दिल्‍ली: गुरुद्वारा बंगला साहिब में जरूरतमंद ले सकेंगे सस्‍ती दवाएं, 29 अगस्‍त से दवाखाने की शुरुआत
Delhi-Ncr News in Hindi

दिल्‍ली: गुरुद्वारा बंगला साहिब में जरूरतमंद ले सकेंगे सस्‍ती दवाएं, 29 अगस्‍त से दवाखाने की शुरुआत
भविष्‍य में अन्‍य जगहों पर भी ऐसे दवाखाने खोले जाएंगे. (फाइल फोटो)

गुरुद्वारा परिसर में बाला प्रीतम (Pritam) नाम से दवाई की दुकान खोली जाएगी. यहां से लोग सस्‍ती दरों पर दवाइयां (Medicines) ले सकेंगे.

  • News18Hindi
  • Last Updated: August 26, 2020, 7:57 AM IST
  • Share this:
नई दिल्‍ली. दिल्‍ली सिख गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी (DSGPC) ने जरूरतमंदों के हित में बड़ा फैसला लिया है. कमेटी ने सस्‍ती दरों पर दवाइयां मुहैया कराने का फैसला किया है. इसके लिए गुरुद्वारा परिसर में बाला प्रीतम (Pritam) नाम से दवाई की दुकान खोली जाएगी. यहां से लोग सस्‍ती दरों पर दवाइयां (Medicines) ले सकेंगे. जानकारी के मुताबिक, इसकी शुरुआत 29 अगस्‍त से की जाएगी. भविष्‍य में अन्‍य जगहों पर भी ऐसे दवाखाने खोले जाएंगे. कमेटी के अध्‍यक्ष मनजिंदर सिंह सिरसा ने बताया कि कोरोना वायरस के संक्रमण काल में DSGPC लंगर सेवा के जरिये लोगों की सेवा कर रही है और अब सस्‍ती दरों पर दवाइयां उपलब्‍ध कराने का फैसला किया है.

दरअसल, जब देश में कोरोना वायरस के चलते संपूर्ण लॉकडान लगा था तो गुरुद्वारा बंगला साहिब सहित अन्य गुरुद्वारों ने विशेष रूप से हजारों लोगों को रोज खाना खिलाया था. साथ अन्य वस्तुओं से भी जरुरतमंदों की मदद की थी. तब दिल्ली सिख गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी के डीजीएम (राशन-स्टोर) इकबाल सिंह ने बताया था कि गुरुद्वारे में भोजन करने वालों का संख्या के रूप में हिसाब नहीं रखा जाता. न ही कोई टोकन सिस्टम है, जिससे ये पता लगाया जा सके कि कुल कितने लोगों ने खाना खाया. लेकिन भोजन बनाने के दौरान लगने वाले राशन से लोगों की संख्या का अनुमान लगाया जा सकता है.

गुरुद्वारों में 20-22 क्विंटल आटे की रोजाना रोटियां बनाई जाती थीं
तब सिंह ने बताया था कि लॉकडाउन और अब अनलॉक में लंगर में लगने वाला राशन अन्य दिनों के मुकाबले दोगुना हो गया है. मार्च से पहले तक दिल्ली के सभी गुरुद्वारों में 20-22 क्विंटल आटे की रोजाना रोटियां बनाई जाती थीं. जबकि लॉकडाउन में करीब 50 क्विंटल आटा रोजाना लगा है. इसके साथ ही करीब 30 क्विंटल चावल और 20-25 क्विंटल दाल और 20 क्विंटल सब्जी का रोजाना खर्च हुआ है. लॉकडाउन में अकेले श्री बंगला साहिब गुरुद्वारा (Sri Bangla Sahib Gurudwara) में ही रोज 25 क्विंटल आटे की रोटियां रोजाना बनाई गई थीं. लेकिन अब अनलॉक में हर रोज आटे की खपत घटकर 15 से 20 क्विंटल तक की रह गईं.
अगली ख़बर

फोटो

टॉप स्टोरीज