आ रही है. इसको लेकर आयोग की टीम ने स्कूलों में छात्राओं की सुरक्षा की स्थिति की जांच करने को लेकर न‍िरीक्षण क‍िए हैं. आयोग की एक टीम ने इन स्‍कूलों में घोर अन‍ियम‍ितताएं पाईं.

    बताते चलें क‍ि दिल्ली महिला आयोग की अध्यक्षा स्वाति मालीवाल, सदस्या प्रोमिला गुप्ता, सारिका चौधरी, फिरदोस खान और वंदना सिंह ने 20 मई और 21 मई 2022 को 4 एमसीडी स्कूलों का औचक न‍िरीक्षण क‍िया. इनमें भाई मंदीप नागपाल निगम विद्यालय, अरुणा नगर (उत्तर), निगम प्रतिभा सह शिक्षा विद्यालय, केवल पार्क (उत्तर), पूर्वी दिल्ली नगर निगम प्रतिभा विद्यालय, मुस्तफाबाद (पूर्वी), दक्षिण दिल्ली नगर निगम प्राथमिक सह बाल बालिका विद्यालय, संजय कॉलोनी, भाटी माइंस (दक्षिण) आद‍ि स्‍कूल प्रमुख रूप से शामि‍ल रहे.

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    आयोग की टीम ने पाया क‍ि स्कूलों की स्थिति दयनीय, ​​असुरक्षित और चिंताजनक है. प्रत्येक स्कूल के गेट खुले थे और स्कूलों में सुरक्षा गार्ड नहीं थे. अरुणा नगर के स्कूल में नशा करने वाले लोग कई बार स्कूल परिसर में घुस जाते हैं और अधिकारियों को धमकाते हैं. केवल पार्क के स्कूल में इस्तेमाल की गई सीरिंज, ड्रग्स, सिगरेट के डिब्बे, गुटखा के रैपर और यहां तक ​​की टूटी हुई शराब की बोतलें देखकर आयोग हैरान रह गया. आयोग ने इस मामले में तत्काल एफआईआर दर्ज करने की सिफारिश की है.

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    शौचालयों में पानी का कनेक्शन नहीं होने के कारण लड़के-लड़कियां खुले में शौच के लिए मजबूर हैं.

    अधिकांश स्कूल भवन गंभीर रूप से क्षतिग्रस्त और बच्चों के लिए असुरक्षित थे. केवल पार्क में स्कूल की बिना प्लास्टर वाली इमारत, जिसमें लगभग 800 छात्रों को रखा गया था, में 2018 में उत्तरी दिल्ली नगर निगम द्वारा एक बोर्ड लगाया गया था, जिसमें कहा गया था, “भवन के छज्जे छतिग्रस्त हैं, कृप्या दूरी बनाये रखें.” भवन में चेतावनी बोर्ड होने के बावजूद बच्चों को गंभीर जोखिम में डालकर वहां पढ़ाया जा रहा है. अरुणा नगर के स्कूल में छत और दीवारों के हिस्से कई बार गिर चुके हैं और बच्चे और स्टाफ कई बार बाल-बाल बचे हैं. भाटी माइंस में भीषण गर्मी में बच्चे टिन शेड में बैठने को विवश हैं.

    आयोग ने यह भी देखा कि स्कूलों में एक भी चालू सीसीटीवी कैमरा नहीं था. स्कूलों के साथ-साथ शौचालय भी बेहद गंदे थे. कई जगहों पर फर्श पर मल-मूत्र फैला हुआ देखा गया और किसी भी शौचालय में साबुन नहीं था. साथ ही, कई शौचालय के गेट टूटे हुए थे या जिन्हें अंदर से बंद नहीं किया जा सकता था, जो बच्चों की सुरक्षा और निजता को लेकर गंभीर चिंता का विषय है. भाटी माइंस के स्कूल में लड़कियों के शौचालयों पर ताला लगा हुआ था और शौचालयों में पानी का कनेक्शन नहीं होने के कारण लड़के-लड़कियां खुले में शौच के लिए मजबूर हैं.

    स्कूल में छत और दीवारों के हिस्से कई बार गिर चुके हैं और बच्चे और स्टाफ कई बार बाल-बाल बचे हैं. द‍िल्‍ली नगर न‍िगम, एमसीडी, दिल्ली महिला आयोग, डीसीडब्‍लू, स्वाति मालीवाल, सीसीटीवी कैमरे, एमसीडी स्‍कूल, नगर न‍िगम स्‍कूल, श‍िक्षा समाचार, द‍िल्‍ली समाचार, Municipal Corporation of Delhi, MCD, DCW, Delhi Commission for Women, Swati Maliwal, CCTV cameras, MCD School, Municipal School, Education News, Delhi News

    स्कूल में छत और दीवारों के हिस्से कई बार गिर चुके हैं और बच्चे और स्टाफ कई बार बाल-बाल बचे हैं.

    भाटी माइंस के स्कूल में यह देखा गया कि सुबह 9 बजे (स्कूल शुरू होने के 1.5 घंटे बाद भी) लड़कियों के लिए 9 में से 3 कक्षाओं में शिक्षक नहीं पहुंचे थे. तब तक स्कूल इंचार्ज भी स्कूल में मौजूद नहीं थे. छात्रों ने बताया कि शिक्षक आमतौर पर सुबह 9 बजे के बाद स्कूल आते हैं.

    सभी स्कूलों में कक्षाओं में छात्रों की काफी भीड़ थी और यह स्पष्ट था कि शिक्षक-छात्र अनुपात के मानदंडों का पालन नहीं किया जा रहा था. संभवतः पर्याप्त संख्या में शिक्षकों की कमी के कारण बच्चों को कुछ कमरों में गर्मी में एक साथ भर दिया जाता है, जबकि स्कूलों में कई कक्षाएं खाली लग रही थीं.

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    आयोग को बताया गया कि नगर निगम अपने स्कूल में पढ़ने वाले बच्चों के लिए सुबह साढ़े सात बजे से 11 बजे तक ग्रीष्मकालीन कक्षाएं चला रहा है. बावजूद इसके किसी भी विद्यालय में मध्याह्न भोजन नहीं दिया जा रहा था. अरुणा नगर के स्कूल में हमें प्रबंधन द्वारा बताया गया कि वे उत्तरी दिल्ली नगर निगम के आदेश के अनुसार प्रति छात्र प्रति दिन 2 केले प्रदान कर रहे थे, अन्य किसी भी स्कूल में ऐसा नहीं हो रहा था.

    भाटी माइंस के स्कूल में केवल एक ही जगह पर पीने का पानी उपलब्ध था और वह भी बहुत गंदा था. द‍िल्‍ली नगर न‍िगम, एमसीडी, दिल्ली महिला आयोग, डीसीडब्‍लू, स्वाति मालीवाल, सीसीटीवी कैमरे, एमसीडी स्‍कूल, नगर न‍िगम स्‍कूल, श‍िक्षा समाचार, द‍िल्‍ली समाचार, Municipal Corporation of Delhi, MCD, DCW, Delhi Commission for Women, Swati Maliwal, CCTV cameras, MCD School, Municipal School, Education News, Delhi News

    भाटी माइंस के स्कूल में केवल एक ही जगह पर पीने का पानी उपलब्ध था और वह भी बहुत गंदा था.

    आयोग ने यह भी पाया कि स्कूलों में उचित बेंच उपलब्ध नहीं थे. भाटी माइंस के स्कूल में कुछ छात्रों को डेस्क की कमी के कारण फर्श पर चटाई पर बैठने को मजबूर हैं. साथ ही, स्कूलों के अधिकांश डेस्क में लोहे की रॉड निकली हुई थीं, जिससे बच्चे घायल हो सकते थे.

    आयोग ने स्कूलों में उचित पेयजल की अनुपलब्धता के मुद्दे को देखा. भाटी माइंस के स्कूल में केवल एक ही जगह पर पीने का पानी उपलब्ध था और वह भी बहुत गंदा था.

    आयोग ने एमसीडी कम‍िश्‍नर से मांगी दो जून तक र‍िपोर्ट
    आयोग ने मामले में दिल्ली नगर निगम आयुक्त को नोटिस जारी किया है और 2 जून तक विस्तृत कार्रवाई रिपोर्ट मांगी है. आयोग ने स्कूलों की बदहाली के लिए जिम्मेदार अधिकारियों का ब्योरा भी मांगा है और नगर निगम से उनके खिलाफ कार्रवाई करने को कहा है.

    Tags: Delhi Commission for Women, Delhi MCD, Delhi news, Delhi School, MCD, Swati Maliwal

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