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NCRB Data: रोड एक्‍सीडेंट से देशभर में दिल्ली में हुईं सबसे अधिक मौतें, सुसाइड के मामले भी बढ़े

NCRB Data: रोड एक्‍सीडेंट से देशभर में दिल्ली में हुईं सबसे अधिक मौतें, सुसाइड के मामले भी बढ़े

देशभर में रोड एक्‍सीडेंट में सबसे अधिक लोगों ने दिल्‍ली में जान गंवाई है.

देशभर में रोड एक्‍सीडेंट में सबसे अधिक लोगों ने दिल्‍ली में जान गंवाई है.

NCRB Data: नेशनल क्राइम रिकॉर्ड ब्यूरो (NCRB) की ताजा रिपोर्ट के मुताबिक, दिल्‍ली में पिछले साल देश के 53 बड़े शहरों के मुकाबले ज्‍यादा रोड एक्‍सीडेंट (Road Accident in Delhi) हुए हैं. अगर देश की बात करें तो वर्ष 2020 के दौरान भारत में रोड एक्‍सीडेंट के 3,54,796 मामले दर्ज किए गए जिनमें 1,33,201 लोगों की मौत हुई और 3,35,201 लोग घायल हुए. यही नहीं, दिल्‍ली में पिछले साल कुल 3142 लोगों ने सुसाइड किया, जो कि 2019 के मुकाबले 24.8 फीसदी अधिक हैं.

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    नई दिल्‍ली. राजधानी दिल्‍ली में देश के 53 बड़े शहरों के मुकाबले साल 2020 में सड़क हादसों (Road Accident in Delhi) में सबसे ज्यादा मौतें हुई हैं. यही नहीं,सुसाइड की दर में भी करीब 25 प्रतिशत का इजाफा हो गया. नेशनल क्राइम रिकॉर्ड ब्यूरो (NCRB) की ताजा रिपोर्ट के मुताबिक, आग लगने और ट्रेनों से कटकर मरने की घटनाओं में भी दिल्ली बाकी तीनों महानगरों और देश के दूसरे बड़े शहरों से काफी आगे है.

    नेशनल क्राइम रिकॉर्ड ब्यूरो ने पिछले साल देश के सभी राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में दुर्घटनावश और सुसाइड की वजह से हुई मौतों का विस्तृत ब्योरा जारी किया है. इस रिपोर्ट के मुताबिक, दिल्ली देश के उन चंद राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में शामिल है, जहां पिछले साल किसी किसान या खेतिहर मजदूर ने खुदकुशी नहीं की. हालांकि रोड एक्‍सीडेंट के मामले में दिल्‍ली देश के 53 बड़े शहरों में सबसे टॉप पर है. इन हादसों में 1151 लोगों की मौत हो गई, जो सभी शहरों में सड़क हादसों में हुई मौतों के 10 फीसदी के बराबर है. जबकि 872 लोगों की मौत के साथ चेन्‍नई दूसरे नंबर पर है

    हाईस्‍पीड लोगों की जान पर भारी
    नेशनल क्राइम रिकॉर्ड ब्यूरो की रिपोर्ट के मुताबिक, रोड एक्‍सीडेंट में ओवर स्‍पीडिंग की वजह से 54.8 प्रतिशत हादसे हुए हैं, तो वहीं 27.6 प्रतिशत हादसे खतरनाक तरीके और लापरवाही से गाड़ी चलाने की वजह से हुए हैं. इसके अलावा शराब पीकर गाड़ी चालने की वजह से 4 फीसदी हादसे पेश आए हैं.

    दिल्ली में पिछले साल कुल 3142 लोगों ने किया सुसाइड
    राजधानी दिल्ली में पिछले साल कुल 3142 लोगों ने सुसाइड किया, जो कि 2019 के मुकाबले 24.8 फीसदी अधिक हैं. यही नहीं, महानगरों में करीब 34 प्रतिशत मामलों में घरेलू कारणों के चलते लोगों ने जान दी. इसके अलावा करीब 18 प्रतिशत लोगों ने बीमारी के कारण सुसाइड किया है. यही नहीं, देश के 53 शहरों में कुल 999 लोगों की मौत ट्रेन की चपेट में आने से हुई है. इनमें से 52.7 फीसदी हादसे अकेले दिल्ली में हुए हैं. दिल्‍ली में पिछले साल हुई 128 घटनाओं में 102 लोगों की मौत हुई, तो 182 लोग घायल हुए.

    देश का ऐसा रहा हाल
    भारत में वर्ष 2020 के दौरान दुर्घटना में मौत के 3,74,397 मामले दर्ज किए जिनमें से 35 फीसदी मौतें सड़क दुर्घटनाओं में हुईं हैं. एनसीआरबी के आंकड़ों के मुताबिक, वर्ष 2020 के दौरान 2019 की तुलना में दुर्घटना में मौत के मामलों की संख्या कम रही जोकि 2019 में 4,21,104 दर्ज की गईं थी. दुर्घटना में मौत की दर वर्ष 2020 के दौरान प्रति लाख आबादी पर 27.7 रही, जोकि पिछले साल 31.4 की तुलना में कम रही है. एनसीआरबी के मुताबिक, वर्ष 2020 के दौरान भारत में सड़क दुर्घटना के 3,54,796 मामले दर्ज किए गए जिनमें 1,33,201 लोगों की मौत हुई और 3,35,201 लोग घायल हुए. इसके मुताबिक, 60 फीसदी से अधिक सड़क हादसों का कारण तेज गति से वाहन चलाना रहा और इन हादसों में 75,333 लोगों की मौत हुई जबकि 2,09,736 लोग घायल हुए.

    एनसीआरबी के मुताबिक, सड़क दुर्घटनाओं के शिकार लोगों में से 43.6 फीसदी दोपहिया वाहनों के सवार थे, जिसके बाद कार, ट्रक या लॉरी और बसों के साथ हुए हादसे के कारण क्रमश: 13.2 फीसदी, 12.8 फीसदी और 3.1 फीसदी मौतें हुईं.

    Tags: Delhi news, Delhi news live, Delhi news today, NCRB, NCRB Report, Road Accidents, Suicide Case

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